{"_id":"66b25a78d818cf72df01cd0e","slug":"not-even-one-in-panchayatnama-14-injuries-were-revealed-in-pm-badaun-news-c-123-1-sbly1004-123688-2024-08-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Budaun News: पंचायतनामा में एक भी नहीं, पीएम में 14 चोटें सामने आईं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Budaun News: पंचायतनामा में एक भी नहीं, पीएम में 14 चोटें सामने आईं
विज्ञापन
बदायूं। फैजगंज बेहटा क्षेत्र में ढाबा की चारपाई पर मृत मिले वृद्ध की पोस्टमार्टम (पीएम) रिपोर्ट ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। पुलिस ने जो पंचायतनामा भरा था उसमें एक भी चोट अंकित नहीं की गई थी, जबकि वृद्ध की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 14 चोटें सामने आईं हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए पुलिस सोमवार देर शाम वृद्ध के शव को दोबारा उठा लाई और पोस्टमार्टम हाउस पर लाकर रख दिया। उधर, पुलिस के पीछे-पीछे आए परिवार वाले इसके विरोध में उतर आए। रात करीब एक बजे कचहरी तिराहे पर आकर धरने पर बैठ गए, जिससे पुलिस ने वृद्ध के शव का दोबारा पोस्टमार्टम नहीं कराया। बाद में वृद्ध की बेटी की तहरीर पर आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ गैरइरादतन हत्या के आरोप में एफआईआर दर्ज कर ली।
थाना क्षेत्र के गांव सिसरका निवासी रामकृपाल (65) सोमवार सुबह फैजगंज बेहटा थाने से कुछ दूर एक ढाबे की चारपाई पर मृत पड़े मिले थे। परिवार वालों का कहना था कि रामकृपाल रविवार रात घर पर सो रहे थे। देर रात उन्हें ऐसा लगा था कि उनके घर में कोई जंगली जानवर घुस आया है। इस पर उन्होंने टार्च जलाकर इधर-उधर देखा। इसी बात पर उनके पड़ोसी सुशेंद्र और उसके पिता गिरिराज ने गालीगलौज करते हुए उनके साथ मारपीट कर दी थी।
जब वह रविवार रात को ही शिकायत करने थाने आ रहे थे तो उन्हें घेरकर फिर से पीटा था। जख्मी हालत में ही वह थाने पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने रात में कार्रवाई करने से मना कर दिया। इस पर वह ढाबा की चारपाई पर जाकर लेट गए थे। सुबह वह चारपाई पर मृत मिले तो दोपहर के समय पुलिस ने उनके शव का पोस्टमार्टम करा दिया।
विज्ञापन
पुलिस का कहना था कि उनके शरीर पर एक भी चोट का निशान नहीं था, लेकिन जब शाम को पोस्टमार्टम रिपोर्ट थाने पहुंची तो उसमें वृद्ध के शरीर पर अलग-अलग जगह 14 चोटें बताई गईं। यह देखकर पुलिस हैरान रह गई। देर शाम को पुलिस उनके शव को दोबारा पोस्टमार्टम कराने के लिए उठा लाई। इसके बाद परिवार वाले भी उनके पीछे-पीछे आ गए।
वह दोबारा पोस्टमार्टम कराने के विरोध में कचहरी तिराहे पर पुलिस चौकी के सामने ही धरने पर बैठ गए। हालांकि इस दौरान बहुत कम वाहन चल रहे थे, जिससे जाम नहीं लग पाया। सूचना पर सिविल लाइंस इंस्पेक्टर संजय कुमार सिंह मौके पर पहुंच गए। इससे पहले ही फैजगंज बेहटा पुलिस ने उन्हें समझाकर शांत करा दिया। फिर बिना पोस्टमार्टम कराए ही शव परिवार वालों के हवाले कर दिया।
उधर, पुलिस ने देर रात वृद्ध की बेटी उर्मिला की तहरीर पर सुशेंद्र और उसके पिता गिरिराज के खिलाफ गैरइरादतन हत्या के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली। इंस्पेक्टर जवाहरलाल वर्मा ने बताया कि इसमें तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। वृद्ध के शरीर पर एक भी चोट का निशान नहीं था, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 14 चोटें दिखाई गईं हैं। अब जो भी है, इसमें विवेचना के आधार पर कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
थाना क्षेत्र के गांव सिसरका निवासी रामकृपाल (65) सोमवार सुबह फैजगंज बेहटा थाने से कुछ दूर एक ढाबे की चारपाई पर मृत पड़े मिले थे। परिवार वालों का कहना था कि रामकृपाल रविवार रात घर पर सो रहे थे। देर रात उन्हें ऐसा लगा था कि उनके घर में कोई जंगली जानवर घुस आया है। इस पर उन्होंने टार्च जलाकर इधर-उधर देखा। इसी बात पर उनके पड़ोसी सुशेंद्र और उसके पिता गिरिराज ने गालीगलौज करते हुए उनके साथ मारपीट कर दी थी।
विज्ञापन
जब वह रविवार रात को ही शिकायत करने थाने आ रहे थे तो उन्हें घेरकर फिर से पीटा था। जख्मी हालत में ही वह थाने पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने रात में कार्रवाई करने से मना कर दिया। इस पर वह ढाबा की चारपाई पर जाकर लेट गए थे। सुबह वह चारपाई पर मृत मिले तो दोपहर के समय पुलिस ने उनके शव का पोस्टमार्टम करा दिया।
विज्ञापन
पुलिस का कहना था कि उनके शरीर पर एक भी चोट का निशान नहीं था, लेकिन जब शाम को पोस्टमार्टम रिपोर्ट थाने पहुंची तो उसमें वृद्ध के शरीर पर अलग-अलग जगह 14 चोटें बताई गईं। यह देखकर पुलिस हैरान रह गई। देर शाम को पुलिस उनके शव को दोबारा पोस्टमार्टम कराने के लिए उठा लाई। इसके बाद परिवार वाले भी उनके पीछे-पीछे आ गए।
वह दोबारा पोस्टमार्टम कराने के विरोध में कचहरी तिराहे पर पुलिस चौकी के सामने ही धरने पर बैठ गए। हालांकि इस दौरान बहुत कम वाहन चल रहे थे, जिससे जाम नहीं लग पाया। सूचना पर सिविल लाइंस इंस्पेक्टर संजय कुमार सिंह मौके पर पहुंच गए। इससे पहले ही फैजगंज बेहटा पुलिस ने उन्हें समझाकर शांत करा दिया। फिर बिना पोस्टमार्टम कराए ही शव परिवार वालों के हवाले कर दिया।
उधर, पुलिस ने देर रात वृद्ध की बेटी उर्मिला की तहरीर पर सुशेंद्र और उसके पिता गिरिराज के खिलाफ गैरइरादतन हत्या के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली। इंस्पेक्टर जवाहरलाल वर्मा ने बताया कि इसमें तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। वृद्ध के शरीर पर एक भी चोट का निशान नहीं था, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 14 चोटें दिखाई गईं हैं। अब जो भी है, इसमें विवेचना के आधार पर कार्रवाई होगी।