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मां का प्रेमी निकला गुलड़िया के मासूम परमजीत का हत्यारा
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मूसाझाग (बदायूं)। ढाई माह पहले गुलड़िया कस्बे में अपहरण के बाद मारे गए साढ़े चार वर्षीय परमजीत हत्याकांड का पुलिस ने शनिवार को खुलासा कर दिया। मासूम की हत्या करने वाले और कोई नहीं उसकी मां और प्रेमी निकले। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
गुलड़िया कस्बा निवासी सत्यपाल का साढ़े चार वर्षीय बेटा परमजीत 25 फरवरी 2020 की सुबह नौ बजे अचानक लापता हो गया था। शाम के समय सत्यपाल खेत से लौटे तो उन्हें इस बारे में पता चला। उन्होंने थाने जाकर इसकी गुमशुदगी दर्ज कराई और बालक को खोजते रहे। दूसरे दिन परमजीत का शव कस्बे के बाहर पानी भरे गड्ढे में पड़ा मिला था। उसके दोनों हाथ टेप से बंधे थे। मुंह में रुई ठूंसकर टेप चिपका दी गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसकी मौत गला दबाकर हत्या बताई गई थी। पुलिस ने जब छानबीन की तो शुरुआत में ही मामला प्रेम प्रसंग का लग रहा था लेकिन पुलिस को सुबूत नहीं मिले थे। शनिवार सुबह पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा करते हुए मासूम परमजीत की मां सुनीता और पड़ोसी सौरभ पुत्र सुभाष को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सौरभ ने बताया कि उसके सुनीता से अवैध संबंध थे। पड़ोस में उसका घेर है। 25 फरवरी की सुबह जैसे ही सत्यपाल खेत पर गए कि सुनीता उसके घेर में पहुंच गई। परमजीत भी पीछे-पीछे पहुंच गया। उसने अपनी मां को उसके साथ देख लिया था। जिसके बाद सौरभ ने परमजीत को पकड़ लिया और उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। फिर रात में उसके शव को गड्ढे में फेंक दिया।
मासूम परमजीत की हत्या मां और उसके प्रेमी ने मिलकर की थी। बच्चा नहीं जानता था कि उसकी मां क्या कर रही है। वह समझा कि आरोपी उसकी मां को मारने आया है। इससे वह चीख पड़ा था। बात न खुले इस डर से दोनों ने बच्चे को मार दिया। फिर लाश को गड्ढे में फेंक दिया था। दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। - ललित भाटी, एसओ मूसाझाग
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गुलड़िया कस्बा निवासी सत्यपाल का साढ़े चार वर्षीय बेटा परमजीत 25 फरवरी 2020 की सुबह नौ बजे अचानक लापता हो गया था। शाम के समय सत्यपाल खेत से लौटे तो उन्हें इस बारे में पता चला। उन्होंने थाने जाकर इसकी गुमशुदगी दर्ज कराई और बालक को खोजते रहे। दूसरे दिन परमजीत का शव कस्बे के बाहर पानी भरे गड्ढे में पड़ा मिला था। उसके दोनों हाथ टेप से बंधे थे। मुंह में रुई ठूंसकर टेप चिपका दी गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसकी मौत गला दबाकर हत्या बताई गई थी। पुलिस ने जब छानबीन की तो शुरुआत में ही मामला प्रेम प्रसंग का लग रहा था लेकिन पुलिस को सुबूत नहीं मिले थे। शनिवार सुबह पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा करते हुए मासूम परमजीत की मां सुनीता और पड़ोसी सौरभ पुत्र सुभाष को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सौरभ ने बताया कि उसके सुनीता से अवैध संबंध थे। पड़ोस में उसका घेर है। 25 फरवरी की सुबह जैसे ही सत्यपाल खेत पर गए कि सुनीता उसके घेर में पहुंच गई। परमजीत भी पीछे-पीछे पहुंच गया। उसने अपनी मां को उसके साथ देख लिया था। जिसके बाद सौरभ ने परमजीत को पकड़ लिया और उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। फिर रात में उसके शव को गड्ढे में फेंक दिया।
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मासूम परमजीत की हत्या मां और उसके प्रेमी ने मिलकर की थी। बच्चा नहीं जानता था कि उसकी मां क्या कर रही है। वह समझा कि आरोपी उसकी मां को मारने आया है। इससे वह चीख पड़ा था। बात न खुले इस डर से दोनों ने बच्चे को मार दिया। फिर लाश को गड्ढे में फेंक दिया था। दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। - ललित भाटी, एसओ मूसाझाग
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