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जुनैद का मामा ही निकला अपहरणकर्ता
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पुलिस लाइन सभागार में अपहरण का खुलासा करते एसएसपी (आरोपी शाहरुख चेकदार शर्ट पहने हुए)। संवाद
- फोटो : BADAUN
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बदायूं। मुड़िया धुरेकी से छह साल के बालक जुनैद का अपहरण करने वाला कोई और नहीं उसकी मां का ममेरा भाई था। उसने प्रधानमंत्री आवास योजना के मिले दो लाख रुपये हड़पने के लिए साजिश रची थी। उसने जुनैद को अपने घर में शराब पिलाकर बंधक बना लिया, जब पुलिस ने मोबाइल की लोकेशन खंगाली तो वह पकडा गया। थाना पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
रविवार दोपहर एसएसपी डॉ. ओपी सिंह ने जुनैद अपहरण कांड का खुलासा किया। कहा कि शनिवार अपराह्न पुलिस को सूचना मिली कि मुड़िया धुरेकी से छह साल के जुनैद का अपहरण हो गया है। कॉल करने वाले ने डेढ़ लाख रुपये की फिरौती चंदौसी में आकर देने को कहा है। जिस नंबर से फोन आया, उसे ट्रेस किया गया। वह नंबर कस्बे के वजीर के नाम पर रजिस्टर्ड था और उनका बेटा यूसुफ मोबाइल चला रहा था। उन दोनों को हिरासत मेें लेकर थाने लाकर पूछताछ की गई तो यूसुफ ने बताया कि उसका मोबाइल सितंबर में चोरी हो गया था। उसके पास मोबाइल नहीं है। पुलिस ने सर्विलांस टीम के सहयोग से मुड़िया धुरेकी की घेराबंदी की। तब शाहरुख पुत्र निजामुद्दीन पकड़ा गया। उसके चाचा के खंडहरनुमा घर में जुनैद बेहोशी की हालत में मिला। उसके पास से मोबाइल भी बरामद हो गया लेकिन उसने इससे पहले दांतों से सिम चबा डाला।
शाहरुख जुनैद की मां का ममेरा भाई है। पूछताछ में उसने बताया कि जुनैद की मां को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत दो लाख रुपये मिले थे। जुनैद उसके घर के बाहर खेल रहा था। तभी उसने यह योजना बनाई और जुनैद को बहाने से शराब पिलाकर अपने चाचा के खंडहरनुमा घर में चारपाई पर लिटा दिया। बालक उसके ही घर में सो गयॉ। शाहरुख के पास चबाए गए सिम के अलावा एक और सिम मिला। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसएसपी ने खुलासा करने वाली टीम को दस हजार रुपये का इनाम दिया है। इस खुलासे के दौरान एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा, सीओ बिसौली विनय कुमार सिंह चौहान, एसओ सुरेश चंद्र गौतम और उनकी टीम मौजूद रही।
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मुड़िया धुरेकी में बच्चे का अपहरण करने वाला उसका मामा निकला है। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके पास से दो सिम और एक मोबाइल बरामद हुआ है। उसने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिले दो लाख रुपये हड़पने के लिए ये साजिश रची थी।
- डॉ. ओपी सिंह, एसएसपी
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रविवार दोपहर एसएसपी डॉ. ओपी सिंह ने जुनैद अपहरण कांड का खुलासा किया। कहा कि शनिवार अपराह्न पुलिस को सूचना मिली कि मुड़िया धुरेकी से छह साल के जुनैद का अपहरण हो गया है। कॉल करने वाले ने डेढ़ लाख रुपये की फिरौती चंदौसी में आकर देने को कहा है। जिस नंबर से फोन आया, उसे ट्रेस किया गया। वह नंबर कस्बे के वजीर के नाम पर रजिस्टर्ड था और उनका बेटा यूसुफ मोबाइल चला रहा था। उन दोनों को हिरासत मेें लेकर थाने लाकर पूछताछ की गई तो यूसुफ ने बताया कि उसका मोबाइल सितंबर में चोरी हो गया था। उसके पास मोबाइल नहीं है। पुलिस ने सर्विलांस टीम के सहयोग से मुड़िया धुरेकी की घेराबंदी की। तब शाहरुख पुत्र निजामुद्दीन पकड़ा गया। उसके चाचा के खंडहरनुमा घर में जुनैद बेहोशी की हालत में मिला। उसके पास से मोबाइल भी बरामद हो गया लेकिन उसने इससे पहले दांतों से सिम चबा डाला।
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शाहरुख जुनैद की मां का ममेरा भाई है। पूछताछ में उसने बताया कि जुनैद की मां को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत दो लाख रुपये मिले थे। जुनैद उसके घर के बाहर खेल रहा था। तभी उसने यह योजना बनाई और जुनैद को बहाने से शराब पिलाकर अपने चाचा के खंडहरनुमा घर में चारपाई पर लिटा दिया। बालक उसके ही घर में सो गयॉ। शाहरुख के पास चबाए गए सिम के अलावा एक और सिम मिला। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसएसपी ने खुलासा करने वाली टीम को दस हजार रुपये का इनाम दिया है। इस खुलासे के दौरान एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा, सीओ बिसौली विनय कुमार सिंह चौहान, एसओ सुरेश चंद्र गौतम और उनकी टीम मौजूद रही।
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मुड़िया धुरेकी में बच्चे का अपहरण करने वाला उसका मामा निकला है। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके पास से दो सिम और एक मोबाइल बरामद हुआ है। उसने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिले दो लाख रुपये हड़पने के लिए ये साजिश रची थी।
- डॉ. ओपी सिंह, एसएसपी