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बिलहरी में वायरल का प्रकोप, बड़ी संख्या में लोग बीमार
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बिलहरी में दवाओं का छिड़काव करता कर्मचारी। संवाद
- फोटो : BADAUN
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बदायूं। बदलते मौसम में बीमारियों का प्रकोप बढ़ रहा है, लेकिन संक्रामक बीमारियां फैलने से रोकने के लिए जिन विभागों के पास जिम्मेदारी है वे गंभीर नजर नहीं आ रहे।
गांवों में जल निकासी की व्यवस्था न होने से कीचड़ और गंदगी पसरी है। बदायूं पहले से ही संक्रामक बीमारियों के लिहाज से हाईरिस्क श्रेणी में शामिल है। जगत ब्लॉक के गांव रायपुर में बुखार से महिला की मौत के बाद म्याऊं ब्लॉक के गांव बिलहरी में वायरल फीवर और संक्रामक बीमारियों का प्रकोप बढ़ने लगा है। यहां काफी संख्या में बच्चों के साथ बड़े भी संक्रामक बीमारियों की चपेट में हैं।
म्याऊं, जगत, सालारपुर, दातागंज, समरेर, सालारपुर ब्लॉकों के दो सौ से ज्यादा गांव संक्रामक बीमारियों के लिहाज से संवेदनशील हैं। हर वर्ष यहां बीमारियों का प्रकोप होता है। काफी लोगों की जान भी जाती है। इस वर्ष भी संक्रामक बीमारियों के साथ वायरल फीवर का प्रकोप शुरू हो गया है। जगत के रायपुर, ललबुझिया, हथिनी भूड़, म्याऊं के बिलहरी, उझानी के नरऊ, बसोमा, सालारपुर के शेरगंज गांवों में वायरल फीवर फैल गया है। बिलहरी गांव में कल्लू खां (53), फरहत अली (24), रूबी (26), दो वर्षीय शिफान, आठ वर्षीय फालिहा, गुड्डन वायरल फीवर की चपेट में हैं। अन्य गांवों में भी लोगों को वायरल फीवर ने जद में लिया है।
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रायपुर गांव में महिला की टायफाइड और दहगवां ब्लॉक के भवानीपुर खल्ली में बच्चे की जापानी इंसेफेलाइटिस से मौत के बाद एक दो बार यहां स्वास्थ्य विभाग की टीमें पहुंचीं, लेकिन बाद में मुंह मोड़ लिया। हर बार संक्रामक बीमारियों से मौतों का सिलसिला शुरू होने के बाद ही स्वास्थ्य विभाग को याद आती है।
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हथिनीभूड़ में हेल्थ कैंप, दवाओं का छिड़काव कराया
जगत ब्लॉक के गांव हथिनीभूड़ में शनिवार को हेल्थ कैंप लगा कर ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। मलेरिया की जांच के लिए यहां ग्रामीणों के सैंपल भी लिए गए। गांव में वायरल फीवर से पीड़ित लोग मिले हैं। मलेरिया विभाग की ओर से मलेरिया जांच के लिए स्लाइड तैयार करने के साथ गांव में मच्छर और लार्वा नाशक दवाओं का छिड़काव भी कराया गया है। समरेर में भी शनिवार को मलेरिया विभाग की टीमों ने दवाओं का छिड़काव कराया। गौर करने की बात यह है कि जिस तेजी से संक्रामक बीमारियों को प्रकोप बढ़ रहा है उसके अनुसार हेल्थ कैंपों का आयोजन नहीं हो रहा।
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हेल्थ कैंप का आयोजन किया जा रहा है। अभी जिले में संक्रामक रोगों के फैलने जैसी कोई बात नहीं है। एक दो रोगी मिलना आम बात है। जहां भी रोगी मिल रहे हैं वहां टीमों को भेजा जा रहा है। मलेरिया विभाग भी दवाओं का छिड़काव कर रहा है। इस वर्ष संक्रामक रोग काफी हद तक नियंत्रण में हैं।
- डॉ. प्रमोद कुमार, प्रभारी सीएमओ
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गांवों में जल निकासी की व्यवस्था न होने से कीचड़ और गंदगी पसरी है। बदायूं पहले से ही संक्रामक बीमारियों के लिहाज से हाईरिस्क श्रेणी में शामिल है। जगत ब्लॉक के गांव रायपुर में बुखार से महिला की मौत के बाद म्याऊं ब्लॉक के गांव बिलहरी में वायरल फीवर और संक्रामक बीमारियों का प्रकोप बढ़ने लगा है। यहां काफी संख्या में बच्चों के साथ बड़े भी संक्रामक बीमारियों की चपेट में हैं।
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म्याऊं, जगत, सालारपुर, दातागंज, समरेर, सालारपुर ब्लॉकों के दो सौ से ज्यादा गांव संक्रामक बीमारियों के लिहाज से संवेदनशील हैं। हर वर्ष यहां बीमारियों का प्रकोप होता है। काफी लोगों की जान भी जाती है। इस वर्ष भी संक्रामक बीमारियों के साथ वायरल फीवर का प्रकोप शुरू हो गया है। जगत के रायपुर, ललबुझिया, हथिनी भूड़, म्याऊं के बिलहरी, उझानी के नरऊ, बसोमा, सालारपुर के शेरगंज गांवों में वायरल फीवर फैल गया है। बिलहरी गांव में कल्लू खां (53), फरहत अली (24), रूबी (26), दो वर्षीय शिफान, आठ वर्षीय फालिहा, गुड्डन वायरल फीवर की चपेट में हैं। अन्य गांवों में भी लोगों को वायरल फीवर ने जद में लिया है।
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रायपुर गांव में महिला की टायफाइड और दहगवां ब्लॉक के भवानीपुर खल्ली में बच्चे की जापानी इंसेफेलाइटिस से मौत के बाद एक दो बार यहां स्वास्थ्य विभाग की टीमें पहुंचीं, लेकिन बाद में मुंह मोड़ लिया। हर बार संक्रामक बीमारियों से मौतों का सिलसिला शुरू होने के बाद ही स्वास्थ्य विभाग को याद आती है।
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हथिनीभूड़ में हेल्थ कैंप, दवाओं का छिड़काव कराया
जगत ब्लॉक के गांव हथिनीभूड़ में शनिवार को हेल्थ कैंप लगा कर ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। मलेरिया की जांच के लिए यहां ग्रामीणों के सैंपल भी लिए गए। गांव में वायरल फीवर से पीड़ित लोग मिले हैं। मलेरिया विभाग की ओर से मलेरिया जांच के लिए स्लाइड तैयार करने के साथ गांव में मच्छर और लार्वा नाशक दवाओं का छिड़काव भी कराया गया है। समरेर में भी शनिवार को मलेरिया विभाग की टीमों ने दवाओं का छिड़काव कराया। गौर करने की बात यह है कि जिस तेजी से संक्रामक बीमारियों को प्रकोप बढ़ रहा है उसके अनुसार हेल्थ कैंपों का आयोजन नहीं हो रहा।
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हेल्थ कैंप का आयोजन किया जा रहा है। अभी जिले में संक्रामक रोगों के फैलने जैसी कोई बात नहीं है। एक दो रोगी मिलना आम बात है। जहां भी रोगी मिल रहे हैं वहां टीमों को भेजा जा रहा है। मलेरिया विभाग भी दवाओं का छिड़काव कर रहा है। इस वर्ष संक्रामक रोग काफी हद तक नियंत्रण में हैं।
- डॉ. प्रमोद कुमार, प्रभारी सीएमओ