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वायरल की चपेट में सखानूं, सैकड़ों बीमार, एक को डेंगू
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बदायूं/अलापुर। दातागंज-समरेर के बाद जगत ब्लॉक क्षेत्र के कस्बा सखानूं में बुखार ने सैकड़ों लोगों को चपेट में ले लिया है। कई परिवार ऐसे हैं, जिनके सभी सदस्य बुखार से जूझ रहे हैं तो किसी में एक या दो मरीज बुखार के हैं। कुछ लोग बरेली तो कई लोग आसपास के अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं। प्राइवेट चिकित्सकों ने किसी मरीज को वायरल तो किसी को डेंगू बताया है। इसी बीच एक युवक को डेंगू होने की पुष्टि भी हुई है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग इसकी जानकारी होने से इनकार कर रहा है।
करीब 12 हजार की आबादी वाले सखानूं को इस समय बुखार ने जकड़ लिया है। जिस घर में देखो उसमें कोई न कोई बीमार पड़ा है। लोगों का कहना है कि 10-12 दिन से एक-एक करके लोग बुखार की चपेट में आते जा रहे हैं। शुरुआत में वार्ड नंबर नौ निवासी प्रशांत गुप्ता (19) पुत्र सुरेंद्र गुप्ता की हालत बिगड़ी थी। जिस अस्पताल में उसका इलाज कराया गया, वहां के डॉक्टरों ने उसे चिकनगुनिया बताया लेकिन ब्लड टेस्ट के बाद आई रिपोर्ट में डेंगू पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई। बहरहाल उसकी हालत में सुधार है लेकिन कस्बे के सैकड़ों लोग बुखार से जूझ रहे हैं। इन्हें वायरल बताया जा रहा है।
वार्ड नंबर एक निवासी सलीम परवेज (32) पुत्र सैय्यद हुसैन की हालत इतनी बिगड़ गई कि उन्हें बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। उन्हें आठ दिन पहले बुखार आया था। वहीं वार्ड नंबर पांच निवासी सादिया परवीन (28) को शहर के प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया। अधिकतर लोगों ने अपने ब्लड टेस्ट नहीं कराए हैं। उन्होंने स्थानीय डॉक्टर से दवा लेकर काम चला लिया है। अब तक जिन लोगों ने ब्लड टेस्ट कराया था, उनकी रिपोर्ट में अधिकतर लोगों की प्लेटलेट्स कम होना बताया गया। इससे कस्बे में डेंगू फैलने की अफवाह से दहशत बढ़ गई है। इसका लाभ कस्बे के झोलाछाप खूब उठा रहे हैं।
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अस्पतालों में भर्ती हैं यह मरीज
कस्बे के वार्ड नंबर तीन निवासी प्रशांत गुप्ता (19), आकाश गुप्ता (22), मुन्नी देवी (42), पंकज गुप्ता (24), उनका बेटा राम (4), प्रदीप गुप्ता (25), वार्ड नंबर एक निवासी सलीम परवेज (32) पुत्र सैय्यद हुसैन, वार्ड नंबर पांच निवासी सादिया परवीन (28), वार्ड नंबर दो निवासी अजीजुल हसन (13) पुत्र रियाजुल हसन, वार्ड नंबर नौ निवासी फरहान (22) पुत्र जहीरुल हसन, अनुज गुप्ता (25) पुत्र सुभाष चंद्र गुप्ता, मनोज गुप्ता (20) पुत्र सुरेंद्र, रामबरन शाक्य (35) पुत्र प्रेमराज, रमेश लाला (50) पुत्र पुत्तू लाला आदि। इनके अलावा दर्जनों लोग स्थानीय डॉक्टरों से दवा ले रहे हैं।
गंदगी से बुरा हाल, पनप रहे मच्छर
स्थानीय लोगों के मुताबिक बुखार फैलने की वजह गंदगी है। पता नहीं कब से कस्बे में फॉगिंग नहीं हुई है और न ही कभी नालियों में दवा का छिड़काव किया गया। नाले-नालियों की कभी सफाई नहीं होती। इससे कस्बे में मच्छरों की तादाद बढ़ गई है। कस्बे के पास में बहुत बड़ा तालाब है, जिसकी कभी सफाई नहीं हुई। अधिकतर घरों का गंदा पानी उसी तालाब में जाता है और तो और निकट ही सामुदायिक शौचालय भी बना हुआ है, जिसकी गंदगी भी तालाब में जाकर गिरती है। लोगों ने छिड़काव कराने की मांग भी थी लेकिन कभी इस ओर ध्यान नहीं दिया गया।
कुछ दिन पहले हमारी टीम सखानूं गई थी लेकिन वहां कोई बीमारी नहीं पाई गई। अगर अब कोई बीमारी फैली है तो हम कस्बा जाकर स्वयं पता करेंगे, जो भी संभव होगी मदद की जाएगी। ब्लड टेस्ट करवाकर सभी का उपचार किया जाएगा।
-डॉ. पवन कुमार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जगत
कस्बे में रोजाना सफाई होती है। दवा भी छिड़की गई है। कुछ दिन के लिए मशीन खराब हो गई थी। अब उसे सही करा लिया गया है। तब से लगातार दवा छिड़की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की टीम नहीं आई है। कुछ लोग फैजाबाद उर्स में गए थे, वहां पानी बदलने से बीमार हुए होंगे, ये भी हो सकता है या मौसम बदलने से बीमार हो सकते हैं।
-विलालउद्दीन, नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि
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करीब 12 हजार की आबादी वाले सखानूं को इस समय बुखार ने जकड़ लिया है। जिस घर में देखो उसमें कोई न कोई बीमार पड़ा है। लोगों का कहना है कि 10-12 दिन से एक-एक करके लोग बुखार की चपेट में आते जा रहे हैं। शुरुआत में वार्ड नंबर नौ निवासी प्रशांत गुप्ता (19) पुत्र सुरेंद्र गुप्ता की हालत बिगड़ी थी। जिस अस्पताल में उसका इलाज कराया गया, वहां के डॉक्टरों ने उसे चिकनगुनिया बताया लेकिन ब्लड टेस्ट के बाद आई रिपोर्ट में डेंगू पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई। बहरहाल उसकी हालत में सुधार है लेकिन कस्बे के सैकड़ों लोग बुखार से जूझ रहे हैं। इन्हें वायरल बताया जा रहा है।
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वार्ड नंबर एक निवासी सलीम परवेज (32) पुत्र सैय्यद हुसैन की हालत इतनी बिगड़ गई कि उन्हें बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। उन्हें आठ दिन पहले बुखार आया था। वहीं वार्ड नंबर पांच निवासी सादिया परवीन (28) को शहर के प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया। अधिकतर लोगों ने अपने ब्लड टेस्ट नहीं कराए हैं। उन्होंने स्थानीय डॉक्टर से दवा लेकर काम चला लिया है। अब तक जिन लोगों ने ब्लड टेस्ट कराया था, उनकी रिपोर्ट में अधिकतर लोगों की प्लेटलेट्स कम होना बताया गया। इससे कस्बे में डेंगू फैलने की अफवाह से दहशत बढ़ गई है। इसका लाभ कस्बे के झोलाछाप खूब उठा रहे हैं।
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अस्पतालों में भर्ती हैं यह मरीज
कस्बे के वार्ड नंबर तीन निवासी प्रशांत गुप्ता (19), आकाश गुप्ता (22), मुन्नी देवी (42), पंकज गुप्ता (24), उनका बेटा राम (4), प्रदीप गुप्ता (25), वार्ड नंबर एक निवासी सलीम परवेज (32) पुत्र सैय्यद हुसैन, वार्ड नंबर पांच निवासी सादिया परवीन (28), वार्ड नंबर दो निवासी अजीजुल हसन (13) पुत्र रियाजुल हसन, वार्ड नंबर नौ निवासी फरहान (22) पुत्र जहीरुल हसन, अनुज गुप्ता (25) पुत्र सुभाष चंद्र गुप्ता, मनोज गुप्ता (20) पुत्र सुरेंद्र, रामबरन शाक्य (35) पुत्र प्रेमराज, रमेश लाला (50) पुत्र पुत्तू लाला आदि। इनके अलावा दर्जनों लोग स्थानीय डॉक्टरों से दवा ले रहे हैं।
गंदगी से बुरा हाल, पनप रहे मच्छर
स्थानीय लोगों के मुताबिक बुखार फैलने की वजह गंदगी है। पता नहीं कब से कस्बे में फॉगिंग नहीं हुई है और न ही कभी नालियों में दवा का छिड़काव किया गया। नाले-नालियों की कभी सफाई नहीं होती। इससे कस्बे में मच्छरों की तादाद बढ़ गई है। कस्बे के पास में बहुत बड़ा तालाब है, जिसकी कभी सफाई नहीं हुई। अधिकतर घरों का गंदा पानी उसी तालाब में जाता है और तो और निकट ही सामुदायिक शौचालय भी बना हुआ है, जिसकी गंदगी भी तालाब में जाकर गिरती है। लोगों ने छिड़काव कराने की मांग भी थी लेकिन कभी इस ओर ध्यान नहीं दिया गया।
कुछ दिन पहले हमारी टीम सखानूं गई थी लेकिन वहां कोई बीमारी नहीं पाई गई। अगर अब कोई बीमारी फैली है तो हम कस्बा जाकर स्वयं पता करेंगे, जो भी संभव होगी मदद की जाएगी। ब्लड टेस्ट करवाकर सभी का उपचार किया जाएगा।
-डॉ. पवन कुमार, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जगत
कस्बे में रोजाना सफाई होती है। दवा भी छिड़की गई है। कुछ दिन के लिए मशीन खराब हो गई थी। अब उसे सही करा लिया गया है। तब से लगातार दवा छिड़की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की टीम नहीं आई है। कुछ लोग फैजाबाद उर्स में गए थे, वहां पानी बदलने से बीमार हुए होंगे, ये भी हो सकता है या मौसम बदलने से बीमार हो सकते हैं।
-विलालउद्दीन, नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि