{"_id":"314898822cf8a53a8dff9b895eeb6ea0","slug":"end-factionalism-in-police-stations-bring-a-change-of-conduct-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"थानों में गुटबंदी समाप्त कर आचरण में बदलाव लाएं ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
थानों में गुटबंदी समाप्त कर आचरण में बदलाव लाएं
badaun
Updated Sun, 10 May 2015 07:58 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले में कानून व शांति व्यवस्था और बेहतर बनाने तथा गुंडों, असामाजिक तत्वों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई किए जाने को लेकर रविवार को सीओ और एसओ को निर्देश दिए। कहा, इतनी सख्त कार्रवाई की जाए कि कोई भी व्यक्ति अपराध करने से पूर्व एक बार अवश्य सोचे। डीएम, एसएसपी ने जिले में कानून व्यवस्था को बेहतर करने के लिए मातहतों के पेेंच कसे, सख्त हिदायत दी कि एसओ अपने-अपने आचरण और व्यवहार में बदलाव लाते हुए यह सुनिश्चित करें कि थानों में गुटबंदी न पनपने पाए।
विज्ञापन
पुलिस लाइन स्थित सभाकक्ष में डीएम शंभूनाथ तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सौमित्र यादव ने कानून एवं शांति व्यवस्था की समीक्षा की। डीएम ने निर्देश दिए कि शांति तथा ग्राम सुरक्षा समितियों का गठन कर सक्रिय किया जाए और समितियों में सभी वर्गों के व्यक्तियों को सदस्य बनाया जाए। जो आगामी पंचायत चुनाव में शांति, कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कारगर साबित हो। कहा कि इन समितियों में महिलाएं, पढ़े-लिखे अच्छी छवि वाले लोगों को ही सदस्य बनाया जाए। डीएम ने कहा कि हर्ष फायरिंग पर पूर्णतया प्रतिबंध लगाया जाए और अनाधिकृत स्थानों पर शस्त्र लेकर चलने वालों के विरुद्ध कार्रवाई अमल में लाई जाए।
विज्ञापन
एसएसपी ने निर्देश दिए कि थानावार वीडियोग्राफी करने वालों की सूची तैयार की जाए, इससे आवश्यकतानुसार वीडियोग्राफी देखकर हर्ष फायरिंग करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई हो सके। उन्होंने कहा कि संबंधित बीट के आरक्षी को भी यह जिम्मेदारी दी जाए कि वह अपने हल्के में होने वाली शादियों के संबंध में जानकारी रखे, किसी घर में विवाह कार्यक्रम होने पर लड़के/ लड़की के पिता को नोटिस जारी कर जिम्मेदार बनाया जाए कि हर्ष फायरिंग होने पर उन्हीं के विरुद्ध कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
महिला उत्पीड़न के
मामले में दिखाए तत्परता
डीएम ने कहा कि महिलाओं से संबंधित अपराधों में महिला अत्याचार, छेड़छाड़, रेप, चैन स्नैचिंग आदि के मामलों में सीओ, एसओ स्वयं देखें, अधीनस्थों पर न छोड़े। उन्होंने कहा कि इसमें सही विवेचना हो और प्राथमिकता के आधार पर ऐसे मामलों को निस्तारण करते हुए दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई करें। कहा कि कुछ असामाजिक तत्व चौराहों पर खड़े होकर महिलाओं एवं लड़कियों के साथ छेड़छाड़ करते हैं इनके खिलाफ सख्ती से पेश आया जाए।
अवैध खनन पर कसें शिकंजा
जनपद में मात्र एक कछला में ही बालू खनन के लिए पट्टा किया गया है, इसके अलावा संपूर्ण जिले में कहीं भी कोई पट्टा नहीं दिया गया है। चेकिंग के दौरान बालू से भरी ट्रालियों के पाए जाने पर एमएम-11 (रसीद) अवश्य देखें। उन्होंने निर्देश दिए कि घरेलू कार्य के लिए मिट्टी ले जाने वालों के साथ उदारता से पेश आए।
पशुओं की तस्करी क्षम्य नहीं
बैठक में निर्देश दिए कि जिले में इस क्षेत्र में काफी अधिक कार्य हुआ है लेकिन फिर भी सतर्कता बरतें और बाहर से आने वाले रास्तों एवं पुलों पर विशेष ध्यान दें। जिले में पशु तस्करी किसी भी दशा में क्षम्य नहीं की जाएगी, इसमें संलिप्त पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध गुंडा एक्ट गैंगस्टर, एनएसए आदि की कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने सभी को फोन अवश्य रिसीव करने के लिए कहा। कहा कि इससे अनेक सूचनाएं मिलती हैं। जो कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। डीएम ने चुटकी लेते हुए कहा कि विशेष परिस्थितियों में यदि मोबाईल फोन किसी अटेंडेंट को दिया जाए तो उसको इस बात की अवश्य ताकीद कर दी जाए कि वह अंग्रेजों के जमाने वाले उत्तर, साहब बाथरूम में हैं, साहब आराम कर रहे हैं या व्यस्त हैं, इस प्रकार के जवाब न दें और मोबाइल फोन किसी जिम्मेदार अधिकारी एवं कर्मचारी को दिया जाए। अवैध शराब पर भी प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए। एसपी आरए बालेंदु भूषण, नगर मजिस्ट्रेट विजय बहादुर, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी उदयवीर सिंह सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।