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सरकारी स्कूलों में रफ्तार नहीं पकड़ रही ऑनलाइन कक्षाएं
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बदायूं। मौसम की मार व कड़ाके की ठंड का असर सिर्फ आम जनजीवन पर ही नहीं बल्कि परिषदीय और माध्यमिक विद्यालयों में चलने वाली ऑनलाइन कक्षाओं पर भी पड़ रहा है। हालांकि पहले ही ऑनलाइन कक्षाओं में बेहद कम छात्र-छात्राएं शामिल हो रहे थे। अब खराब मौसम से इंटरनेट सेवाएं भी लड़खड़ाई हुईं हैं। ऐसे में ऑनलाइन कक्षाओं में छात्र छत्राओं की उपस्थिति और घट गई है। इसके कारण यह व्यवस्था रफ्तार नहीं पकड़ पा रही है।
कोरोना काल के दौरान शासन ने स्कूलों, कॉलेजों को बंद कर दिया था ताकि छात्र-छात्राओं में संक्रमण को फैलने से रोका जा सके। शासन से निर्देश मिलने के बाद जिले के सभी बोर्ड के स्कूल, कॉलेज में ऑनलाइन कक्षाएं शुरू की गईं, लेकिन जिले में सरकारी कॉलेजों में ऑनलाइन पढ़ाई रफ्तार नहीं पकड़ पा रही है। बेसिक से लेकर माध्यमिक शिक्षा विभाग में पढ़ने वाले अधिकतर छात्र-छात्राएं ग्रामीण क्षेत्र से आते हैं। इनमें कई के पास मोबाइल नहीं होता। इसकी वजह से वह ऑनलाइन कक्षाओं में नहीं जुड़ पाते। ऐसे में बेसिक शिक्षा विभाग और माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ने वाले 70 फीसदी से ज्यादा छात्र-छात्राएं ऑनलाइन कक्षाओं से गैरहाजिर हैं, वहीं जो विद्यार्थी ऑनलाइन कक्षाओं से जुड़ रहे हैं। उनमें से कुछ छात्र-छात्राएं तो ऐसे हैं जो ऑनलाइन कक्षा शुरू होने के काफी देर बाद जुड़ते हैं। वहीं शिक्षकों के अनुसार सर्दी में नेटवर्क भी काफी गड़बड़ होने लगा है। ऑनलाइन कक्षाओं में बच्चों के न जुड़ने पर जब उनसे फोन कर अनुपस्थिति का कारण पूछा जाता है, तो वे नेटवर्क की समस्या बताते हैं। वहीं कई बच्चे सर्दी-जुकाम से भी पीड़ित हो रहे हैं, इससे भी वे अनुपस्थित रहने लगे हैं।
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जिले में ऑनलाइन पढ़ाई कराई जा रही है ताकि छात्र-छात्राओं की पढ़ाई बाधित न हो सके। कुछ जगहों पर नेटवर्क की समस्या है। उसकी वजह से थोड़ा दिक्कत आ रही है।
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- डॉ. प्रवेश कुमार, डीआईओएस
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कोरोना काल के दौरान शासन ने स्कूलों, कॉलेजों को बंद कर दिया था ताकि छात्र-छात्राओं में संक्रमण को फैलने से रोका जा सके। शासन से निर्देश मिलने के बाद जिले के सभी बोर्ड के स्कूल, कॉलेज में ऑनलाइन कक्षाएं शुरू की गईं, लेकिन जिले में सरकारी कॉलेजों में ऑनलाइन पढ़ाई रफ्तार नहीं पकड़ पा रही है। बेसिक से लेकर माध्यमिक शिक्षा विभाग में पढ़ने वाले अधिकतर छात्र-छात्राएं ग्रामीण क्षेत्र से आते हैं। इनमें कई के पास मोबाइल नहीं होता। इसकी वजह से वह ऑनलाइन कक्षाओं में नहीं जुड़ पाते। ऐसे में बेसिक शिक्षा विभाग और माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ने वाले 70 फीसदी से ज्यादा छात्र-छात्राएं ऑनलाइन कक्षाओं से गैरहाजिर हैं, वहीं जो विद्यार्थी ऑनलाइन कक्षाओं से जुड़ रहे हैं। उनमें से कुछ छात्र-छात्राएं तो ऐसे हैं जो ऑनलाइन कक्षा शुरू होने के काफी देर बाद जुड़ते हैं। वहीं शिक्षकों के अनुसार सर्दी में नेटवर्क भी काफी गड़बड़ होने लगा है। ऑनलाइन कक्षाओं में बच्चों के न जुड़ने पर जब उनसे फोन कर अनुपस्थिति का कारण पूछा जाता है, तो वे नेटवर्क की समस्या बताते हैं। वहीं कई बच्चे सर्दी-जुकाम से भी पीड़ित हो रहे हैं, इससे भी वे अनुपस्थित रहने लगे हैं।
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जिले में ऑनलाइन पढ़ाई कराई जा रही है ताकि छात्र-छात्राओं की पढ़ाई बाधित न हो सके। कुछ जगहों पर नेटवर्क की समस्या है। उसकी वजह से थोड़ा दिक्कत आ रही है।
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- डॉ. प्रवेश कुमार, डीआईओएस