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दो लाख की सुपारी देकर भाई ने कराई थी श्रवण की हत्या

Thu, 20 Jul 2017 07:47 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो,बदायूं
अमर उजाला ब्यूरो,बदायूं Updated Thu, 20 Jul 2017 07:47 PM IST
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Brother killed Sharavan by ranson of two lacs
हत्या - फोटो : Demo Pic
मीरानपुर कटरा थानेदार ने जांच कर दाखिल की चार्जशीट
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दातागंज के युवा सराफा व्यापारी श्रवण गुप्ता की हत्या उसके ही भाई पवन गुप्ता ने दो लाख रुपये की सुपारी देकर कराई थी। मामले में जांच पूरी होने के बाद थाना कटरा (शाहजहांपुर) के एसओ ने चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी है। श्रवण गुप्ता हत्याकांड में श्रवण के भाई पवन गुप्ता और भाभी तृप्ति को भी आरोपी बनाया गया है। इन दोनों को हाईकोर्ट ने जमानत दे दी है। गौर करने वाली बात यह है कि श्रवण की हत्या का षड्यंत्र जेल में रचा गया था। सुपारी जेल के बाहर दी गई थी। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि उस पर फैसला करने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। दातागंज निवासी युवा सराफा व्यापारी श्रवण गुप्ता पुत्र सुभाष गुप्ता की नवंबर 2015 में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात उस वक्त हुई जब श्रवण गुप्ता दुकान पर जा रहा था। श्रवण गुप्ता से हमलावरों ने 35 लाख रुपये की नकदी और जेवर भी लूट लिए थे। मामले में मुकदमा श्रवण गुप्ता के चाचा आर्येंद्र गुप्ता ने अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कुछ दिन के बाद ही आर्येंद्र गुप्ता की मौत हो गई। हत्या के 10 दिन बाद मामले में जांच सिविल लाइंस थाने को ट्रांसफर कर दी गई। विवेचना के दौरान नाजिम, निर्वेश उर्फ डॉक्टर, अनिल उर्फ बबलू श्रीवास्तव के नाम प्रकाश में आए। सिविल लाइंस पुलिस ने इन तीनों को गिरफ्तार कर लूट का माल भी बरामद कर लिया। हलफनामे के आधार पर पवन गुप्ता और उसकी पत्नी को भी पुलिस ने आरोपी बनाया। इसी दौरान आईजी के आदेश पर जांच सिविल लाइंस थाने से शाहजहांपुर ट्रांसफर कर दी गई। एसओ कटरा ने मामले में जांच की तो श्रवण के भाई पवन गुप्ता और भाभी तृप्ति गुप्ता के नाम प्रकाश में आए। जांच में सब कुछ साफ हो गया। पवन गुप्ता ने ही सुपारी देकर अपने भाई श्रवण गुप्ता की हत्या कराई थी। जांच में खुलासा हुआ कि कि श्रवण गुप्ता के भाई पवन गुप्ता ने श्रवण की हत्या के लिए जेल में बंद हत्यारोपी भटौली के सीटू लाला से दो लाख रुपये में सौदा किया था। इसमें निर्वेश और अनिल श्रीवास्तव को 50 हजार रुपये एडवांस दिया गया। चार्जशीट में सीटू लाला को 120 बी का आरोपी बनाया गया। एसओ कटरा ने मामले में चार्जशीट दाखिल कर दी। चार्जशीट दाखिल होने के बाद भी पवन और तृप्ति कोर्ट में हाजिर नहीं हुए तो इनके खिलाफ कुर्की की कार्रवाई की गई। इसके बाद दोनों को जेल जाना पड़ा। इसके बाद इन दोनों को हाईकोर्ट से जमानत मिल गई। सीटू लाला जेल में है। बाकी आरोपी जमानत पर चल रहे हैं। श्रवण की पत्नी रोहिला के पिता राजेश गुप्ता का कहना है कि आरोपी पक्ष उन पर फैसले का दबाव बना रहा है। 

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