{"_id":"5bfa9e0bbdec2241b5202f1d","slug":"61543151115-budaun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूसेर दिन भी नहीं पकड़े गए बुजुर्ग वीरवहाय के हत्यारोपी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
दूसेर दिन भी नहीं पकड़े गए बुजुर्ग वीरवहाय के हत्यारोपी
Updated Sun, 25 Nov 2018 06:35 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अब तक नहीं पकड़े गए बुजुर्ग
वीरवहाय के हत्या आरोपी
22 नवंबर की रात कर दी गई थी हत्या, चार लोगों के खिलाफ लिखी गई है रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिस वृद्ध को ईंट-पत्थरों से कुचलकर बीच सड़क पर मार दिया गया, आज तक उसके हत्या आरोपी नहीं पकड़े गए हैं और न ही पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश की। पुलिस ने परिवार वालों को दिखाने के लिए दूर के लोगों को पकड़ा था लेकिन बाद में उन्हें छोड़ दिया गया। इससे परिवार वालों को पुलिस से भरोसा उठ रहा है।
यह मामला उसावां थाना क्षेत्र के ग्राम नगरिया चिकन का था। 22 नवंबर की रात करीब आठ बजे गांव के ही लोगों ने 60 वर्षीय वृद्ध वीरसहाय की ईंट-पत्थरों से कुचलकर हत्या कर दी थी। वृद्ध का कसूर इतना था कि वह विवाद नहीं चाहते थे। वह तो विवाद को हल करने के लिए पहुंचे थे।
गौरतलब है कि वीरसहाय का बेटा रविंद्र परचून की दुकान से घरेलू सामान लेकर लौट रहा था। उसी समय गांव के ही लोगों ने उससे गाली-गलौज कर दी थी। यह सुनकर वीरसहाय उनमें बीच-बचाव करने पहुंच गए थे। हमलावरों ने उनके बेटे को तो छोड़ दिया लेकिन उनको ईंट-पत्थरों और लाठी-डंडे से पीटकर अधमरा कर दिया। परिवार वाले उन्हें जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टर ने उनको मृत घोषित कर दिया। इस संबंध में पुलिस ने रामविनेश और मुन्नालाल समेत चार लोगों के खिलाफ एनसीआर दर्ज कराई थी। बाद में पुलिस ने आरोपियों पर गैरइरादतन हत्या की धारा और बढ़ा दी परंतु आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। परिवार वालों की माने तो पुलिस ने गांव के कुछ लोगों को पकड़ा था जिनसे इस घटना का कोई मतलब नहीं था। उसके बाद पुलिस ने न तो आरोपियों को गिरफ्तार किया और न ही उनके घर दबिश दी। तभी से आरोपी बेखौफ घूम रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
वीरवहाय के हत्या आरोपी
22 नवंबर की रात कर दी गई थी हत्या, चार लोगों के खिलाफ लिखी गई है रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिस वृद्ध को ईंट-पत्थरों से कुचलकर बीच सड़क पर मार दिया गया, आज तक उसके हत्या आरोपी नहीं पकड़े गए हैं और न ही पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश की। पुलिस ने परिवार वालों को दिखाने के लिए दूर के लोगों को पकड़ा था लेकिन बाद में उन्हें छोड़ दिया गया। इससे परिवार वालों को पुलिस से भरोसा उठ रहा है।
यह मामला उसावां थाना क्षेत्र के ग्राम नगरिया चिकन का था। 22 नवंबर की रात करीब आठ बजे गांव के ही लोगों ने 60 वर्षीय वृद्ध वीरसहाय की ईंट-पत्थरों से कुचलकर हत्या कर दी थी। वृद्ध का कसूर इतना था कि वह विवाद नहीं चाहते थे। वह तो विवाद को हल करने के लिए पहुंचे थे।
विज्ञापन
गौरतलब है कि वीरसहाय का बेटा रविंद्र परचून की दुकान से घरेलू सामान लेकर लौट रहा था। उसी समय गांव के ही लोगों ने उससे गाली-गलौज कर दी थी। यह सुनकर वीरसहाय उनमें बीच-बचाव करने पहुंच गए थे। हमलावरों ने उनके बेटे को तो छोड़ दिया लेकिन उनको ईंट-पत्थरों और लाठी-डंडे से पीटकर अधमरा कर दिया। परिवार वाले उन्हें जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टर ने उनको मृत घोषित कर दिया। इस संबंध में पुलिस ने रामविनेश और मुन्नालाल समेत चार लोगों के खिलाफ एनसीआर दर्ज कराई थी। बाद में पुलिस ने आरोपियों पर गैरइरादतन हत्या की धारा और बढ़ा दी परंतु आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। परिवार वालों की माने तो पुलिस ने गांव के कुछ लोगों को पकड़ा था जिनसे इस घटना का कोई मतलब नहीं था। उसके बाद पुलिस ने न तो आरोपियों को गिरफ्तार किया और न ही उनके घर दबिश दी। तभी से आरोपी बेखौफ घूम रहे हैं।
विज्ञापन