फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   जान फंसी तो कल्पतरु के एजेंट पहुंचे थाने

जान फंसी तो कल्पतरु के एजेंट पहुंचे थाने

Sun, 31 Dec 2017 12:20 AM IST
Updated Sun, 31 Dec 2017 12:20 AM IST
विज्ञापन
जान फंसी तो कल्पतरु के एजेंट पहुंचे थाने
कल्पतरु के बारे में जानकारी देते लोग। - फोटो : अमर उजाला

विज्ञापन
बदायूं। बीस करोड़ से ज्यादा रुपया हड़पकर शहर से अपना सामान समेटने वाली कल्पतरु कंपनी के मामले में रोज नई बातें सामने आ रही हैं। अब तक निवेशक ही कंपनी के मालिकों और एजेंटों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की शिकायत करते घूम रहे थे, अब अपनी गर्दन फंसती देख एजेंटों ने भी नया पैंतरा आजमाया है। उन्होंने खुद को बेकसूर बताकर सिविल लाइन थाने में तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की है।
करीब तीन महीने पहले डीएम रोड स्थित अपना दफ्तर बंद कर चुकी कल्पतरु बिल्डटेक कॉरपोरेशन लिमिटेड ने जब लंबे समय तक टहलाने के बाद भी शहर समेत जिले भर के निवेशकों का धन वापस नहीं किया तो पिछले दिनों निवेशकों ने सिविल लाइन थाने में तहरीर दी। आरोप था कि कंपनी के अधिकारी अपना मोबाइल बंद कर चुके हैं, मथुरा निवासी जयकिशन सिंह राणा ने मोबाइल रिसीव करना बंद कर दिया है। उन्हें अपनी गारंटी पर निवेश कराने वाले एजेंट अब खोजे नहीं मिल रहे हैं। इनके कहने पर पुलिस ने दो एजेंट पकड़े भी पर शाम को छोड़ दिए। पुलिस ने इस मामले में रिपोर्ट तो दर्ज नहीं की पर जांच जरूर शुरू करा दी।
विज्ञापन

शनिवार को करीब 30 एजेंट सिविल लाइन थाने पहुंचे और पुलिस को तहरीर देकर बताया कि वर्ष 2007 से वे लोग इस कंपनी से जुड़े हैं। कंपनी के मालिक राणा ने उनके माध्यम से निवेशकों से करीब बीस करोड़ रकम जमा कराई। दो साल से वह अपना कमीशन मांग रहे हैं जो नहीं मिल सका है। वहीं, कंपनी की पॉलिसी के मुताबिक रियल एस्टेट कारोबार करने के भी उन्हें धन नहीं दिया जा रहा। अब कंपनी ने अपना दफ्तर भी बंद कर दिया है। मालिक ने खाताधारकों की आरडी और एफडी की गाढ़ी कमाई को धोखाधड़ी से हड़प लिया है। कहा कि निवेशक अब उन लोगों को खोज रहे हैं और कार्रवाई की धमकी दे रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि उन्हें उनके हिस्से का कमीशन भी नहीं मिल पाया है। इन लोगों ने मालिक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करके उन्हें और निवेशकों को न्याय दिलाने की मांग की। थाने पहुंचे एजेंटों में नरेश शर्मा, डॉ. मोहम्मद अहमद, राजवीर शर्मा, अर्जुन सिंह, राजेश, उमेशपाल सिंह, नबी आलम, हनीफ, जीशान अंसारी, जाकिर अली, ओमकार सिंह, अली मुराद और सुरेश गिरी आदि शामिल थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

---

निवेशकों से धन हड़पने के मामले में जांच चल रही है। इसमें दोष साबित होने पर आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। एजेंटों की तहरीर मेरे पास नहीं आई है। तहरीर आएगी तो उसे भी जांच में शामिल करेंगे।
- देवेश सिंह, इंस्पेक्टर सिविल लाइन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed