{"_id":"627d4ecd48b6b3577d6b9492","slug":"crime-badaun-news-bly484627589","type":"story","status":"publish","title_hn":"टैक्स चोरी कर नागालैंड नहीं कहीं और जा रही थी गुटखे की खेप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टैक्स चोरी कर नागालैंड नहीं कहीं और जा रही थी गुटखे की खेप
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बदायूं। सेट्रल जीएसटी टीम के हत्थे चड़ा 75 लाख के गुटखा से भरा ट्रक नागालैंड नहीं जा रहा था। प्रारंभिक जांच में ही साफ हो गया है कि बिल के साथ इनवॉयस भी फर्जी है। बोगस फर्म के जरिया जीएसटी चोरी कर गुटखे की खेप को कहीं और भेजा जा रहा था। सेंट्रल जीएसटी अधिकारी भी इसको लेकर हैरान हैं कि अगर गुटखे की यह खेप दिल्ली से नागालैंड जा रही थी तो ट्रक बदायूं कैसे पहुंचा।
सेंट्रल जीएसटी अधीक्षक मोहम्मद शाहिद ने टीम के साथ बदायूं-उझानी के बीच एक ट्रक पकड़ा था। यह ट्रक बदायूं की ओर आ रहा था। बंद बॉडी के कैंटरनुमा ट्रक को खुलवाकर देखा गया तो उसमें एक नामचीन ब्रांड का गुटखा भरा हुआ था। एक गुटखे के पाउच की कीमत चार रुपये और उसके साथ तंबाकू की कीमत एक रुपये थी। गिनती करने पर ट्रक के भरे गुटखे और तंबाकू की कीमत 75 लाख रुपये आंकी गई। चालक ने टीम को जो बिल, इनवॉयस और अन्य प्रपत्र दिए, प्रथम दृष्टया ही फर्जी प्रतीत हुए। पड़ताल के बाद बृहस्पतिवार को स्थिति काफी हद तक साफ हो गई है। दरअसल, गुटखा को नागालैंड नहीं, कहीं और भेजा जा रहा था।
अधिकारी भी इस बात को स्वीकार कर रहे हैं कि अगर गुटखे की खेप दिल्ली से नागालैंड जा रही थी तो ट्रक को बदायूं में नहीं होना चाहिए था। बिल फर्जी निकले, इसके साथ ही इनवॉयस की जांच में साफ हो गया है कि भेजे हुए माल, वस्तुओं और सेवाओं की सूची के साथ अदा की जाने वाली राशि का विवरण होता है वह भी पूरी तरह फर्जी है। बोगस फर्म के जरिये यह टैक्स चोरी का मामला निकला है। हालांकि, सेंट्रल जीएसटी की ओर से संबंधित फर्म के लिए 14 दिन का नोटिस जारी कर दिया गया है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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अगर गुटखे की खेप को दिल्ली से नागालैंड ले जाया जा रहा था तो गुटखा लदा ट्रक बदायूं में नहीं होना चाहिए था। प्रारंभिक जांच में काफी चीजें साफ हो गई हैं। बिल और इनवॉयस भी फर्जी निकले हैं। बोगस फर्म बनाकर टैक्स चोरी का मामला प्रतीत हो रहा है। संबंधित फर्म को नोटिस जारी किया गया है। अभी जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही आगे की चीजें साफ हो सकेंगी।
-मोहम्मद शाहिद, अधीक्षक, सेंट्रल जीएसटी
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चंदौसी की फर्म ने 33 लाख के मेंथा क्रिस्टल से पल्ला झाड़ा
फर्म स्वामी से वाणिज्यकर विभाग ने मांगा लिखित में जवाब
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। चंदौसी से वाराणसी ले जाए जा रहे 33 लाख कीमत के मेंथा क्रिस्टल को लेकर चंदौसी की फर्म स्वामी ने पल्ला झाड़ लिया है। फर्म स्वामी का कहना है कि बदायूं में पकड़ा गया मेंथा क्रिस्टल उनका नहीं है। वाणिज्यकर विभाग ने फर्म स्वामी से इस संबंध में लिखित में जवाब देने को कहा है।
वाणिज्यकर विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर मोबाइल जितेंद्र गुप्ता की टीम ने सोमवार को वजीरगंज के पास एक टाटा 407 वाहन को पकड़ा था। वाहन से मेंथा क्रिस्टल के सौ टिन मिले इनकी कीमत 33 लाख रुपये से ज्यादा आंकी गई। ई-वे बिल जांचने पर जीएसटी चोरी का शक गहरा गया। दरअसल, वाहन पांच मई शाम सवा छह बजे चंदौसी से वाराणसी के लिए रवाना हुआ लेकिन चंदौसी से वजीरगंज तक आने में ही वाहन को दो दिन से ज्यादा का समय लग गया। वाहन को मय मेंथा क्रिस्टल कब्जे में लेने के बाद चंदौसी की मेंथा फर्म स्वामी को सात दिन में पक्ष रखने का नोटिस दिया गया।
असिस्टेंट कमिश्नर मोबाइल जितेंद्र गुप्ता ने बताया कि फर्म स्वामी से उनकी बृहस्पतिवार को मोबाइल कॉल पर बात हुई है। फर्म स्वामी ने स्पष्ट इंकार कर दिया है कि बदायूूं में पकड़ा गया 33 लाख से ज्यादा कीमत का मेंथा क्रिस्टल उनका है। उन्होंने जो क्रिस्टल भेजा था वह तो पहले ही पहुंच चुका है। फर्म स्वामी की ओर से लिखित में पक्ष आने का इंतजार है। इसके बाद कार्रवाई की जाएगी।
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सेंट्रल जीएसटी अधीक्षक मोहम्मद शाहिद ने टीम के साथ बदायूं-उझानी के बीच एक ट्रक पकड़ा था। यह ट्रक बदायूं की ओर आ रहा था। बंद बॉडी के कैंटरनुमा ट्रक को खुलवाकर देखा गया तो उसमें एक नामचीन ब्रांड का गुटखा भरा हुआ था। एक गुटखे के पाउच की कीमत चार रुपये और उसके साथ तंबाकू की कीमत एक रुपये थी। गिनती करने पर ट्रक के भरे गुटखे और तंबाकू की कीमत 75 लाख रुपये आंकी गई। चालक ने टीम को जो बिल, इनवॉयस और अन्य प्रपत्र दिए, प्रथम दृष्टया ही फर्जी प्रतीत हुए। पड़ताल के बाद बृहस्पतिवार को स्थिति काफी हद तक साफ हो गई है। दरअसल, गुटखा को नागालैंड नहीं, कहीं और भेजा जा रहा था।
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अधिकारी भी इस बात को स्वीकार कर रहे हैं कि अगर गुटखे की खेप दिल्ली से नागालैंड जा रही थी तो ट्रक को बदायूं में नहीं होना चाहिए था। बिल फर्जी निकले, इसके साथ ही इनवॉयस की जांच में साफ हो गया है कि भेजे हुए माल, वस्तुओं और सेवाओं की सूची के साथ अदा की जाने वाली राशि का विवरण होता है वह भी पूरी तरह फर्जी है। बोगस फर्म के जरिये यह टैक्स चोरी का मामला निकला है। हालांकि, सेंट्रल जीएसटी की ओर से संबंधित फर्म के लिए 14 दिन का नोटिस जारी कर दिया गया है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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अगर गुटखे की खेप को दिल्ली से नागालैंड ले जाया जा रहा था तो गुटखा लदा ट्रक बदायूं में नहीं होना चाहिए था। प्रारंभिक जांच में काफी चीजें साफ हो गई हैं। बिल और इनवॉयस भी फर्जी निकले हैं। बोगस फर्म बनाकर टैक्स चोरी का मामला प्रतीत हो रहा है। संबंधित फर्म को नोटिस जारी किया गया है। अभी जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही आगे की चीजें साफ हो सकेंगी।
-मोहम्मद शाहिद, अधीक्षक, सेंट्रल जीएसटी
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चंदौसी की फर्म ने 33 लाख के मेंथा क्रिस्टल से पल्ला झाड़ा
फर्म स्वामी से वाणिज्यकर विभाग ने मांगा लिखित में जवाब
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। चंदौसी से वाराणसी ले जाए जा रहे 33 लाख कीमत के मेंथा क्रिस्टल को लेकर चंदौसी की फर्म स्वामी ने पल्ला झाड़ लिया है। फर्म स्वामी का कहना है कि बदायूं में पकड़ा गया मेंथा क्रिस्टल उनका नहीं है। वाणिज्यकर विभाग ने फर्म स्वामी से इस संबंध में लिखित में जवाब देने को कहा है।
वाणिज्यकर विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर मोबाइल जितेंद्र गुप्ता की टीम ने सोमवार को वजीरगंज के पास एक टाटा 407 वाहन को पकड़ा था। वाहन से मेंथा क्रिस्टल के सौ टिन मिले इनकी कीमत 33 लाख रुपये से ज्यादा आंकी गई। ई-वे बिल जांचने पर जीएसटी चोरी का शक गहरा गया। दरअसल, वाहन पांच मई शाम सवा छह बजे चंदौसी से वाराणसी के लिए रवाना हुआ लेकिन चंदौसी से वजीरगंज तक आने में ही वाहन को दो दिन से ज्यादा का समय लग गया। वाहन को मय मेंथा क्रिस्टल कब्जे में लेने के बाद चंदौसी की मेंथा फर्म स्वामी को सात दिन में पक्ष रखने का नोटिस दिया गया।
असिस्टेंट कमिश्नर मोबाइल जितेंद्र गुप्ता ने बताया कि फर्म स्वामी से उनकी बृहस्पतिवार को मोबाइल कॉल पर बात हुई है। फर्म स्वामी ने स्पष्ट इंकार कर दिया है कि बदायूूं में पकड़ा गया 33 लाख से ज्यादा कीमत का मेंथा क्रिस्टल उनका है। उन्होंने जो क्रिस्टल भेजा था वह तो पहले ही पहुंच चुका है। फर्म स्वामी की ओर से लिखित में पक्ष आने का इंतजार है। इसके बाद कार्रवाई की जाएगी।