{"_id":"625484a24cf92360ed31543f","slug":"crime-badaun-news-bly481168772","type":"story","status":"publish","title_hn":"सपा नेता सर्वेश यादव के खिलाफ कब्जा करने का आरोप, रिपोर्ट दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सपा नेता सर्वेश यादव के खिलाफ कब्जा करने का आरोप, रिपोर्ट दर्ज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिल्सी (बदायूं)। सपा नेता एवं पूर्व प्रधान सर्वेश यादव के खिलाफ जमीन पर अवैध कब्जा करने के आरोप में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है। उसके खिलाफ दो हत्याओं के मामले चल रहे हैं। इसके अलावा वह गैंगस्टर का अपराधी भी है।
थाना क्षेत्र के गांव बैन निवासी किशनवीर का कहना है कि उसके तीन खेत हैं और सभी में वह सर्वेश का सह खातेदार है। इसके अलावा एक और खेत है जिस पर सर्वेश ने पूरी तरह से कब्जा कर लिया है। कई बार कब्जा छोड़ने को कहा लेकिन उसने नहीं सुनी। उसके खिलाफ अंकुर चौहान की हत्या का मुकदमा दर्ज है। अंकुर चौहान की सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में आठ फरवरी 2017 को हत्या कर दी गई थी। इसके एक माह बाद आठ मार्च को सर्वेश यादव के सगे भाई उमेश यादव की हत्या कर दी गई। इसमें सर्वेश यादव ने अंकुर के परिवार वालों पर ही एफआईआर दर्ज कराई, लेकिन पुलिस की छानबीन में सर्वेश ही अपने भाई का हत्यारोपी निकला था। पुलिस ने इसका खुलासा कर सर्वेश को जेल भेज दिया था।
इसके अलावा सिविल लाइंस थाना पुलिस ने सर्वेश यादव के खिलाफ गैंगस्टर के तहत एफआईआर दर्ज की, जिस पर पांच फरवरी 2021 को सिविल लाइंस पुलिस और तहसीलदार ने आवास विकास स्थित उसका करीब ढाई करोड़ का मकान सील कर दिया। एक मकान गांव बैन में सील किया गया था। अब बैन गांव में जमीन पर कब्जा करने का ये नया मामला सामने आया है। बिल्सी पुलिस ने सर्वेश यादव के खिलाफ किशनवीर की ओर से एफआईआर दर्ज की है।
विज्ञापन
-
आपराधिक मामलों के चलते सपा ने हटा दिया था सर्वेश को
अंकुर चौहान हत्याकांड के बाद से सर्वेश यादव एक के बाद एक घटनाओं में संलिप्त पाया गया था। उस दौरान वह सपा यूथ विंग का जिलाध्यक्ष भी रहा लेकिन इन घटनाओं के चलते सपा ने उसे पार्टी से निकाल दिया। पिछले दिनों विधानसभा चुनाव के दौरान उसे फिर से सपा में शामिल कर लिया गया।
-
अंबियापुर की ब्लॉक प्रमुख रही थी पत्नी
सपा शासन काल में सर्वेश यादव की पत्नी अंबियापुर ब्लॉक की प्रमुख बनी थी। प्रमुखी चुनाव के दौरान भी सर्वेश यादव ने चुनाव लड़ने का विचार बनाया था लेकिन ब्लॉक के बाहर उसका पर्चा फाड़ दिया गया।
-
सर्वेश यादव फिलहाल सपा कार्यकर्ता है। उसे विधानसभा चुनाव के दौरान सपा में शामिल किया गया था। उसके खिलाफ किसी मामले में एफआईआर दर्ज हुई है, इसकी मुझे जानकारी नहीं है।
- प्रेमपाल सिंह यादव, जिलाध्यक्ष सपा
विज्ञापन
थाना क्षेत्र के गांव बैन निवासी किशनवीर का कहना है कि उसके तीन खेत हैं और सभी में वह सर्वेश का सह खातेदार है। इसके अलावा एक और खेत है जिस पर सर्वेश ने पूरी तरह से कब्जा कर लिया है। कई बार कब्जा छोड़ने को कहा लेकिन उसने नहीं सुनी। उसके खिलाफ अंकुर चौहान की हत्या का मुकदमा दर्ज है। अंकुर चौहान की सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में आठ फरवरी 2017 को हत्या कर दी गई थी। इसके एक माह बाद आठ मार्च को सर्वेश यादव के सगे भाई उमेश यादव की हत्या कर दी गई। इसमें सर्वेश यादव ने अंकुर के परिवार वालों पर ही एफआईआर दर्ज कराई, लेकिन पुलिस की छानबीन में सर्वेश ही अपने भाई का हत्यारोपी निकला था। पुलिस ने इसका खुलासा कर सर्वेश को जेल भेज दिया था।
विज्ञापन
इसके अलावा सिविल लाइंस थाना पुलिस ने सर्वेश यादव के खिलाफ गैंगस्टर के तहत एफआईआर दर्ज की, जिस पर पांच फरवरी 2021 को सिविल लाइंस पुलिस और तहसीलदार ने आवास विकास स्थित उसका करीब ढाई करोड़ का मकान सील कर दिया। एक मकान गांव बैन में सील किया गया था। अब बैन गांव में जमीन पर कब्जा करने का ये नया मामला सामने आया है। बिल्सी पुलिस ने सर्वेश यादव के खिलाफ किशनवीर की ओर से एफआईआर दर्ज की है।
विज्ञापन
-
आपराधिक मामलों के चलते सपा ने हटा दिया था सर्वेश को
अंकुर चौहान हत्याकांड के बाद से सर्वेश यादव एक के बाद एक घटनाओं में संलिप्त पाया गया था। उस दौरान वह सपा यूथ विंग का जिलाध्यक्ष भी रहा लेकिन इन घटनाओं के चलते सपा ने उसे पार्टी से निकाल दिया। पिछले दिनों विधानसभा चुनाव के दौरान उसे फिर से सपा में शामिल कर लिया गया।
-
अंबियापुर की ब्लॉक प्रमुख रही थी पत्नी
सपा शासन काल में सर्वेश यादव की पत्नी अंबियापुर ब्लॉक की प्रमुख बनी थी। प्रमुखी चुनाव के दौरान भी सर्वेश यादव ने चुनाव लड़ने का विचार बनाया था लेकिन ब्लॉक के बाहर उसका पर्चा फाड़ दिया गया।
-
सर्वेश यादव फिलहाल सपा कार्यकर्ता है। उसे विधानसभा चुनाव के दौरान सपा में शामिल किया गया था। उसके खिलाफ किसी मामले में एफआईआर दर्ज हुई है, इसकी मुझे जानकारी नहीं है।
- प्रेमपाल सिंह यादव, जिलाध्यक्ष सपा