{"_id":"61b39fbb5d10ed0f6075d512","slug":"crime-badaun-news-bly4688397168","type":"story","status":"publish","title_hn":"व्हाट्सएप नंबर पर सीओ की डीपी लगाकर ठगी की कोशिश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
व्हाट्सएप नंबर पर सीओ की डीपी लगाकर ठगी की कोशिश
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बदायूं। साइबर ठग लोगों को शिकार बनाने के नए-नए तरीके आजमा रहे हैं। अब साइबर ठग सीधे व्हाट्सएप नंबर पर किसी अधिकारी या प्रतिष्ठित व्यक्ति का फोटो लगाकर लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। अभी हाल में बदायूं से ट्रांसफर हुए सीओ अनिरुद्ध सिंह का फोटो लगाकर भी लोगों से ठगी की कोशिश की गई।
सपा विधायक से झड़प के बाद चंदौली जिले में चर्चा में आए सीओ अनिरुद्ध सिंह हाल ही में बदायूं जिले से ट्रांसफर हुए हैं। वह सहसवान के सीओ रहे थे। उससे पहले उन्होंने उझानी और बिल्सी क्षेत्र का भी प्रभार संभाला था। साइबर ठगों ने उनको भी नहीं छोड़ा। ठगों ने व्हाट्सएप नंबर पर उनका फोटो लगाकर लोगों को ठगने की कोशिश की। बदायूं जिले में उनके तमाम लोग परिचित हैं। कुछ लोगों के व्हाट्सएप नंबर पर सीओ के फोटो लगे व्हाट्सएप नंबर से मेसेज आए। उनसे हाय-हैलो किया गया। कुछ लोगों से 10-10 हजार रुपये की मदद भी मांगी गई। जब लोगों ने सीओ से इस संबंध में संपर्क किया तो उन्होंने फेसबुक पर एक मेसेज साझा करते हुए लोगों से अपील की कि वह इस तरह के झांसे में न आएं। उनका फोटो लगा व्हाट्सएप नंबर फर्जी है। तब कहीं लोगों को फर्जी व्हाट्सएप नंबर की जानकारी हुई और ठगी का शिकार होने से बचे।
-
साइबर ठगों तक नहीं पहुंच रही स्थानीय पुलिस
लोगों के लगातार शिकार होने की एक वजह ये भी है कि स्थानीय पुलिस उन तक नहीं पहुंच पा रही है। ये काम छत्तीसगढ़, बिहार और अन्य प्रदेशों में बैठे जालसाज कर रहे हैं। जिले की पुलिस उन तक पहुंचने की कोशिश भी करती है लेकिन कामयाबी नहीं मिल रही। इससे लोग आए दिन साइबर ठगों के शिकार हो रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सपा विधायक से झड़प के बाद चंदौली जिले में चर्चा में आए सीओ अनिरुद्ध सिंह हाल ही में बदायूं जिले से ट्रांसफर हुए हैं। वह सहसवान के सीओ रहे थे। उससे पहले उन्होंने उझानी और बिल्सी क्षेत्र का भी प्रभार संभाला था। साइबर ठगों ने उनको भी नहीं छोड़ा। ठगों ने व्हाट्सएप नंबर पर उनका फोटो लगाकर लोगों को ठगने की कोशिश की। बदायूं जिले में उनके तमाम लोग परिचित हैं। कुछ लोगों के व्हाट्सएप नंबर पर सीओ के फोटो लगे व्हाट्सएप नंबर से मेसेज आए। उनसे हाय-हैलो किया गया। कुछ लोगों से 10-10 हजार रुपये की मदद भी मांगी गई। जब लोगों ने सीओ से इस संबंध में संपर्क किया तो उन्होंने फेसबुक पर एक मेसेज साझा करते हुए लोगों से अपील की कि वह इस तरह के झांसे में न आएं। उनका फोटो लगा व्हाट्सएप नंबर फर्जी है। तब कहीं लोगों को फर्जी व्हाट्सएप नंबर की जानकारी हुई और ठगी का शिकार होने से बचे।
विज्ञापन
-
साइबर ठगों तक नहीं पहुंच रही स्थानीय पुलिस
लोगों के लगातार शिकार होने की एक वजह ये भी है कि स्थानीय पुलिस उन तक नहीं पहुंच पा रही है। ये काम छत्तीसगढ़, बिहार और अन्य प्रदेशों में बैठे जालसाज कर रहे हैं। जिले की पुलिस उन तक पहुंचने की कोशिश भी करती है लेकिन कामयाबी नहीं मिल रही। इससे लोग आए दिन साइबर ठगों के शिकार हो रहे हैं।
विज्ञापन