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इंदिरा चौक के नजदीक जगह पर कब्जे का शोर, पुलिस ने रुकवाया

Sat, 16 Oct 2021 01:09 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sat, 16 Oct 2021 01:09 AM IST
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इंदिरा चौक के नजदीक इसी जगह को लेकर हुआ विवाद। संवाद - फोटो : BADAUN
बदायूं। इंदिरा चौक के नजदीक बृहस्पतिवार रात एक जगह पर अवैध कब्जा करने का शोर हुआ तो वहां पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले आई और निर्माण रुकवा दिया। इसमें एक पक्ष ने भाजपा विधायक और कादरचौक ब्लॉक प्रमुख पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगाया, जबकि दूसरे पक्ष का कहना है कि उन्होंने जगह का बैनामा कराया है। फिलहाल पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की है।
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शहर निवासी प्रदीप गोयल के मुताबिक बृहस्पतिवार रात उन्हें सूचना मिली कि इंदिरा चौक के नजदीक पड़ी उनकी जगह पर एक भाजपा विधायक और ब्लॉक प्रमुख अवैध कब्जा कर रहे हैं। वह रात में जनरेटर चलवाकर दुकान का निर्माण करा रहे हैं। उन्होंने इस आशय की सूचना यूपी 112 पुलिस को दी। इस पर सिविल लाइंस इंस्पेक्टर राजकुमार तिवारी भी पुलिस के साथ मौके पर पहुंच गए।
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उस दौरान प्रदीप गोयल और कादरचौक के ब्लॉक प्रमुख वीरेंद्र पाल सिंह मौके पर मौजूद मिले। पुलिस ने तुरंत निर्माण रुकवा दिया। उसके बाद दोनों पक्षों को थाने ले आई। यहां प्रदीप गोयल ने विधायक और ब्लॉक प्रमुख का नाम लेकर जमीन पर कब्जे के आरोप लगाए। कहा कि जिस महिला से बैनामा कराने की बात कही जा रही है वह उनके भाई की पत्नी है ही नहीं। कागजात लहराते हुए कहा कि इसका उनके पास रिकार्ड है। वहीं ब्लॉक प्रमुख ने बताया कि उन्होंने यह जगह मीनू अग्रवाल से खरीदी है। मीनू अग्रवाल शहर के नेत्र चिकित्सक रहे अशोक अग्रवाल की पत्नी हैं। अशोक अग्रवाल की मृत्यु हो चुकी है। उनकी दो बेटियां हैं। मीनू अग्रवाल जमीन के तिहाई हिस्से की मालिक हैं। इसलिए उन्होंने यह जगह करीब 40 लाख रुपये में बेची थी। इसका उनके पास बैनामा भी है। इंस्पेक्टर राजकुमार तिवारी ने रात में ही पूरे मामले की जांच कराई।
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आखिर में ये निकलकर सामने आया कि ये जगह मीनू अग्रवाल की ही थी। अवैध कब्जा करने का मामला सही नहीं है। शुक्रवार को खुद मीनू अग्रवाल ने मीडिया के सामने आकर सफाई भी दी कि वह अशोक अग्रवाल की पत्नी हैं और उनका वारिस होने के नाते संपत्ति की मालिक हैं। इसी अधिकार से उन्होंने संपत्ति बेची है। उन्होंने प्रदीप गोयल पर ही संपत्ति हथियाने का आरोप लगाया।

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बृहस्पतिवार रात प्लॉट पर अवैध कब्जा करने की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस को मौके पर भेजा गया। जांच कराई गई। सामने आया कि अवैध कब्जे का मामला नहीं है। दूसरे पक्ष ने जगह का बैनामा भी दिखाया है।
-प्रवीन सिंह चौहान, एसपी सिटी
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