{"_id":"612547628ebc3e79b801e6cf","slug":"civic-amenities-badaun-news-bly4573735118","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर में हर हिस्से में जाम, तिराहे-चौराहों पर लगीं वाहनों की कतारें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर में हर हिस्से में जाम, तिराहे-चौराहों पर लगीं वाहनों की कतारें
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रोडवेज चौराहे पर लगी लोगों की भीड़। संवाद
- फोटो : BADAUN
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बदायूं। प्राथमिक आर्हता परीक्षा (पीईटी) के परीक्षार्थियों की भीड़ उमड़ी तो पुलिस के सारे इंतजाम धरे रह गए। परीक्षार्थियों और उनके अभिभावक के पहुंचने पर शहर में करीब पांच घंटे तक जाम लगा रहा। रिमझिम फुहारों के बीच ड्यूटी में लगे पुलिस कर्मियों का जाम खुलवाने में पसीना छूटता रहा।
पीईटी की पहली पाली का पेपर सुबह 10 बजे से था। इसलिए सुबह नौ बजे से ही परीक्षार्थी पहुंचने लगे थे। परीक्षा में करीब पांच हजार परीक्षार्थियों को शामिल होना था। उनके साथ अभिभावक भी परीक्षा केंद्र पहुुंचे। दस बजे के करीब परीक्षार्थियों की भीड़ बढ़ी तो शहर के चौराहों पर जाम लगना शुरू हो गया, जिससे वाहनों की लाइनें लगने लगीं।
पीईटी का पेपल होने के साथ जाम की एक वजह यह भी रही कि रक्षाबंधन के बाद मंगलवार को घर वापसी करने वालों की संख्या ज्यादा थी। उधर, दो दिन अवकाश के बाद मंगलवार को सभी सरकारी कार्यालय खुले। रविवार की साप्ताहिक बंदी के बाद बाजार खुले। इससे सड़कों पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। ट्रैफिक कंट्रोल के लिए सुबह से चौराहों पर पुलिस, ट्रैफिक पुलिस और होमगार्डों को लगा दिया गया था। बावजूद इसके शहर के तिराहे-चौराहे पर जाम लग गया। पीईटी का पेपर शुरू होने के बाद जाम कुछ कम हुआ, लेकिन पेपर खत्म होने के बाद हालात और ज्यादा बिगड़ गए। इस रतह सुबह दस बजे शाम लगा जाम शाम चार बजे रहा। इस दौरान वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। पुलिस ने जाम खुलवाने का भरसक प्रयास किया, लेकिन कामयाबी नहीं मिल रही थी।
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कचहरी तिराहा : कचहरी तिराहे पर पूर्वाह्न 11 बजे से जाम लगना शुरू हुआ। यहां धीरे-धीरे वाहनों की लाइन सिविल लाइंस थाने और नेकपुर रेलवे क्रासिंग तक लग गई। वहीं, दूसरी ओर जेल के कोने तक और उधर इस्लामियां इंटर कॉलेज तक वाहनों की लाइन लगी रही। कचहरी तिराहे पर जाम से निपटने के लिए सिविल लाइंस इंस्पेक्टर संजीव कुमार शुक्ला और कई दरोगा व सिपाही मौजूद थे। बावजूद इसके दोपहर दो बजे तक तिराहे का बुरा हाल रहा। वाहन कछुआ चाल से गुजरते रहे। शाम चार बजे के बाद कहीं वाहनों की संख्या घटी। तब कहीं जाकर जाम खुल सका।
दो इंदिरा चौक : शहर का इंदिरा चौक पर मंगलवार को जाम की वजह से बुरी स्थिति रही। यहां तैनात पुलिसकर्मी एक साइड के वाहन पास कराते तब तक दूसरी ओर उससे ज्यादा वाहनों की लाइनें लग जाती थीं। इस तरह अपराह्न तीन बजे तक जाम नहीं खुल सका। इस चौराहे पर सबसे ज्यादा दिक्कत ऑटो में बैठे यात्रियों को हुई। बाइक सवार भी एक पैर पर खड़े रहे। दूरदराज से आए लोग भी जल्दी जाम खुलने का इंतजार करते रहे। इससे वाहनों में सवार लोग प्यास से व्याकुल दिखे। चार बजे के बाद चौराहे पर लोगों को कुछ राहत महसूस हुई।
रोडवेज बस स्टैंड : शहर में मंगलवार को सबसे खराब स्थिति रोडवेज बस स्टैंड चौराहे पर रही। एक ओर रोडवेज बसों का आना लगा था। दूसरी ओर यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ने से रोडवेज बस स्टैंड के बाहर जाम लग गया। इससे न सिर्फ रोडवेज बसों को निकलने में दिक्कत हुई। बल्कि तमाम प्राइवेट वाहन जाम में फंस गए। कई ऑटो और ई-रिक्शा घंटों जाम में फंसे रहे। इससे ये जाम बढ़कर बदायूं क्लब तक पहुंच गया। वॉटर वर्क्स रोड भी खाली नहीं रहा। यहां भी वाहनों की कतारें लगी रहीं। हालांकि यहां तैनात पुलिस लगातार जाम खुलवाने की कोशिश करती रही लेकिन वाहनों और यात्रियों की ज्यादा संख्या होने से शाम तक जाम की स्थिति बनी रही।
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पीईटी की पहली पाली का पेपर सुबह 10 बजे से था। इसलिए सुबह नौ बजे से ही परीक्षार्थी पहुंचने लगे थे। परीक्षा में करीब पांच हजार परीक्षार्थियों को शामिल होना था। उनके साथ अभिभावक भी परीक्षा केंद्र पहुुंचे। दस बजे के करीब परीक्षार्थियों की भीड़ बढ़ी तो शहर के चौराहों पर जाम लगना शुरू हो गया, जिससे वाहनों की लाइनें लगने लगीं।
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पीईटी का पेपल होने के साथ जाम की एक वजह यह भी रही कि रक्षाबंधन के बाद मंगलवार को घर वापसी करने वालों की संख्या ज्यादा थी। उधर, दो दिन अवकाश के बाद मंगलवार को सभी सरकारी कार्यालय खुले। रविवार की साप्ताहिक बंदी के बाद बाजार खुले। इससे सड़कों पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। ट्रैफिक कंट्रोल के लिए सुबह से चौराहों पर पुलिस, ट्रैफिक पुलिस और होमगार्डों को लगा दिया गया था। बावजूद इसके शहर के तिराहे-चौराहे पर जाम लग गया। पीईटी का पेपर शुरू होने के बाद जाम कुछ कम हुआ, लेकिन पेपर खत्म होने के बाद हालात और ज्यादा बिगड़ गए। इस रतह सुबह दस बजे शाम लगा जाम शाम चार बजे रहा। इस दौरान वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। पुलिस ने जाम खुलवाने का भरसक प्रयास किया, लेकिन कामयाबी नहीं मिल रही थी।
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कचहरी तिराहा : कचहरी तिराहे पर पूर्वाह्न 11 बजे से जाम लगना शुरू हुआ। यहां धीरे-धीरे वाहनों की लाइन सिविल लाइंस थाने और नेकपुर रेलवे क्रासिंग तक लग गई। वहीं, दूसरी ओर जेल के कोने तक और उधर इस्लामियां इंटर कॉलेज तक वाहनों की लाइन लगी रही। कचहरी तिराहे पर जाम से निपटने के लिए सिविल लाइंस इंस्पेक्टर संजीव कुमार शुक्ला और कई दरोगा व सिपाही मौजूद थे। बावजूद इसके दोपहर दो बजे तक तिराहे का बुरा हाल रहा। वाहन कछुआ चाल से गुजरते रहे। शाम चार बजे के बाद कहीं वाहनों की संख्या घटी। तब कहीं जाकर जाम खुल सका।
दो इंदिरा चौक : शहर का इंदिरा चौक पर मंगलवार को जाम की वजह से बुरी स्थिति रही। यहां तैनात पुलिसकर्मी एक साइड के वाहन पास कराते तब तक दूसरी ओर उससे ज्यादा वाहनों की लाइनें लग जाती थीं। इस तरह अपराह्न तीन बजे तक जाम नहीं खुल सका। इस चौराहे पर सबसे ज्यादा दिक्कत ऑटो में बैठे यात्रियों को हुई। बाइक सवार भी एक पैर पर खड़े रहे। दूरदराज से आए लोग भी जल्दी जाम खुलने का इंतजार करते रहे। इससे वाहनों में सवार लोग प्यास से व्याकुल दिखे। चार बजे के बाद चौराहे पर लोगों को कुछ राहत महसूस हुई।
रोडवेज बस स्टैंड : शहर में मंगलवार को सबसे खराब स्थिति रोडवेज बस स्टैंड चौराहे पर रही। एक ओर रोडवेज बसों का आना लगा था। दूसरी ओर यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ने से रोडवेज बस स्टैंड के बाहर जाम लग गया। इससे न सिर्फ रोडवेज बसों को निकलने में दिक्कत हुई। बल्कि तमाम प्राइवेट वाहन जाम में फंस गए। कई ऑटो और ई-रिक्शा घंटों जाम में फंसे रहे। इससे ये जाम बढ़कर बदायूं क्लब तक पहुंच गया। वॉटर वर्क्स रोड भी खाली नहीं रहा। यहां भी वाहनों की कतारें लगी रहीं। हालांकि यहां तैनात पुलिस लगातार जाम खुलवाने की कोशिश करती रही लेकिन वाहनों और यात्रियों की ज्यादा संख्या होने से शाम तक जाम की स्थिति बनी रही।