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प्राइवेट स्कूलों में बच्चे मिले तो समाजवादी पेंशन बंद
badaun
Updated Fri, 15 May 2015 06:40 PM IST
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जिले में समाजवादी पेंशन पाने वाले लाभार्थियों के छह से 14 वर्ष के बच्चे अगर प्राइवेट स्कूलों में शिक्षा लेते हुए पाए गए तो ऐसे लाभार्थियों की पेंशन बंद कर दी जाएगी। बेसिक विभाग ने इसके आदेश जारी कर जानकारी जुटाने के लिए स्कूलों को निर्धारित प्रपत्र भेजकर जल्द ही रिकार्ड मांगा है। साथ में समाजवादी पेंशन के लाभार्थियों की सूची भी भेजी गई है।
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गौरतलब है कि लाभार्थी परिवार के छह से 14 वर्ष के बच्चों की जानकारी मांगी है। इसमें कुछ प्रकरण ऐसे होने की पूर्ण आशंका है, जो लाभार्थी समाजवादी पेंशन का लाभ ले रहा है और अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूलों में शिक्षा भी दिलवा रहा है। यानि अगर कोई परिषदीय विद्यालयों में नि:शुल्क शिक्षा न दिलवाए जाने की बजाए प्राइवेट में पढ़ा रहा है, तो इस श्रेणी में कदापि नहीं आ सकता है। लिहाजा वह पेंशन पाने के लिए योग्य नहीं है। इसलिए इस तरह के प्रकरण पर ध्यान रखने के लिए बेसिक विभाग ने पूरे जिले के समस्त परिषदीय विद्यालयों में निर्धारित प्रपत्र सहित समाजवादी पेंशन योजना का लाभ ले रहे लाभार्थियों की सूची भेजकर एक-एक बच्चे का ब्योरा मांगा है। शुक्रवार को यह प्रधानाध्यापकों को प्राप्त भी हो चुका है। प्रभारी बीएसए सोमनाथ विश्वकर्मा ने इसकी तस्दीक की है। इसमें संबंधित प्रधानाध्यापक से जिला, ग्राम पंचायत/वार्ड, लाभार्थी परिवार के मुखिया का नाम, परिवार में छह से 14 वर्ष का बच्चा है, यदि हां तो सभी बच्चे स्कूल जाते हैं/ कहा पढ़ते हैं पूरी जानकारी मांगी है। स्कूल न जाने वालों का विवरण भी मांगा गया है।
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यहां निजी स्कूलों में हो सकते हैं ऐसे बच्चे
दबतोरी। समाजवादी पेंशन पा रहे लाभार्थियों के बच्चे यहां क्षेत्र के गांव में होने की आशंका है। विभागीय लोग बताते हैं कि गांव मुसियानगला, बीधानगला, भरतपुर, आदपुर, लक्ष्मीपुर, संग्रामपुर, परसिया, जलालपुर, मोतीपुरा आदि में ऐसे बच्चे हैं जिनके परिवार पेंशन का लाभ ले रहा हैं और उनके बच्चे परिषदीय स्कूलों में न पढ़कर निजी स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। एनपीआरसी विनेश कुमार शर्मा ने बताया कि सभी को इसके प्रपत्र बांट दिए गए हैं।
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अनुदेशकों पर ज्वाइनिंग करने पर लगी रोक हटी
बदायूं। हाल में हुई अंशकालीन अनुदेशकों की भर्ती में चयनित हुए अभ्यर्थियों की ज्वाइनिंग करने के लिए लगी रोक शासन ने हटा दी है। एक जुलाई से चयनित हुए अंशकालीन अनुदेशक आवंटित हुए स्कूलों में ज्वाइन कर सकेंगे।
गौरतलब है कि शासन की ओर से जारी शासनादेश के मुताबिक मार्च माह में जूनियर स्कूलों में रखे जाने के लिए अंशकालीन अनुदेशकों की भर्ती की गई थी। इसके तहत जिले में करीब सभी वर्गों में 106 अभ्यर्थियों का चयनित किया गया था। लेकिन लखीमपुर में फर्जी मार्कशीट लगाकर आवेदन करने वालों तथा चयनित सूची में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों का मामला सामने आने पर शासन ने पूरे प्रदेश में चयनित हुए अभ्यर्थियों को आवंटित हुए स्कूलों में ज्वाइन करने पर रोक लगा दी थी। जिसपर लगी रोक हटा दी गई। प्रभारी बीएसए सोमनाथ विश्वकर्मा ने बताया कि आदेश आया है। एक जुलाई से ज्वाइनिंग की जाएगी।