{"_id":"5be19ff5bdec226991726289","slug":"81541513205-budaun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिवाली पर धूमधड़ाका सिर्फ दो घंटे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिवाली पर धूमधड़ाका सिर्फ दो घंटे
Updated Tue, 06 Nov 2018 07:36 PM IST
विज्ञापन
जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए आतिशबाजी करने की समय सीमा तय कर दी गई है। इसके बाद धूमधड़ाका किया तो मौके पर पुलिस पहुंचेगी। यह बदलाव रसूलपुर हादसे के बाद काफी सख्ती से लागू किया जाएगा। मध्यरात्रि आतिशबाजी रोकने के लिए पुलिस को चौकन्ना किया गया है।
निर्देश हैं कि दीपावली के मौके पर आतिशबाजी सिर्फ दो घंटे चलाएं। देर रात तक अपने शहर, कस्बे में पटाखे न चलाएं, जिससे दूसरे लोगों को परेशानी हो। इधर, एसएसपी अशोक कुमार ने लोगों को शुभकामना संदेश देते हुए कहा है कि दीपावली प्रेम और सौहार्द का प्रतीक है। ऐसे में कोई ऐसा काम न करें, जिससे दूसरे लोगों को समस्या हो। पटाखे सीमित समय तक ही चलाएं। देर रात पटाखे छोड़े तो मौके पर पुलिस पहुंचेगी। बाकी सुरक्षा के पूरे इंतजाम कर दिए गए हैं। जगह-जगह पुलिस तैनात रहेगी। खुराफातियों पर पैनी नजर रहेगी। अफवाहों पर ध्यान न दें, एक-दूसरे के साथ प्रेम के साथ त्योहार मनाएं। -------------------
फोटो--10
पटाखा बाजार में ‘सीता-गीता’ और ‘चटर पटर’ की धूम
इस बार पटाखा बाजार में रसूलपुर हादसे का असर दिखाई दिया। कम ही लोग मंगलवार को पटाखा खरीदने पहुंचे। हालांकि शाम को बाजार में कुछ भीड़ बढ़ गई। जिससे पटाखा बाजार में रौनक दिखाई दी। इस दौरान सीता गीता और अन्य नामचीन पटाखों की धूम रही। बच्चों ने चटरपटर, रोशनी, फुलझड़ी खूब खरीदे।
विज्ञापन
शहर के श्रीकृष्ण इंटर कॉलेज के मैदान पर लगे पटाखा बाजार में मंगलवार सुबह नाममात्र को खरीदार दिखाई दिए। जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ता गया, उसी तरह ग्राहकों में कुछ बढ़ोतरी होती रही। दोपहर के समय इतनी रौनक नहीं थी हालांकि शाम के समय बाजार में कुछ रौनक बढ़ी। इस दौरान लोगों ने अपनी-अपनी पसंद की आतिशबाजी खरीदी। इसमें सीता गीता, कैंट बंब, क्रेजी किट, बूम, अनार, रॉकेट आदि की खूब बिक्री हुई। तो वहीं बच्चों ने कम बारूद बाले चटरचटर, मुर्गा छाप, फुलझड़ी, चकई आदि को जमकर खरीदा।
पटाखा खरीदने आए लोगों ने बताया कि इस बार बाजार में भीड़ दिखाई नहीं दे रही है। पिछले साल गांधी ग्राउंड के बाजार में लोगों ने धक्कामुक्की करके पटाखे खरीदे थे। परंतु यहां जगह बदलने और रसूलपुर की घटना का असर दिखाई दे रहा है। इससे लोगों की भीड़ कम दिखाई दे रही है।
विज्ञापन
निर्देश हैं कि दीपावली के मौके पर आतिशबाजी सिर्फ दो घंटे चलाएं। देर रात तक अपने शहर, कस्बे में पटाखे न चलाएं, जिससे दूसरे लोगों को परेशानी हो। इधर, एसएसपी अशोक कुमार ने लोगों को शुभकामना संदेश देते हुए कहा है कि दीपावली प्रेम और सौहार्द का प्रतीक है। ऐसे में कोई ऐसा काम न करें, जिससे दूसरे लोगों को समस्या हो। पटाखे सीमित समय तक ही चलाएं। देर रात पटाखे छोड़े तो मौके पर पुलिस पहुंचेगी। बाकी सुरक्षा के पूरे इंतजाम कर दिए गए हैं। जगह-जगह पुलिस तैनात रहेगी। खुराफातियों पर पैनी नजर रहेगी। अफवाहों पर ध्यान न दें, एक-दूसरे के साथ प्रेम के साथ त्योहार मनाएं। -------------------
विज्ञापन
फोटो--10
पटाखा बाजार में ‘सीता-गीता’ और ‘चटर पटर’ की धूम
इस बार पटाखा बाजार में रसूलपुर हादसे का असर दिखाई दिया। कम ही लोग मंगलवार को पटाखा खरीदने पहुंचे। हालांकि शाम को बाजार में कुछ भीड़ बढ़ गई। जिससे पटाखा बाजार में रौनक दिखाई दी। इस दौरान सीता गीता और अन्य नामचीन पटाखों की धूम रही। बच्चों ने चटरपटर, रोशनी, फुलझड़ी खूब खरीदे।
विज्ञापन
शहर के श्रीकृष्ण इंटर कॉलेज के मैदान पर लगे पटाखा बाजार में मंगलवार सुबह नाममात्र को खरीदार दिखाई दिए। जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ता गया, उसी तरह ग्राहकों में कुछ बढ़ोतरी होती रही। दोपहर के समय इतनी रौनक नहीं थी हालांकि शाम के समय बाजार में कुछ रौनक बढ़ी। इस दौरान लोगों ने अपनी-अपनी पसंद की आतिशबाजी खरीदी। इसमें सीता गीता, कैंट बंब, क्रेजी किट, बूम, अनार, रॉकेट आदि की खूब बिक्री हुई। तो वहीं बच्चों ने कम बारूद बाले चटरचटर, मुर्गा छाप, फुलझड़ी, चकई आदि को जमकर खरीदा।
पटाखा खरीदने आए लोगों ने बताया कि इस बार बाजार में भीड़ दिखाई नहीं दे रही है। पिछले साल गांधी ग्राउंड के बाजार में लोगों ने धक्कामुक्की करके पटाखे खरीदे थे। परंतु यहां जगह बदलने और रसूलपुर की घटना का असर दिखाई दे रहा है। इससे लोगों की भीड़ कम दिखाई दे रही है।