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ट्रैफिक मैनेजमेंट फेल, जाम में फंसे रैली में शामिल बच्चे
Updated Wed, 21 Nov 2018 12:19 AM IST
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यातायात व्यवस्था फेल, जाम
में फंसे रैली में शामिल बच्चे
जाम का झाम: डीएम और एसएसपी खुद कर रहे थे रैली की अगुआई
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूूं। शहर में ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह फेल है। जरा सी भीड़ बढ़ते ही चौराहे जाम हो जाते हैं। अफसरों के निर्देश का ट्रैफिक पुलिस पर कुछ घंटे ही असर दिखता है तो थाने और चौकी पर तैनात पुलिस वाले दूसरे कामों में लगे रहते हैं। सबसे प्रमुख रोडवेज चौराहे पर सुबह से लेकर देर शाम तक जाम लगा रहता है। जबकि यहीं गेट पर पुलिस चौकी है। इसी क्रम में मंगलवार को लावेला चौराहे पर जाम लगा तो स्वच्छता रैली में शामिल बच्चे फंस गए। यह अव्यवस्था तब रही जब डीएम और एसएसपी खुद रैली की अगुवाई कर रहे थे। ट्रैफिक और रोडवेज चौकी पुलिस कर्मी लावेला चौराहे पर मौजूद थे।
मंगलवार सुबह करीब 10:30 नगर पालिका से रैली निकाली गई। शहर विधायक महेश गुप्ता, चेयरमैन दीपमाला गोयल, डीएम दिनेश कुमार सिंह, एसएसपी अशोक कुमार सिंह रैली में आगे चल रहे थे। रैली लावेला चौकी पर पहुंची। उस वक्त लावेला चौक पर जाम लगा था। माननीय, अधिकारी और कुछ बच्चे चौराहा पार कर पाए थे। इसी बीच चौराहे पर ट्रैफिक चालू कर दिया गया। इससे रैली में शामिल बच्चे दो हिस्सों में बंट गए। चौराहे पर जाम लगा होने से बच्चे काफी देर तक चौराहे पर फंसे रहे। रैैली में शामिल शिक्षकों और अफसरों के साथ गाड़ियों में चलने वाले पुलिस कर्मियों ने किसी तरह ट्रैफिक को रोककर बच्चों को आगे निकाला।
मंगलवार शाम करीब पांच बजे रोडवेज बस स्टैंड चौराहे पर रोडवेज और डग्गामार बसें सड़क पर खड़ी थीं। इससे चौराहे पर जाम लगा था। चौराहे पर रोडवेज चौकी के पुलिस वाले मौजूद थे, जो जाम खुलवाने के बजाय खड़े देख रहे थे। पुलिस के सामने डग्गामार बस में बरेली को जाने वाली सवारियों को बैठने के लिए आवाज लगाई जा थी। यह नजारा केवल मंगलवार को नहीं, बल्कि रोज होता है।
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क्या बोले लोग
कई दिनों से रैली को लेकर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। इसके बावजूद पुलिस की ओर से रैली को लेकर कोई व्यवस्था नहीं की गई। जाम के दौरान सबसे ज्यादा रैली में शामिल छोटे बच्चों को परेशानी हुई।
- रामेश्वर, शिक्षक
--
जिस रैली में डीएम और एसएसपी खुद शामिल हो। वह रैली जाम की वजह से दो हिस्सो में बंट जाए। ये पुलिस की ट्रैफिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।
-रोहित, राहगीर
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यातायात व्यवस्था फेल, जाम
में फंसे रैली में शामिल बच्चे
जाम का झाम: डीएम और एसएसपी खुद कर रहे थे रैली की अगुआई
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूूं। शहर में ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह फेल है। जरा सी भीड़ बढ़ते ही चौराहे जाम हो जाते हैं। अफसरों के निर्देश का ट्रैफिक पुलिस पर कुछ घंटे ही असर दिखता है तो थाने और चौकी पर तैनात पुलिस वाले दूसरे कामों में लगे रहते हैं। सबसे प्रमुख रोडवेज चौराहे पर सुबह से लेकर देर शाम तक जाम लगा रहता है। जबकि यहीं गेट पर पुलिस चौकी है। इसी क्रम में मंगलवार को लावेला चौराहे पर जाम लगा तो स्वच्छता रैली में शामिल बच्चे फंस गए। यह अव्यवस्था तब रही जब डीएम और एसएसपी खुद रैली की अगुवाई कर रहे थे। ट्रैफिक और रोडवेज चौकी पुलिस कर्मी लावेला चौराहे पर मौजूद थे।
मंगलवार सुबह करीब 10:30 नगर पालिका से रैली निकाली गई। शहर विधायक महेश गुप्ता, चेयरमैन दीपमाला गोयल, डीएम दिनेश कुमार सिंह, एसएसपी अशोक कुमार सिंह रैली में आगे चल रहे थे। रैली लावेला चौकी पर पहुंची। उस वक्त लावेला चौक पर जाम लगा था। माननीय, अधिकारी और कुछ बच्चे चौराहा पार कर पाए थे। इसी बीच चौराहे पर ट्रैफिक चालू कर दिया गया। इससे रैली में शामिल बच्चे दो हिस्सों में बंट गए। चौराहे पर जाम लगा होने से बच्चे काफी देर तक चौराहे पर फंसे रहे। रैैली में शामिल शिक्षकों और अफसरों के साथ गाड़ियों में चलने वाले पुलिस कर्मियों ने किसी तरह ट्रैफिक को रोककर बच्चों को आगे निकाला।
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मंगलवार शाम करीब पांच बजे रोडवेज बस स्टैंड चौराहे पर रोडवेज और डग्गामार बसें सड़क पर खड़ी थीं। इससे चौराहे पर जाम लगा था। चौराहे पर रोडवेज चौकी के पुलिस वाले मौजूद थे, जो जाम खुलवाने के बजाय खड़े देख रहे थे। पुलिस के सामने डग्गामार बस में बरेली को जाने वाली सवारियों को बैठने के लिए आवाज लगाई जा थी। यह नजारा केवल मंगलवार को नहीं, बल्कि रोज होता है।
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क्या बोले लोग
कई दिनों से रैली को लेकर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। इसके बावजूद पुलिस की ओर से रैली को लेकर कोई व्यवस्था नहीं की गई। जाम के दौरान सबसे ज्यादा रैली में शामिल छोटे बच्चों को परेशानी हुई।
- रामेश्वर, शिक्षक
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जिस रैली में डीएम और एसएसपी खुद शामिल हो। वह रैली जाम की वजह से दो हिस्सो में बंट जाए। ये पुलिस की ट्रैफिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रहा है।
-रोहित, राहगीर