{"_id":"6216862e5284a9091e735971","slug":"wounds-to-the-kanwariyas-who-are-giving-pebbles-to-the-road-nazibabad-news-mrt578101210","type":"story","status":"publish","title_hn":"राह के कंकड़ दे रहे कांवड़ियों को जख्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राह के कंकड़ दे रहे कांवड़ियों को जख्म
विज्ञापन
मंडावली के बदहाल मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग से गुजरते कांवड़िये।
- फोटो : NAZIBABAD
राह के कंकड़ दे रहे कांवड़ियों को जख्म
नजीबाबाद/बिजनौर। टूटी सड़क में नुकीले पत्थर और कंकरीट शिवभक्तों के कदमों को दर्द दे रहे हैं। पैर के तलबों में पत्थर चुभता है तो राह मुश्किल दिखने लगती है। यह बातें कांवड़ लेकर शिवालय की तरफ बढ़ रहे शिवभक्ताें ने कही। बोले कि हरिद्वार से भागूवाला तक मंजिल आसान नहीं, लेकिन भागूवाला बाईपास मार्ग से मोटा महादेव मंदिर तक खस्ताहाल मार्ग ने सिर्फ दर्द ही दिया। भगवान भोलेनाथ की भक्ति में आस लगाए कांवड़ियां टूटी सड़क पर भी आगे बढ़ते रहे।
चुभ रहे नुकीले पत्थर
मोटामहादेव मंदिर पर शिवभक्तों का एक जत्था पहुंचा। इनके जत्थे में मुरादाबाद, रुद्रपुर, अनूपशहर के कांवड़िये शामिल रहे। मुरादाबाद के रहने वाले शिवभक्त विक्की हरिद्वार से कांवड़ लेकर जब मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग पर पहुंचे तो उन्होंने अपना दर्द बयां किया। उन्होंने कहा कि हरिद्वार से भागूवाला तक सफर आसानी से तय हुआ, लेकिन मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग के गड्ढों और मार्ग पर पड़ी कंकरीट से उनके पैरों में दर्द हुआ। रुद्रपुर के रहने वाले चंदन सिंह बोले कि भागूवाला बाईपास मार्ग पर नुकीले पत्थर कांवड़ियों के पैरों में चुभ रहे हैं। अनूपशहर निवासी दीपक शर्मा ने बताया कि मार्ग के गड्ढों से कांवड़ियों के कदम डगमगा रहे हैं, मार्ग के क्षतिग्रस्त होने से कांवड़ियों को आवाजाही में परेशानी हो रही है।
मुश्किलों भरी है सात किमी की राह
मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास काफी समय से क्षतिग्रस्त है। सात किलोमीटर के इस संपर्क मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे और नुकीले पत्थर व कंकरीट पड़ी है। मुरादाबाद, कांठ, स्योहारा, धामपुर, ठाकुरद्वारा आदि क्षेत्रों के कांवड़िये इसी मार्ग से मोटा महादेव मंदिर होते हुए गुजरते हैं। छह माह पूर्व मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग पर चौड़ीकरण का कार्य हुआ था, लेकिन वह कार्य भी पूरा नहीं किया गया। ग्रामीणों ने कांवड़ यात्रा से पूर्व मार्ग की मरम्मत कराने की मांग की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बदहाल मार्ग पर धूल उड़ने के कारण शिवभक्तों को कांवड़ यात्रा में भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
विज्ञापन
मौज्जमपुर नारायण कांवड़ मार्ग भी बदहाल
नांगल-चंदक मार्ग और नांगल-भागूवाला नहर पटरी मार्ग क्षतिग्रस्त होने से मेरठ, बुलंदशहर क्षेत्र के कांवड़ियों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इनके अलावा मंडावली से मौज्जमपुर नारायण मार्ग भी बदहाल है। इस रास्ते भी कांवड़ियां गुजरते हैं।
अलीगढ़-मथुरा के शिवभक्त बोले, बेहद खराब है रास्ता
हल्दौर। पैजनियां-चांदपुर मार्ग की मरम्मत नहीं हो सकी है। करीब 10 किमी लंबे इस रास्ते से कांवड़ियां गुजरने लगे हैं। मथुरा और अलीगढ़ के मुकेश सिंह, रमेश चंद, मुरारी लाल, श्यामवीर सिंह, सुखबीर सिंह, दिनेश सिंह आदि कांवड़ियां हरिद्वार से गंगाजल भरकर गांव पैजनियां पहुंचे। उक्त मार्ग की हालत जर्जर देखकर रोष जाहिर किया।
विज्ञापन
नजीबाबाद/बिजनौर। टूटी सड़क में नुकीले पत्थर और कंकरीट शिवभक्तों के कदमों को दर्द दे रहे हैं। पैर के तलबों में पत्थर चुभता है तो राह मुश्किल दिखने लगती है। यह बातें कांवड़ लेकर शिवालय की तरफ बढ़ रहे शिवभक्ताें ने कही। बोले कि हरिद्वार से भागूवाला तक मंजिल आसान नहीं, लेकिन भागूवाला बाईपास मार्ग से मोटा महादेव मंदिर तक खस्ताहाल मार्ग ने सिर्फ दर्द ही दिया। भगवान भोलेनाथ की भक्ति में आस लगाए कांवड़ियां टूटी सड़क पर भी आगे बढ़ते रहे।
चुभ रहे नुकीले पत्थर
मोटामहादेव मंदिर पर शिवभक्तों का एक जत्था पहुंचा। इनके जत्थे में मुरादाबाद, रुद्रपुर, अनूपशहर के कांवड़िये शामिल रहे। मुरादाबाद के रहने वाले शिवभक्त विक्की हरिद्वार से कांवड़ लेकर जब मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग पर पहुंचे तो उन्होंने अपना दर्द बयां किया। उन्होंने कहा कि हरिद्वार से भागूवाला तक सफर आसानी से तय हुआ, लेकिन मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग के गड्ढों और मार्ग पर पड़ी कंकरीट से उनके पैरों में दर्द हुआ। रुद्रपुर के रहने वाले चंदन सिंह बोले कि भागूवाला बाईपास मार्ग पर नुकीले पत्थर कांवड़ियों के पैरों में चुभ रहे हैं। अनूपशहर निवासी दीपक शर्मा ने बताया कि मार्ग के गड्ढों से कांवड़ियों के कदम डगमगा रहे हैं, मार्ग के क्षतिग्रस्त होने से कांवड़ियों को आवाजाही में परेशानी हो रही है।
विज्ञापन
मुश्किलों भरी है सात किमी की राह
मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास काफी समय से क्षतिग्रस्त है। सात किलोमीटर के इस संपर्क मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे और नुकीले पत्थर व कंकरीट पड़ी है। मुरादाबाद, कांठ, स्योहारा, धामपुर, ठाकुरद्वारा आदि क्षेत्रों के कांवड़िये इसी मार्ग से मोटा महादेव मंदिर होते हुए गुजरते हैं। छह माह पूर्व मोटा महादेव-भागूवाला बाईपास मार्ग पर चौड़ीकरण का कार्य हुआ था, लेकिन वह कार्य भी पूरा नहीं किया गया। ग्रामीणों ने कांवड़ यात्रा से पूर्व मार्ग की मरम्मत कराने की मांग की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बदहाल मार्ग पर धूल उड़ने के कारण शिवभक्तों को कांवड़ यात्रा में भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
विज्ञापन
मौज्जमपुर नारायण कांवड़ मार्ग भी बदहाल
नांगल-चंदक मार्ग और नांगल-भागूवाला नहर पटरी मार्ग क्षतिग्रस्त होने से मेरठ, बुलंदशहर क्षेत्र के कांवड़ियों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इनके अलावा मंडावली से मौज्जमपुर नारायण मार्ग भी बदहाल है। इस रास्ते भी कांवड़ियां गुजरते हैं।
अलीगढ़-मथुरा के शिवभक्त बोले, बेहद खराब है रास्ता
हल्दौर। पैजनियां-चांदपुर मार्ग की मरम्मत नहीं हो सकी है। करीब 10 किमी लंबे इस रास्ते से कांवड़ियां गुजरने लगे हैं। मथुरा और अलीगढ़ के मुकेश सिंह, रमेश चंद, मुरारी लाल, श्यामवीर सिंह, सुखबीर सिंह, दिनेश सिंह आदि कांवड़ियां हरिद्वार से गंगाजल भरकर गांव पैजनियां पहुंचे। उक्त मार्ग की हालत जर्जर देखकर रोष जाहिर किया।

नजीबाबाद - मुरादाबाद निवासी विक्की।- फोटो : NAZIBABAD

नजीबाबाद - अनूपशहर निवासी दीपक शर्मा।- फोटो : NAZIBABAD

नजीबाबाद - रुद्रपुर निवासी चंदन सिंह।- फोटो : NAZIBABAD

हरिद्वार से कांवड लेकर धामपुर से गंतव्य को रवाना होते शिवभक्त- फोटो : DHAMPUR