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कर्मचारियों की हड़ताल खत्म
अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Wed, 26 Oct 2016 12:44 AM IST
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बिजनौर में विकास भवन तथा जिले के ब्लॉक कर्मचारियों की बेमियादी हड़ताल को लेकर जिला प्रशासन मंगलवार को बैकफुट पर आ गया। एडीएम प्रशासन ने धरनास्थल पर कर्मचारियों के बीच पहुंचकर मांगों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करने का भरोसा दिया तथा जनहित में आंदोलन समाप्त करने को कहा। इस पर कर्मचारियों ने बेमियादी हड़ताल समाप्त करने की घोषणा कर दी।
सहारनपुर की देवबंद पुलिस द्वारा जलीलपुर तथा किरतपुर के बीडीओ समेत पांच कर्मचारियों को धोखाधड़ी के मामले में जबरन उठा ले जाने और दो का चालान करने के विरोध में विकास भवन के सभी कार्यालयों तथा जिले के 11 ब्लॉक के कर्मचारी शुक्रवार से बेमियादी हड़ताल पर हैं। हड़ताल से विकास भवन तथा ब्लाक में कामकाज ठप है। जरूरतमंद कार्यालय आकर बैरंग लौट रहे हैं। विकास कार्य पूरी तरह ठप है। मंगलवार को एडीएम प्रशासन राममूर्ति मिश्रा धरनास्थल पर पहुंचे। कर्मचारियों ने कहा कि सहारनपुर पुलिस संविधान के मूल अधिकारों का उल्लंघन किया है। कर्मचारियों ने इसकी निंदा करते हुए दोषी पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। आंदोलनकारियों ने कहा कि सहारनपुर पुलिस पकड़े गए कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई न करे। यदि सीडीओ द्वारा गठित जांच समिति कर्मचारियों को दोषी मानती है तो उन के खिलाफ कारवाई हो। दोनों कर्मचारियों के खिलाफ देवबंद थाने में पंजीकृत केस वापस लिए जाएं। कर्मचारियों ने जोर देकर कहा कि प्रशासन इस बात को सुनिश्चित करे कि सहारनपुर पुलिस जैसी कार्रवाई की पुनरावृत्ति आगे नहीं हो। एडीएम ने कर्मचारियों के मान सम्मान को सुरक्षित रखने का भरोसा दिया। उन्होंने कर्मचारियों की सभी मांगों को शासन को भेजने को कहा।
कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष राकेश शर्मा, फेडरेशन आफ मिनिस्ट्रीयल के जिलाध्यक्ष अभिषेक रोड़, ग्राम्य विकास महा परिषद के जिलाध्यक्ष प्रदीप कुमार, ग्राम विकास अधिकरी संघ के जिलाध्यक्ष महेशचंद शर्मा, जिला अध्यक्ष कुलदीप कुमार, खुर्शीद अहमद, सनी तोमर समेत बीडीओ सुधा रानी पाठक आदि रहे।
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सहारनपुर की देवबंद पुलिस द्वारा जलीलपुर तथा किरतपुर के बीडीओ समेत पांच कर्मचारियों को धोखाधड़ी के मामले में जबरन उठा ले जाने और दो का चालान करने के विरोध में विकास भवन के सभी कार्यालयों तथा जिले के 11 ब्लॉक के कर्मचारी शुक्रवार से बेमियादी हड़ताल पर हैं। हड़ताल से विकास भवन तथा ब्लाक में कामकाज ठप है। जरूरतमंद कार्यालय आकर बैरंग लौट रहे हैं। विकास कार्य पूरी तरह ठप है। मंगलवार को एडीएम प्रशासन राममूर्ति मिश्रा धरनास्थल पर पहुंचे। कर्मचारियों ने कहा कि सहारनपुर पुलिस संविधान के मूल अधिकारों का उल्लंघन किया है। कर्मचारियों ने इसकी निंदा करते हुए दोषी पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। आंदोलनकारियों ने कहा कि सहारनपुर पुलिस पकड़े गए कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई न करे। यदि सीडीओ द्वारा गठित जांच समिति कर्मचारियों को दोषी मानती है तो उन के खिलाफ कारवाई हो। दोनों कर्मचारियों के खिलाफ देवबंद थाने में पंजीकृत केस वापस लिए जाएं। कर्मचारियों ने जोर देकर कहा कि प्रशासन इस बात को सुनिश्चित करे कि सहारनपुर पुलिस जैसी कार्रवाई की पुनरावृत्ति आगे नहीं हो। एडीएम ने कर्मचारियों के मान सम्मान को सुरक्षित रखने का भरोसा दिया। उन्होंने कर्मचारियों की सभी मांगों को शासन को भेजने को कहा।
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कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष राकेश शर्मा, फेडरेशन आफ मिनिस्ट्रीयल के जिलाध्यक्ष अभिषेक रोड़, ग्राम्य विकास महा परिषद के जिलाध्यक्ष प्रदीप कुमार, ग्राम विकास अधिकरी संघ के जिलाध्यक्ष महेशचंद शर्मा, जिला अध्यक्ष कुलदीप कुमार, खुर्शीद अहमद, सनी तोमर समेत बीडीओ सुधा रानी पाठक आदि रहे।
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