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टीकम सिंह को कोर्ट ने किया बरी
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Fri, 03 Feb 2017 11:45 PM IST
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बिजनौर में स्पेशल जज भ्रष्टाचार निरोधक बरेली शिव कुमार सिंह ने किरतपुर के सरकारी अस्पताल में कार्यरत टीकम सिंह सेंगर को भ्रष्टाचार द्वारा आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में दोषमुक्त कर दिया है। टीकम सिंह करीब डेढ़ वर्ष से जेल में बंद थे।
कालूराम गुप्ता ने किरतपुर पीएचसी में कार्यरत टीकम सिंह के खिलाफ शिकायत की थी कि उन्होंने भ्रष्ट तरीकों से संपत्ति अर्जित की है। उनके द्वारा अर्जित संपत्ति उनकी आय से बहुत अधिक है। इस मामले में रिपोर्ट दर्ज होने के बाद आय से अधिक संपत्ति व भ्रष्टाचार के आरोप में चार्जशीट भ्रष्टाचार निरोधक स्पेशल जज बरेली की कोर्ट में दाखिल की गई थी। इस मामले की टीकम सिंह का कहना था कि उसने आय से अधिक संपत्ति अर्जित नहीं की है।
कालू राम गुप्ता उससे रंजिश रखते हैं उनकी झूठी शिकायतें करते हैं। इस मामले में कोर्ट में अपने निर्णय में कहा है कि शिकायतकर्ता कालूराम गुप्ता को कोर्ट के समक्ष गवाही के लिए पेश नहीं किया गया है। अभियोजन पक्ष यह साबित करने में भी असफल रहा है कि टीकम सिंह ने ज्ञात स्त्रोतों से अधिक आय अर्जित की है। यह भी साबित नहीं किया गया है कि लोक सेवक के रूप में टीकम सिंह ने कोई बेईमानी की है। अदालत ने टीकम सिंह के खिलाफ केस साबित नहीं होने पर उन्हें बरी कर दिया है।
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कालूराम गुप्ता ने किरतपुर पीएचसी में कार्यरत टीकम सिंह के खिलाफ शिकायत की थी कि उन्होंने भ्रष्ट तरीकों से संपत्ति अर्जित की है। उनके द्वारा अर्जित संपत्ति उनकी आय से बहुत अधिक है। इस मामले में रिपोर्ट दर्ज होने के बाद आय से अधिक संपत्ति व भ्रष्टाचार के आरोप में चार्जशीट भ्रष्टाचार निरोधक स्पेशल जज बरेली की कोर्ट में दाखिल की गई थी। इस मामले की टीकम सिंह का कहना था कि उसने आय से अधिक संपत्ति अर्जित नहीं की है।
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कालू राम गुप्ता उससे रंजिश रखते हैं उनकी झूठी शिकायतें करते हैं। इस मामले में कोर्ट में अपने निर्णय में कहा है कि शिकायतकर्ता कालूराम गुप्ता को कोर्ट के समक्ष गवाही के लिए पेश नहीं किया गया है। अभियोजन पक्ष यह साबित करने में भी असफल रहा है कि टीकम सिंह ने ज्ञात स्त्रोतों से अधिक आय अर्जित की है। यह भी साबित नहीं किया गया है कि लोक सेवक के रूप में टीकम सिंह ने कोई बेईमानी की है। अदालत ने टीकम सिंह के खिलाफ केस साबित नहीं होने पर उन्हें बरी कर दिया है।
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