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Bijnor News: तीन गुलदारों को प्राकृतिक आवास में छोड़ा, चौथे का चल रहा उपचार
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अफजलगढ़। पांच दिन पूर्व नगीना रेंज में विभिन्न गांवों में कैद हुए तीन गुलदारों को उनके प्राकृतिक आवास में छोड़ा गया है जबकि चौथे गुलदार का उपचार कराने के बाद प्राकृतिक आवास में छोड़ा जाएगा।
नगीना क्षेत्र के वन क्षेत्राधिकारी प्रदीप शर्मा ने बताया कि बीती 26 अगस्त को कासमपुरगढ़ी-माधोवाला मार्ग से छह से सात वर्षीय नर गुलदार, अगवानपुर में नौ से 10 वर्षीय नर गुलदार तथा गांव काजीपुरा में तीन वर्षीय मादा गुलदार पिंजरे में कैद हुए थे। अगली रात में मीरपुर घासी में करीब तीन वर्षीय एक और मादा गुलदार पिंजरे में फंस गई थी। चारों को पिंजरे सहित पीलीडैम स्थित वन चौकी ले जाया गया था। जहां सभी गुलदारों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया था।
उच्चाधिकारियों के निर्देश के बाद शनिवार की शाम तीन गुलदारों को उनके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया है। उन्होंने बताया कि अन्य चौथे गुलदार जो अगवानपुर से पकड़ा गया था, उसके चोटिल होने के कारण उपचार चल रहा है। उपचार के बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश के बाद उसे भी प्राकृतिक आवास में छोड़ा जाएगा।
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नगीना क्षेत्र के वन क्षेत्राधिकारी प्रदीप शर्मा ने बताया कि बीती 26 अगस्त को कासमपुरगढ़ी-माधोवाला मार्ग से छह से सात वर्षीय नर गुलदार, अगवानपुर में नौ से 10 वर्षीय नर गुलदार तथा गांव काजीपुरा में तीन वर्षीय मादा गुलदार पिंजरे में कैद हुए थे। अगली रात में मीरपुर घासी में करीब तीन वर्षीय एक और मादा गुलदार पिंजरे में फंस गई थी। चारों को पिंजरे सहित पीलीडैम स्थित वन चौकी ले जाया गया था। जहां सभी गुलदारों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया था।
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उच्चाधिकारियों के निर्देश के बाद शनिवार की शाम तीन गुलदारों को उनके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया है। उन्होंने बताया कि अन्य चौथे गुलदार जो अगवानपुर से पकड़ा गया था, उसके चोटिल होने के कारण उपचार चल रहा है। उपचार के बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश के बाद उसे भी प्राकृतिक आवास में छोड़ा जाएगा।
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