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Bijnor News: आंखों के सामने ही बुझ गए बेटा और बेटी के इकलौते चिराग
Wed, 16 Jul 2025 12:19 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Wed, 16 Jul 2025 12:19 AM IST
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चांदपुर में गांव हिरनाखेड़ी में बुग्गी के नीचे दबने से दो बच्चों की मौत के बाद मौके पर जमा भीड़
बिजनौर। नाना चारा लाने के लिए बुग्गी लेकर निकले तो अनिरुद्ध उर्फ कुश भी सवार हो गया। कुश के साथ साथ उसका ममेरा भाई प्रेरित उर्फ लव भी साथ हो लिया। विरेंद्र सिंह बुग्गी चला रहे थे, रास्ते में हादसा हुआ तो उनकी आंखों के सामने ही धेवता और पौत्र बुग्गी के नीचे दब गए। इस हादसे ने विरेंद्र सिंह के बेटे और बेटी की एक साथ ही दुनिया उजाड़ दी।
गांव मुरलीवाला निवासी रूपक सिरोही के बेटे कुश को अपनी ननिहाल से बेहद लगाव रहा। मामा और नाना भी कुश से बेहद प्यार करते थे। यही वजह रही कि कुश अपने नाना के यहां रहकर पढ़ रहा था। कुश फीना के स्कूल में आठवीं जबकि लव एलकेजी में पढ़ रहा था। दोनों की बालकों को लेकर दोनों ही परिवारों में एकरुपता भी रही। यहीं कारण था कि एक का नाम कुश रखा गया जबकि दूसरे का लव।
अब दोनों ही बालक बुग्गी पर सवार होकर सिर्फ खेतों पर घूमने के लिए निकले थे। मगर रास्ते में बुग्गी पलटी और विरेंद्र सिंह की आंखों के सामने ही उनके धेवते और पौत्र की जिंदगी पर यह हादसा भारी पड़ गया।
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अपने परिवार में इकलौते थे दोनों भाई
लव और कुश दोनों ही परिवार में इकलौते थे। परिवार के लोग दोनों से बहुत ही प्यार करते थे।
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गांव मुरलीवाला निवासी रूपक सिरोही के बेटे कुश को अपनी ननिहाल से बेहद लगाव रहा। मामा और नाना भी कुश से बेहद प्यार करते थे। यही वजह रही कि कुश अपने नाना के यहां रहकर पढ़ रहा था। कुश फीना के स्कूल में आठवीं जबकि लव एलकेजी में पढ़ रहा था। दोनों की बालकों को लेकर दोनों ही परिवारों में एकरुपता भी रही। यहीं कारण था कि एक का नाम कुश रखा गया जबकि दूसरे का लव।
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अब दोनों ही बालक बुग्गी पर सवार होकर सिर्फ खेतों पर घूमने के लिए निकले थे। मगर रास्ते में बुग्गी पलटी और विरेंद्र सिंह की आंखों के सामने ही उनके धेवते और पौत्र की जिंदगी पर यह हादसा भारी पड़ गया।
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अपने परिवार में इकलौते थे दोनों भाई
लव और कुश दोनों ही परिवार में इकलौते थे। परिवार के लोग दोनों से बहुत ही प्यार करते थे।