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Bijnor News: मनमुटाव दूर कराकर 120 परिवारों को बिखरने से बचाया
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- महिला थाना और परिवार परामर्श केंद्र पर कराया गया जोड़ों के बीच सुलह समझौता
- मामूली बातों पर पत्नी और पति के बीच बढ़ रहा विवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। यूं तो शादी को सात जन्मो का बंधन कहा जाता है, मगर आजकल मामूली बातों पर ही दूरी पैदा हो रही हैं। हालांकि महिला थाना और परिवार परामर्श केंद्र पर अप्रैल महीने में 120 जोड़ों के बीच सुलह कराते हुए परिवारों को बिखरने से बचाया गया है।
पति और पत्नी के बीच मामूली बातों से शुरू हुआ मनमुटाव एक-दूसरे से अलग होने तक पहुंच रहा है। पुलिस महकमे के आंकड़े इसकी तस्दीक करने के लिए काफी हैं। परिवार के लोग और रिश्तेदार जब पति और पत्नी के विवादों को नहीं सुलझा पाते हैं तो मामला पुलिस तक पहुंचता है। पति के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और अन्य आरोपों में शिकायती पत्र दिया जाता है, जिससे रिपोर्ट दर्ज हो जाए। हालांकि एसपी कार्यालय में पहुंचने वाले ऐसे शिकायती पत्र को परिवार परामर्श केंद्र भेजा जाता है ताकि कानूनी कार्रवाई के बजाये समझौता हो सके।
पति और पत्नी की काउंसलिंग से सुलझ रहे रिश्ते
एएसपी सिटी संजीव वाजपेयी बताते हैं कि अधिकांश मामलों में मामूली बातों पर हुए विवाद एक-दूसरे पर छींटाकशी और तानेबाजी तक पहुंच जाते हैं। पति और पत्नी को एक साथ बैठाकर काउंसलिंग करने पर सुलह की संभावना बन जाती है। अप्रैल महीने में महिला थाना चांदपुर और बिजनौर में 94 विवाद और परिवार परामर्श केंद्र पर 26 मामलों में पति और पत्नी के विवाद खत्म कर परिवारों को टूटने से बचाया गया है।
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- मामूली बातों पर पत्नी और पति के बीच बढ़ रहा विवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। यूं तो शादी को सात जन्मो का बंधन कहा जाता है, मगर आजकल मामूली बातों पर ही दूरी पैदा हो रही हैं। हालांकि महिला थाना और परिवार परामर्श केंद्र पर अप्रैल महीने में 120 जोड़ों के बीच सुलह कराते हुए परिवारों को बिखरने से बचाया गया है।
पति और पत्नी के बीच मामूली बातों से शुरू हुआ मनमुटाव एक-दूसरे से अलग होने तक पहुंच रहा है। पुलिस महकमे के आंकड़े इसकी तस्दीक करने के लिए काफी हैं। परिवार के लोग और रिश्तेदार जब पति और पत्नी के विवादों को नहीं सुलझा पाते हैं तो मामला पुलिस तक पहुंचता है। पति के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और अन्य आरोपों में शिकायती पत्र दिया जाता है, जिससे रिपोर्ट दर्ज हो जाए। हालांकि एसपी कार्यालय में पहुंचने वाले ऐसे शिकायती पत्र को परिवार परामर्श केंद्र भेजा जाता है ताकि कानूनी कार्रवाई के बजाये समझौता हो सके।
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पति और पत्नी की काउंसलिंग से सुलझ रहे रिश्ते
एएसपी सिटी संजीव वाजपेयी बताते हैं कि अधिकांश मामलों में मामूली बातों पर हुए विवाद एक-दूसरे पर छींटाकशी और तानेबाजी तक पहुंच जाते हैं। पति और पत्नी को एक साथ बैठाकर काउंसलिंग करने पर सुलह की संभावना बन जाती है। अप्रैल महीने में महिला थाना चांदपुर और बिजनौर में 94 विवाद और परिवार परामर्श केंद्र पर 26 मामलों में पति और पत्नी के विवाद खत्म कर परिवारों को टूटने से बचाया गया है।
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