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निजी अस्पतालों में छापे
अमर उजाला/ब्यूरो
Updated Wed, 26 Oct 2016 12:26 AM IST
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बिजनौर में राज हॉस्पिटल में छापे के दौरान जांच करती टीम।
- फोटो : अमर उजाला
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बिजनौर के कन्या भ्रूण परीक्षण सहित अन्य जांच में गड़बड़ी की शिकायतों पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शहर के दो निजी चिकित्सालयों में छापे मारे। यहां संचालित अल्ट्रासाउंड मशीनों की जांच की गई।
परीक्षण से जुड़े मानकों के अनुरूप विशेषज्ञ और दस्तावेजों की मांग की गई। टीम ने दावा किया कि यहां रिकार्ड सही मिला है। बाकी अस्पतालों में भी मानकों की जांच की जाएगी। डीएम से की शिकायत के बाद उनके निर्देश पर एसडीएम अनुज सिंह एवं नोडल अधिकारी डा. प्रमोद देशवाल की टीम ने निरीक्षण शुरू किया। टीम ने शहर के कैलावती एवं राज हास्पिटल पर छापेमारी की। टीम ने अल्ट्रासाउंड मशीनों की गुणवत्ता, किए जा रहे परीक्षण और जांच करने वालेे स्टाफ के बारे में जानकारियां जुटाईं। पिछले दो साल का रिकार्ड देखा गया। नोडल अधिकारी डा. प्रमोद देशवाल ने बताया कि डीएम के समक्ष दोनों अस्पतालोें की शिकायत की गई थी। डीएम के निर्देश पर ही छापेमारी की गई। उन्होंने दावा किया कि छानबीन में रिकार्ड सही पाया गया है। इसके बावजूद चेताया गया है कि अस्पतालों में परीक्षण से लेकर उपचार मानकों का ध्यान रखा जाए ताकि कार्रवाई न करनी पड़े।
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परीक्षण से जुड़े मानकों के अनुरूप विशेषज्ञ और दस्तावेजों की मांग की गई। टीम ने दावा किया कि यहां रिकार्ड सही मिला है। बाकी अस्पतालों में भी मानकों की जांच की जाएगी। डीएम से की शिकायत के बाद उनके निर्देश पर एसडीएम अनुज सिंह एवं नोडल अधिकारी डा. प्रमोद देशवाल की टीम ने निरीक्षण शुरू किया। टीम ने शहर के कैलावती एवं राज हास्पिटल पर छापेमारी की। टीम ने अल्ट्रासाउंड मशीनों की गुणवत्ता, किए जा रहे परीक्षण और जांच करने वालेे स्टाफ के बारे में जानकारियां जुटाईं। पिछले दो साल का रिकार्ड देखा गया। नोडल अधिकारी डा. प्रमोद देशवाल ने बताया कि डीएम के समक्ष दोनों अस्पतालोें की शिकायत की गई थी। डीएम के निर्देश पर ही छापेमारी की गई। उन्होंने दावा किया कि छानबीन में रिकार्ड सही पाया गया है। इसके बावजूद चेताया गया है कि अस्पतालों में परीक्षण से लेकर उपचार मानकों का ध्यान रखा जाए ताकि कार्रवाई न करनी पड़े।
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