फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   Now buses will be monitored with body warnered camera

अब बॉडी वार्न कैमरे के साथ होगी रोडवेज बसों की निगरानी

Fri, 18 Dec 2020 11:23 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 18 Dec 2020 11:23 PM IST
विज्ञापन
Now buses will be monitored with body warnered camera
अब बॉडी वार्न कैमरे के साथ होगी बसों की निगरानी
विज्ञापन

बिजनौर। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की प्रवर्तन टीम अब जांच के दौरान बॉडी वार्न कैमरे का इस्तेमाल करेगी। इसके लिए बिजनौर जनपद की प्रवर्तन टीम को बॉडी वार्न कैमरे मिलेंगे। अक्सर चालक और परिचालक की मिलीभगत से बिना टिकट यात्रियों को यात्रा कराने का मामला सामने आता है और सुबूतों के अभाव में ऐसे आरोपों पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाती है।
बॉडी वार्न कैमरा एक छोटी डिवाइस होती है। इसका प्रयोग अपनी जेब अथवा कॉलर में लगाकर किया जाता है। इससे ऑन रखने पर पूरे घटनाक्रम की रिकॉर्डिंग हो जाती है और किसी को इसका पता भी नहीं चल पाता। इसमें एक ऐसा फीचर होता है, जो संबंधित विभाग के कंट्रोल रूम से जुड़ता है। आमतौर पर होता ये है कि अधिकांश रोडवेज बसों में चालक-परिचालक बिना टिकट ही यात्रियों को विभिन्न स्थानों के लिए यात्रा कराते हैं। इससे उत्तर प्रदेश परिवहन निगम को राजस्व हानि होती है। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक धीरज साहू ने बिजनौर डिपो के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक सहित प्रदेश के अन्य सभी डिपो के क्षेत्रीय प्रबंधकों को इसके लिए निर्देशित किया है। प्रवर्तन दल द्वारा बॉडी वार्न कैमरे का प्रयोग करते हुए प्रवर्तन कार्य कराया जाएगा। प्रत्येक रोडवेज बस के निरीक्षण के समय कैमरे को ऑन रखते हुए मौके की पूरी रिकॉर्डिंग की जाएगी। निरीक्षण कार्य समाप्त होने के बाद रिकॉर्डिंग क्षेत्रीय प्रबंधक या सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय में प्रवर्तन पटल के सहायक के कंप्यूटर पर सुरक्षित रखना होगा।
विज्ञापन

बिजनौर डिपो के एआरएम विनोद कुमार मौर्य ने बताया कि बिना टिकट यात्रियों के गंभीर प्रकृति के प्रकरणों एवं तैनात चालकों व परिचालकों द्वारा निरीक्षणकर्ताओं से किये गए अभद्र व्यवहार की रिकॉर्डिंग की सीडी कर्मचारी के अनुशासनिक प्रकरण में रखी जाएगी, जिससे सुनवाई के समय नियुक्ति अधिकारी, अपीलीय अधिकारी, रिवीजन अधिकारी तथा न्यायालय के समक्ष संबंधित रिकॉर्डिंग को साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत किया जा सके। प्रवर्तन कार्यों से संबंधित अतिसंवेदनशील सीडी को सुरक्षित रखने का दायित्व संबंधित नियुक्ति अधिकारी का होगा। इससे छेड़छाड़ करने पर संबंधित अधिकारी व कर्मचारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि अभी हाल ही में प्रदेश के कुछ डिपो की प्रवर्तन टीम को ये कैमरे दिये गए हैं। जल्द ही बिजनौर जनपद के डिपो को भी मिल जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed