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Chandra Grahan UP: चंद्र ग्रहण से पहले बंद हुए मंदिरों के कपाट, खाद्य पदार्थों में तुलसी के पत्ते डाले
Tue, 08 Nov 2022 11:39 AM IST
Dimple Sirohi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिजनौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिजनौर
Published by: Dimple Sirohi
Updated Tue, 08 Nov 2022 11:39 AM IST
सार
सूर्यग्रहण के बाद आज चंद्रग्रहण की छाया रहेगी। 15 दिनों में यह दूसरा ग्रहण है जो दृश्यमान होगा। चंद्रग्रहण के कारण सूतक काल लगने की वजह से पश्चिमी यूपी में मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए हैं।
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- फोटो : iStock
विस्तार
आज साल का अंतिम ग्रहण होगा। आज 2:39 से चंद्रग्रहण की छाया रहेगी। 15 दिनों में यह दूसरा ग्रहण जो साफ दिखाई देगा। चंद्रग्रहण के कारण पश्चिमी यूपी में मंदिरों के कपाट बंद होना शुरू हो गए। बिजनौर जिले में चंद्र ग्रहण से पहले मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए हैं। चंद्र ग्रहण से 9 घंटे पहले सूतक काल शुरू हो जाता है, जिसके चलते अब चंद्र ग्रहण पूरा होने के बाद ही मंदिर के कपाट खोले जाएंगे। वहीं लोगों ने चंद्र ग्रहण से पहले खाद्य पदार्थों में तुलसी के पत्ते डाले।
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विद्वानों का मानना है कि सूतक काल में कोई शुभ काम नहीं होता है। इसलिए मंदिरों के कपाट बंद हो गए हैं। साथ ही सूतक काल के समय बच्चों का मुंडन नहीं कराया जाता।
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आज चंद्रग्रहण दोपहर में 2:39 से शुरू होकर 6:00 बजे तक होगा। चंद्र ग्रहण समाप्त होने के बाद ही मंदिरों के कपाट को खोला जाएगा और साफ-सफाई के बाद ही पूजा-अर्चना की जाएगी।
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विद्वानों का कहना है कि चंद्र ग्रहण के समय खाद्य पदार्थ दूषित हो जाता है, इसी को बचाने के लिए खाद्य पदार्थों में तुलसी के पत्ते डाले जाते हैं। साथ ही गर्भवती महिलाओं को ग्रहण में नहीं आना चाहिए, क्योंकि चंद्र ग्रहण के समय आने वाले रोशनी गर्भवती महिलाओं के लिए ठीक नहीं होती है।
इसके अलावा चंद्र ग्रहण के समय किसी धारदार चीज का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। बिजनौर में चंद्रग्रहण शाम के समय 3:30 से 5:30 बजे दिखाई देगा।