{"_id":"62f1586a67556d3fad0ddddd","slug":"imam-hussain-is-the-ideal-of-those-who-walk-on-the-path-of-truth-bijnor-news-mrt6004305150","type":"story","status":"publish","title_hn":"सच्चाई के रास्ते पर चलने वालों के आदर्श हैं इमाम हुसैन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सच्चाई के रास्ते पर चलने वालों के आदर्श हैं इमाम हुसैन
विज्ञापन
सच्चाई के रास्ते पर चलने वालों के आदर्श हैं इमाम हुसैन
बिजनौर। मोहर्रम की नवीं तारीख को कदीमी जुलूसे अलम सोमवार को शाम तीन बजे मोहल्ला काजीपाड़ा से बरामद होकर अपने परांपरागत रास्ते से होता मोहल्ला बुखारा स्थित इमाम बाड़ा पहुंचा।
काजीपाड़ा स्थित मरहूम अली अब्बास के आवास पर मजलिस को मौलाना समद अब्बास ने खिताब करते हुए इमाम हुसैन की शहादत को इंसान के लिए एक नमूना -ऐ- अमल बताया। कहा कि इमाम हुसैन हर उस इंसान के लिए आदर्श है, जो हक और सच्चाई के रास्ते पर चलने का हौसला रखता है। मजलिस के बाद सभी मातमी दस्ते अंजुमन अब्बासिया ग्राम पेदी, अंजुमने शाने हैदरी सिरधनी, अंजुमन जुल्फकारे हैदरी खोड़पुरा सादात, अंजुमन सरकारे हुसैनी बुखारा, नोहा रव्वानी, सीनाजनी करती हुई अपने परंपरागत मार्गों से गुजरती हुई सदर बाजार घंटाघर पहुंची। जहां पर सोगवारों ने जंजीरों का मातम बरपा किया।
शाम 8.30 बजे बुल्ला के चौराहे पर मौलाना जीशान हैदर रिजवी ने कर्बला और इमाम हुसैन के हवाले से तकरीर की। उसके बाद तमाम मातमी दस्ते मोहम्मद अफरोज, तनवीर रजा, कमर अब्बास, मोहसिफ, अबुल हसनैन के संचालन में नोहा ख्वानी व सीनाजनी करते देर शाम इमाम बाड़ा बुखारा पहुंचकर संपन्न हो गया। जुलूस में नोहा ख्वानी, लख्ते हसन, कामरान, ताहिर, सलमान ताहिर, फैसल, मोहम्मदा मेंहदी, अनवर अब्बास, मेहशर कमाल आदि ने की।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। मोहर्रम की नवीं तारीख को कदीमी जुलूसे अलम सोमवार को शाम तीन बजे मोहल्ला काजीपाड़ा से बरामद होकर अपने परांपरागत रास्ते से होता मोहल्ला बुखारा स्थित इमाम बाड़ा पहुंचा।
काजीपाड़ा स्थित मरहूम अली अब्बास के आवास पर मजलिस को मौलाना समद अब्बास ने खिताब करते हुए इमाम हुसैन की शहादत को इंसान के लिए एक नमूना -ऐ- अमल बताया। कहा कि इमाम हुसैन हर उस इंसान के लिए आदर्श है, जो हक और सच्चाई के रास्ते पर चलने का हौसला रखता है। मजलिस के बाद सभी मातमी दस्ते अंजुमन अब्बासिया ग्राम पेदी, अंजुमने शाने हैदरी सिरधनी, अंजुमन जुल्फकारे हैदरी खोड़पुरा सादात, अंजुमन सरकारे हुसैनी बुखारा, नोहा रव्वानी, सीनाजनी करती हुई अपने परंपरागत मार्गों से गुजरती हुई सदर बाजार घंटाघर पहुंची। जहां पर सोगवारों ने जंजीरों का मातम बरपा किया।
विज्ञापन
शाम 8.30 बजे बुल्ला के चौराहे पर मौलाना जीशान हैदर रिजवी ने कर्बला और इमाम हुसैन के हवाले से तकरीर की। उसके बाद तमाम मातमी दस्ते मोहम्मद अफरोज, तनवीर रजा, कमर अब्बास, मोहसिफ, अबुल हसनैन के संचालन में नोहा ख्वानी व सीनाजनी करते देर शाम इमाम बाड़ा बुखारा पहुंचकर संपन्न हो गया। जुलूस में नोहा ख्वानी, लख्ते हसन, कामरान, ताहिर, सलमान ताहिर, फैसल, मोहम्मदा मेंहदी, अनवर अब्बास, मेहशर कमाल आदि ने की।
विज्ञापन