UP: बाढ़ जैसे हालात देख अटकीं लोगों की सांसें, गांवों में नाव से कर रहे सफर, जानिए बिजनौर का हाल
Bijnor News : बिजनौर जिले में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। वहीं, बाढ़ जैसे हालात को देखकर लोगों की सांसें अटकीं हुईं हैं। उधर, कई गांवों में लोग नाव में सफर करने को मजबूर हो रहे हैं।
विस्तार
उत्तर प्रदेश के बिजनौर शहर में नदियों में आए तेज बहाव से बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। दर्जनों गांवों में हर तरफ पानी ही पानी भरा है और फसलें जलमग्न हो गईं हैं। यह नहीं लोगों के घरों में भी पानी घुस गया है, जिस कारण लोग छतों व सड़कों पर आकर दिन और रात गुजारने को मजबूर हो रहे हैं। ऐसे में कई लोग तो अपने आशियानों को छोड़कर पलायन करने को मजबूर भी हो रहे हैं। आइए विस्तार से बताते हैं कि जिले का हाल-
बेगावाला का हाल
बेगावाला में शुक्रवार की शाम से ही मालन नदी का जलस्तर बढ़ने लगा था। लोगों के दिलों की धड़कनें तेज होने लगी थीं, क्योंकि नदी पर बना तटबंध जर्जर हालत में था। जिससे पानी तटबंध को तोड़कर बाहर आने की पूरी संभावना थी। लेकिन ग्रामीणों ने तटबंध पर मिट्टी डाली और उनकी मेहनत रंग लाई। फिलहाल तटबंध के ठीक होने से ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।
ग्रामीण जयवीर सिंह, राजेंद्र सिंह, राकेश चौधरी आदि का कहना है कि यदि अब दोबारा से बारिश होने पर पानी बढ़ता है तो तटबंध टूटने का पूरा खतरा है। ग्रामीण अनुदीप चौधरी, जयपाल सिंह, सुरेंद्र सिंह आदि ने प्रशासन से मांग की है कि इस तटबंध को जल्द से जल्द ठीक कराया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि अगर प्रशासन ने तटबंध को ठीक नहीं कराया तो कई गांवों पर आफत टूट पड़ेगी।
अब नाव का सहारा ले रहे लोग
ब्रह्मपुरी में मालन और गंगा का पानी भले ही कम हुआ हो लेकिन गांव में अभी भी उतना ही पानी भरा हुआ है। इस समय गांवों का आलम यह है कि जिस घर में पैदल चले जाते थे, आज उसी घर में जाने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ रहा है। वहीं, ऐसे में बच्चे और बूढ़े बहुत ज्यादा परेशान हो गए हैं। लोगों को खाने के लिए सब्जी और रोटी का इंतजाम करना बहुत मुश्किल हो रहा है।
पशुओं के चारे पर संकट
किसान सुरेंद्र सिंह, हीरा सिंह का कहना है कि पशु भूख से मरे जा रहे हैं। उनके लिए चारे की व्यवस्था भी नहीं हो पा रही है। जंगलों में चारों ओर पानी भरा पड़ा है। बताया गया कि सभी फसलें पानी में डूब गईं हैं।
उधर, बिजनौर से रावली रोड पर बड़कला के पास दो से तीन फीट पानी सड़क पर चल रहा है, जिसमें बच्चे आनंद ले रहे हैं। वहीं, मुजफ्फरपुर केशो गांव में भी पानी भरा हुआ है जो लोगों की परेशानी का सबब बना हुआ है।
बाकरपुर गढ़ी में मालन नदी पर बने तटबंध की सुरक्षा के मद्देनजर बीती रात प्रशासन को बहुत मशक्कत उठानी पड़ी। प्रशासन एसडीएम सदर, अन्य कर्मी और धामपुर खंड अधीक्षण अभियंता मध्यरात्रि तक बाकरपुर गढ़ी में डेरा डाले हुए थे। मध्यरात्रि में एसपी ने भी गांव का दौरा किया और ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि यदि कोई समस्या आती है तो बेझिझक मुझसे संपर्क किया जा सकता है। सभी प्रशासनिक अधिकारी पानी के कम होने पर ही वापस गए।