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कहीं पहचान खुलने के डर सेे तो नहीं की हत्या
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कहीं पहचान खुलने के डर सेे तो नहीं की हत्या
स्योहारा(बिजनौर)। गांव गंगाधरपुर के जंगलों में शनिवार रात मिला शव मुरादाबाद मझोला थाने के मिलन विहार निवासी व्यापारी कुलदीप का निकला। बदमाशों द्वारा व्यापारी का अपहरण कर फिरौती लेने के बाद भी हत्या करके थानाक्षेत्र के जंगलों में डालने का मामला सामने आया है। मृतक के परिजनों की ओर से मुरादाबाद के पाकबड़ा थाने में अपहरण कर चार लाख रुपये फिरौती का मुुकदमा दर्ज कराया था, हालांकि हत्या का कारण बदमाशों की पहचान खुलने का डर भी माना जा रहा है। उधर, अब इस पूरे मामले की जांच मुरादाबाद की पाकबाड़ा पुलिस करेगी।
पाकबड़ा थाने में दर्ज घटनाक्रम के अनुसार मझोला थाने के मिलन विहार निवासी 45 वर्षीय कुलदीप गुप्ता का थाना पाकबड़ा के डीगरपुर मे आटो पार्ट्स का कारोबार है। कुलदीप गुप्ता चार जून को सुबह दुकान गए थे, जहां से 11 बजे अज्ञात व्यक्ति के साथ अपने नौकर मासूक अली से यह कह कर कि अगर देर हो जाए तो दुकान बंद कर देना। कुलदीप गुप्ता ने दोपहर एक बजे मोबाइल से पत्नी को कॉल कर बैंक से चार लाख रुपये निकाल कर लाने को कहा, उन्होंने यह रकम दुकान के नौकर मासूक अली को देने के लिये कहते हुए बताया कि वह यह रकम दुकान पर पहुंचने वाले व्यक्ति को दे दे। इससे आगे कुलदीप ने पत्नी को कुछ भी बताने से इंकार कर दिया। पत्नी सुनीता ने चार लाख रुपये निकालकर नौकर को दे दी। नौकर मासूक से दोपहर ढाई बजे बिना नंबर प्लेट लगी बाइक सवार जिसने काला हेलमेट लगा रखा था रकम लेकर चला गया। शाम चार बजे कुलदीप की मोबाइल पर पुत्र से बात हुई, उसने बताया कि रकम मुझे मिल गई है। हिसाब करके शीघ्र ही घर आ जाऊंगा। उसके बाद से कुलदीप का मोबाइल बंद हो गया। फिर शनिवार रात कुलदीप का शव गंगाधरपुर के जंगलों में मिला। मृतक के भाई ने बताया कि कुलदीप की हत्या गला दबाकर की गई है, ऐसा लगता है। उसके सर और चेहरे पर चोट के निशान थे। उधर, यह भी माना जा रहा है कि बदमाशों ने पहचान खुलने के डर से फिरौती लेने के बावजूद कुलदीप की हत्या कर दी। पुलिस हर बिंदु पर जांच कर रही है। थानाध्यक्ष नरेंद्र कुमार गौड़ ने बताया कि मामला मुरादाबाद पाकबाडा थाने में दर्ज है। पंचनामा भर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। केस की जांच मुरादाबाद पाकबाड़ा थाने की पुलिस करेगी।
किसके साथ बाइक पर गया था कुलदीप, पुलिस तलाश रही जवाब
स्योहारा। जिस प्रकार कुलदीप दुकान से उठ कर एक व्यक्ति के साथ बाइक पर बैठ कर गए उससे तो हत्यारे पहचान वाले ही लगते हैं। शायद फिरौती लेना बहाना रहा हो मकसद कुलदीप की हत्या करना ही था। दुकान के नौकर मासूक ने परिजनों को बताया कि अज्ञात व्यक्ति हेलमेट पहनने, बिना नंबर की बाइक से मालिक कुलदीप से मिलने आया था। थोड़ी देर वार्ता करने के बाद मालिक उसकी बाइक पर बैठ कर चले गए। एक अज्ञात व्यक्ति दोपहर ढाई बजे दुकान से पैसे लेने आया। वहीं सवाल यह भी है कि हत्यारों का ग्राम गोवर्धनपुर से क्या संबंध है। क्या दो दिन तक कुलदीप को यहीं रखा गया या हत्या करके मुरादाबाद से 60 किमी यहां लाकर फेंका गया। थानाध्यक्ष नरेंद्र कुमार गौड़ के अनुसार मामले की जांच पाकबाड़ा पुलिस कर रही है।
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स्योहारा(बिजनौर)। गांव गंगाधरपुर के जंगलों में शनिवार रात मिला शव मुरादाबाद मझोला थाने के मिलन विहार निवासी व्यापारी कुलदीप का निकला। बदमाशों द्वारा व्यापारी का अपहरण कर फिरौती लेने के बाद भी हत्या करके थानाक्षेत्र के जंगलों में डालने का मामला सामने आया है। मृतक के परिजनों की ओर से मुरादाबाद के पाकबड़ा थाने में अपहरण कर चार लाख रुपये फिरौती का मुुकदमा दर्ज कराया था, हालांकि हत्या का कारण बदमाशों की पहचान खुलने का डर भी माना जा रहा है। उधर, अब इस पूरे मामले की जांच मुरादाबाद की पाकबाड़ा पुलिस करेगी।
पाकबड़ा थाने में दर्ज घटनाक्रम के अनुसार मझोला थाने के मिलन विहार निवासी 45 वर्षीय कुलदीप गुप्ता का थाना पाकबड़ा के डीगरपुर मे आटो पार्ट्स का कारोबार है। कुलदीप गुप्ता चार जून को सुबह दुकान गए थे, जहां से 11 बजे अज्ञात व्यक्ति के साथ अपने नौकर मासूक अली से यह कह कर कि अगर देर हो जाए तो दुकान बंद कर देना। कुलदीप गुप्ता ने दोपहर एक बजे मोबाइल से पत्नी को कॉल कर बैंक से चार लाख रुपये निकाल कर लाने को कहा, उन्होंने यह रकम दुकान के नौकर मासूक अली को देने के लिये कहते हुए बताया कि वह यह रकम दुकान पर पहुंचने वाले व्यक्ति को दे दे। इससे आगे कुलदीप ने पत्नी को कुछ भी बताने से इंकार कर दिया। पत्नी सुनीता ने चार लाख रुपये निकालकर नौकर को दे दी। नौकर मासूक से दोपहर ढाई बजे बिना नंबर प्लेट लगी बाइक सवार जिसने काला हेलमेट लगा रखा था रकम लेकर चला गया। शाम चार बजे कुलदीप की मोबाइल पर पुत्र से बात हुई, उसने बताया कि रकम मुझे मिल गई है। हिसाब करके शीघ्र ही घर आ जाऊंगा। उसके बाद से कुलदीप का मोबाइल बंद हो गया। फिर शनिवार रात कुलदीप का शव गंगाधरपुर के जंगलों में मिला। मृतक के भाई ने बताया कि कुलदीप की हत्या गला दबाकर की गई है, ऐसा लगता है। उसके सर और चेहरे पर चोट के निशान थे। उधर, यह भी माना जा रहा है कि बदमाशों ने पहचान खुलने के डर से फिरौती लेने के बावजूद कुलदीप की हत्या कर दी। पुलिस हर बिंदु पर जांच कर रही है। थानाध्यक्ष नरेंद्र कुमार गौड़ ने बताया कि मामला मुरादाबाद पाकबाडा थाने में दर्ज है। पंचनामा भर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। केस की जांच मुरादाबाद पाकबाड़ा थाने की पुलिस करेगी।
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किसके साथ बाइक पर गया था कुलदीप, पुलिस तलाश रही जवाब
स्योहारा। जिस प्रकार कुलदीप दुकान से उठ कर एक व्यक्ति के साथ बाइक पर बैठ कर गए उससे तो हत्यारे पहचान वाले ही लगते हैं। शायद फिरौती लेना बहाना रहा हो मकसद कुलदीप की हत्या करना ही था। दुकान के नौकर मासूक ने परिजनों को बताया कि अज्ञात व्यक्ति हेलमेट पहनने, बिना नंबर की बाइक से मालिक कुलदीप से मिलने आया था। थोड़ी देर वार्ता करने के बाद मालिक उसकी बाइक पर बैठ कर चले गए। एक अज्ञात व्यक्ति दोपहर ढाई बजे दुकान से पैसे लेने आया। वहीं सवाल यह भी है कि हत्यारों का ग्राम गोवर्धनपुर से क्या संबंध है। क्या दो दिन तक कुलदीप को यहीं रखा गया या हत्या करके मुरादाबाद से 60 किमी यहां लाकर फेंका गया। थानाध्यक्ष नरेंद्र कुमार गौड़ के अनुसार मामले की जांच पाकबाड़ा पुलिस कर रही है।
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