फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   dhakola mein likha makan bikau hai

अब ढकौला गांव में लिखा ‘यह मकान बिकाऊ है’

Fri, 19 Aug 2016 11:22 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, बिजनौर
अमर उजाला ब्यूरो, बिजनौर Updated Fri, 19 Aug 2016 11:22 PM IST
विज्ञापन
dhakola mein likha makan bikau hai
नहटौर के गांव ढकौला में घरों के बाहर लिखा मकान बिकाऊ है। - फोटो : अमर उजाला
शामली जिले के कैराना प्रकरण का मामला अभी ठंडा ही नहीं पड़ा था कि गांव ढकौला में पुलिस की एकपक्षीय कार्रवाई से खफा होकर लोगों ने अब अपने घरों के बाहर यह मकान बिकाऊ तक लिख दिया है। एक समुदाय के लोग इतने भयभीत है कि वह अपने बच्चों को स्कूल तक नहीं भेज रहे हैं। दूसरे समुदाय के लोगों ने पुलिस फोर्स के हटते ही धर्मस्थल से अजान शुरू कर दी है। कई ग्रामीणों ने गांव छोड़ने का फैसला कर लिया है। 
विज्ञापन

शामली जिले के कैराना में करीब दो-तीन महीने पहले भाजपा सांसद हुकुम सिंह ने एक समुदाय के लोगों का पलायन का मामला प्रमुखता से उठाया था। इस मामले को केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात कर उन्हें अवगत कराया था। कैराना सांसद हुकुम सिंह ने उन्हें बताया था कि प्रदेश में कानून व्यवस्था लचर होने के कारण सैकड़ों लोग पलायन कर चुके हैं। कई लोगों ने अपने घरों के आगे यह मकान बिकाऊ लिख दिया है। यह मामला मीडिया में सुर्खियां बनने के बाद पूरे देश में हाय तौबा मच गई थी।  
विज्ञापन

इसी कड़ी में बिजनौर जिले के गांव ढकौला में दो समुदायों के बीच धर्मस्थलों को लेकर काफी दिनों से विवाद चला आ रहा है। यह गांव मुस्लिम बहुल है। हिंदू समुदाय के कम लोग ही यहां रहते हैं। दो वर्ष पूर्व गांव में मस्जिद का निर्माण शुरू होने पर मामला गरमा गया था। पुलिस ने इस निर्माण पर रोक लगा दी थी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


इस बीच मस्जिद पर पुन: निर्माण करने व लाउडस्पीकर लगाने पर हिंदू समुदाय के लोगों ने भी गांव में मंदिर बनाने के लिए साफ सफाई शुरू कर दी। इस पर मुस्लिम समाज ने एतराज जताया। पुलिस ने बिना अनुमति के निर्माण करने पर रोक लगा दी। आरोप है कि पुलिस ने मस्जिद के निर्माण को नहीं रोका। एक समुदाय के लोगों ने इसकी शिकायत एसडीएम धामपुर से की।  तहसील अधिकारियों व पुलिस ने गांव जाकर बिना अनुमति के निर्माण पर रोक लगा दी। आरोप है कि विवाद के चलते एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के एक घर पर हमला बोल दिया। एक दुकान से बोतलें उठाकर घरों पर फेंककर डराया धमकाया गया। दोनों पक्ष थाने पहुंच गए।


आरोप है कि पुलिस ने एक पक्षीय कार्रवाई की। गांव से पुलिस हटते ही मस्जिद पर लाउडस्पीकर चालू करके अजान की गई और नमाज भी पढ़ी गई। इससे खफा कई लोगों ने घरों को छोड़ने का फैसला करते हुए अपने घरों के बाहर मकान बिकाऊ तक लिख दिया है। गांव निवासी राजकुमार सिंह, देवेंद्र सिंह, सोमपाल, रामपाल, जय सिंह, लखपत       सिंह, जगराम, नरेश कुमार, सुरेंद्र कुमार, राजपाल, शेर सिंह आदि ने अपने घरों पर मकान बिकाऊ लिख दिया है। उधर, ग्राम प्रधान के पति इसरार अहमद का         कहना है कि कुछ लोग मामले को तूल दे रहे है। घर छोड़ने की सूचना पर प्रशासन में हड़कंप  मच गया। कई आला अधिकारियों ने गांव में डेरा डाल दिया है।  उधर, एसओ अता मोहम्मद का कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed