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मिलक मुकीमपुर में रिटायर्ड शिक्षक की हत्या, शव पीएम को भेजा
Updated Mon, 14 Aug 2017 01:13 AM IST
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धामपुर। गांव मिलक मुकीमपुर में पशुशाला में सो रहे सेवानिवृत्त शिक्षक की किसी ने हत्या कर दी। हालांकि अभी तब परिवारीजनों की तरफ से घटना की तहरीर नहीं दी गई है। सूचना मिलने पर सीओ ने घटनास्थल की जांच की और कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मृतक के पुत्र कुलवंत ने बताया कि उनके 82 वर्षीय पिता मास्टर रामपाल सिंह पुत्र थम्मन सिंह शनिवार रात रोज की तरह से पशुशाला में पशुओं की सुरक्षा के लिए सोने के लिए गए थे। पशुशाला और घर में करीब आधा किलोमीटर का अंतर है। जब रविवार सवेरे वह और उनकी पत्नी कविता भैंस दुहने के लिए पशुशाला में गए तो उनके आवाज लगाने के बाद भी रामपाल सिंह ने पशुशाला का भीतर से लगे ताले को नहीं खोला। काफी देर तक शोर मचाने के बाद जब कोई हरकत नहीं हुई तो कुलवंत ने पड़ोस के घर से दीवार फांदकर अपनी पशुशाला में पहुंचकर गेट खोला। गेट खोलने के बाद जब वह पशुशाला में बने बरामदे में पहुंचे तो रामपाल सिंह चारपाई के पास औंधेमुंह पड़े थे। उनके मुंह से खून बह रहा था। गले पर चोट के निशान थे। घटना का पता अन्य ग्रामीणों को लगने पर किसी ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने तहकीकात की, लेकिन परिवारीजनों द्वारा इस संबंध में पुलिस को कोई जानकारी नहीं दी गई। केवल इतना ही बताया कि सोने गए थे उनकी मौत हो गई। मौत कैसे हुई उन्हें भी नहीं पता। मृतक रामपाल सिंह को गांव के लोग मिलनसार व्यक्ति बता रहे थे। सीओ सुशील कुमार ने बताया कि मृतक के चेहरे पर चोट के निशान हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही सही जानकारी मिल सकेगी।
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मृतक के पुत्र कुलवंत ने बताया कि उनके 82 वर्षीय पिता मास्टर रामपाल सिंह पुत्र थम्मन सिंह शनिवार रात रोज की तरह से पशुशाला में पशुओं की सुरक्षा के लिए सोने के लिए गए थे। पशुशाला और घर में करीब आधा किलोमीटर का अंतर है। जब रविवार सवेरे वह और उनकी पत्नी कविता भैंस दुहने के लिए पशुशाला में गए तो उनके आवाज लगाने के बाद भी रामपाल सिंह ने पशुशाला का भीतर से लगे ताले को नहीं खोला। काफी देर तक शोर मचाने के बाद जब कोई हरकत नहीं हुई तो कुलवंत ने पड़ोस के घर से दीवार फांदकर अपनी पशुशाला में पहुंचकर गेट खोला। गेट खोलने के बाद जब वह पशुशाला में बने बरामदे में पहुंचे तो रामपाल सिंह चारपाई के पास औंधेमुंह पड़े थे। उनके मुंह से खून बह रहा था। गले पर चोट के निशान थे। घटना का पता अन्य ग्रामीणों को लगने पर किसी ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने तहकीकात की, लेकिन परिवारीजनों द्वारा इस संबंध में पुलिस को कोई जानकारी नहीं दी गई। केवल इतना ही बताया कि सोने गए थे उनकी मौत हो गई। मौत कैसे हुई उन्हें भी नहीं पता। मृतक रामपाल सिंह को गांव के लोग मिलनसार व्यक्ति बता रहे थे। सीओ सुशील कुमार ने बताया कि मृतक के चेहरे पर चोट के निशान हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही सही जानकारी मिल सकेगी।
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