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ग्रामीणों का हरेवली में पैथोलॉजी लैब के बाहर मृतक का शव रखकर प्रदर्शन
Updated Sat, 17 Jun 2017 12:48 AM IST
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पैथोलॉजी लैब के बाहर
शव रखकर प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
धामपुर/हरेवली (बिजनौर)।
गांव परमावाला के ग्रामीणों ने हरेवली में एक पैथोलॉजी लैब के बाहर 12 वर्षीय किशोर का शव रखकर करीब आधा घंटे तक प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि लैब की गलत रिपोर्ट के कारण की गलत उपचार से उसकी मौत हुई है।
गांव परमावाला निवासी रोहिताश कुमार सिंह ने बताया कि उसके 12 वर्षीय पुत्र प्रिंस कुमार की तबीयत खराब थी। 20 दिन में उसने प्रिंस की हरेवली सिथत एक पैथोलॉजी लैब से दो बार विभिन्न जांच कराईं। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही उसने डाक्टरों से पुत्र का इलाज कराया। तबीयत और बिगड़ी तो वह उसे धामपुर के निजी अस्पताल में ले गया। डाक्टरों ने उसे मुरादाबाद रेफर कर दिया। वहां भी हालत में सुधार न हुआ तो डॉक्टरों ने उसे दिल्ली रेफर कर दिया। बृहस्पतिवार रात दिल्ली ले जाते समय मेरठ में उसकी मौत हो गई।
शव लेकर लैब के बाहर प्रदर्शन कर रहे लोगों के गुस्से को देखते हुए कर्मचारी इधर-उधर हो गए। घटना का पता लगने पर पुलिस पहुंची और लोगों को समझाया। किशोर के पिता ने पैथोलॉजी स्वामी के खिलाफ गलत रिपोर्ट देने का आरोप लगाते हुए नामजद तहरीर दी है। अभी पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। एसओ का कहना है कि जांच के दौरान आरोप सही पाने पर ही रिपोर्ट दर्ज होगी। उधर, पुलिस के भरोसे पर प्रदर्शनकारियों ने शव का रामगंगा के तट पर अंतिम संस्कार कर दिया। इस बीच, लैब संचालक ने ग्रामीणों के आरोपों को गलत बताया है।
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शव रखकर प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
धामपुर/हरेवली (बिजनौर)।
गांव परमावाला के ग्रामीणों ने हरेवली में एक पैथोलॉजी लैब के बाहर 12 वर्षीय किशोर का शव रखकर करीब आधा घंटे तक प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि लैब की गलत रिपोर्ट के कारण की गलत उपचार से उसकी मौत हुई है।
गांव परमावाला निवासी रोहिताश कुमार सिंह ने बताया कि उसके 12 वर्षीय पुत्र प्रिंस कुमार की तबीयत खराब थी। 20 दिन में उसने प्रिंस की हरेवली सिथत एक पैथोलॉजी लैब से दो बार विभिन्न जांच कराईं। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही उसने डाक्टरों से पुत्र का इलाज कराया। तबीयत और बिगड़ी तो वह उसे धामपुर के निजी अस्पताल में ले गया। डाक्टरों ने उसे मुरादाबाद रेफर कर दिया। वहां भी हालत में सुधार न हुआ तो डॉक्टरों ने उसे दिल्ली रेफर कर दिया। बृहस्पतिवार रात दिल्ली ले जाते समय मेरठ में उसकी मौत हो गई।
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शव लेकर लैब के बाहर प्रदर्शन कर रहे लोगों के गुस्से को देखते हुए कर्मचारी इधर-उधर हो गए। घटना का पता लगने पर पुलिस पहुंची और लोगों को समझाया। किशोर के पिता ने पैथोलॉजी स्वामी के खिलाफ गलत रिपोर्ट देने का आरोप लगाते हुए नामजद तहरीर दी है। अभी पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। एसओ का कहना है कि जांच के दौरान आरोप सही पाने पर ही रिपोर्ट दर्ज होगी। उधर, पुलिस के भरोसे पर प्रदर्शनकारियों ने शव का रामगंगा के तट पर अंतिम संस्कार कर दिया। इस बीच, लैब संचालक ने ग्रामीणों के आरोपों को गलत बताया है।
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