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Bijnor News: शहर कोतवाल ने 44 सेकेंड में खोलकर बांध दिया पिस्टल
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। शहर कोतवाल ने महज 44 सेकेंड में पिस्टल को खोलकर फिर से बांध दिया जबकि आबकारी चौकी प्रभारी को 51 सेकेंड लगे। बाकी अन्य को एक मिनट से ज्यादा का वक्त लग गया। मौका था, शहर कोतवाली के वार्षिक मुआयना का।
मंगलवार को एसपी नीरज कुमार जादौन ने शहर कोतवाली का वार्षिक निरीक्षण किया। एसपी ने थाना कार्यालय, परिसर, भोजनालय, बैरिक, मालखाना, महिला हेल्प डेस्क, थाने की राजकीय सम्पत्ति व अभिलेख आदि को चेक किया गया। भोजनालय में गंदगी मिलने पर साफ सफाई के निर्देश दिए। उन्होंने कोतवाली परिसर में लगे वाहनों के अंबार का निस्तारण करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि कोतवाली की जमीन की खतौनी और राजस्व रिकार्ड का मिलान करवाकर यह देख लिया जाए कि जमीन के किसी हिस्से पर अवैध कब्जा तो नहीं है। इसके साथ ही असलहा चलाने और खोलना बांधने में पुलिसकर्मियों की महारत को भी देखा।
शहर कोतवाली सुशील कुमार ने महज 44 सेकेंड में पिस्टल को खोलकर फिर से बांध दिया। इनके अलावा दरोगा मीर हसन ने एक मिनट में, दरोगा यशदेव शर्मा ने 51 सेकेंड, दरोगा कुलदीप ने पचास सेकेंड में पिस्टल खोलकर फिर से जोड़ दिया। बॉडी प्रोटेक्टर पहन लिया, हेलमेट, एल्गो गार्ड पहनने के अभ्यास को भी परखा गया। शौचालयों की साफ सफाई के निर्देश दिए। साथ ही चौकीदारों को छाता वितरित किए गए।
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बिजनौर। शहर कोतवाल ने महज 44 सेकेंड में पिस्टल को खोलकर फिर से बांध दिया जबकि आबकारी चौकी प्रभारी को 51 सेकेंड लगे। बाकी अन्य को एक मिनट से ज्यादा का वक्त लग गया। मौका था, शहर कोतवाली के वार्षिक मुआयना का।
मंगलवार को एसपी नीरज कुमार जादौन ने शहर कोतवाली का वार्षिक निरीक्षण किया। एसपी ने थाना कार्यालय, परिसर, भोजनालय, बैरिक, मालखाना, महिला हेल्प डेस्क, थाने की राजकीय सम्पत्ति व अभिलेख आदि को चेक किया गया। भोजनालय में गंदगी मिलने पर साफ सफाई के निर्देश दिए। उन्होंने कोतवाली परिसर में लगे वाहनों के अंबार का निस्तारण करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि कोतवाली की जमीन की खतौनी और राजस्व रिकार्ड का मिलान करवाकर यह देख लिया जाए कि जमीन के किसी हिस्से पर अवैध कब्जा तो नहीं है। इसके साथ ही असलहा चलाने और खोलना बांधने में पुलिसकर्मियों की महारत को भी देखा।
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शहर कोतवाली सुशील कुमार ने महज 44 सेकेंड में पिस्टल को खोलकर फिर से बांध दिया। इनके अलावा दरोगा मीर हसन ने एक मिनट में, दरोगा यशदेव शर्मा ने 51 सेकेंड, दरोगा कुलदीप ने पचास सेकेंड में पिस्टल खोलकर फिर से जोड़ दिया। बॉडी प्रोटेक्टर पहन लिया, हेलमेट, एल्गो गार्ड पहनने के अभ्यास को भी परखा गया। शौचालयों की साफ सफाई के निर्देश दिए। साथ ही चौकीदारों को छाता वितरित किए गए।
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