फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   BSP leader Gauhar Iqbal resigns

बसपा नेता गौहर इकबाल ने दिया इस्तीफा

Thu, 08 Aug 2019 11:51 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 08 Aug 2019 11:51 PM IST
विज्ञापन
BSP leader Gauhar Iqbal resigns
बसपा नेता गौहर इकबाल ने दिया इस्तीफा
विज्ञापन

बिजनौर। बसपा सुप्रीमो मायावती के पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की अंतिम यात्रा में शामिल होने पर उनकी पार्टी से चुनाव लड़ चुके गौहर इकबाल ने इस्तीफा दे दिया है। गौहर इकबाल को भाजपा विधायक स्व. लोकेंद्र चौहान की अंतिम यात्रा में शामिल होने पर बसपा सुप्रीमो ने पार्टी से निष्कासित कर दिया था। गौहर इकबाल ने मायावती पर आगामी चुनावों के टिकट देने के नाम पर अभी से पैसे की उगाही करने का और हर मुद्दे पर भाजपा के साथ खड़े होने का आरोप लगाया है।
बसपा सुप्रीमो को भेजे पत्र में गौहर इकबाल ने कहा है कि आज संकट के दौर में खासतौर से मुस्लिम व अनुसूचित समाज अपने को अकेला और ठगा सा महसूस कर रहा है। ऐसे दौर में भी मायावती टिकट के नाम पर 2022 के विधानसभा चुनाव हेतु पैसे की उगाही और अपनी काली संपत्ति को बचाने में लगी हुई हैं। गौहर इकबाल ने लिखा है कि जब जब मुस्लिम समाज पर संकट आया है, उन्होंने मुस्लिमों को अपने से दूर कर लिया। वे 2017 में बसपा के टिकट पर चुनाव लड़े और हार गए। हारने के फौरन बाद उन्होंने उनसे 12 लाख रुपये की मांग की और रुपये न देने पर पार्टी से निष्कासित कर दिया। कुछ समय बाद चंदा लेकर फिर से पार्टी ज्वाइन कराई।
विज्ञापन

कुछ दिन बाद भाजपा विधायक स्व. लोकेंद्र चौहान की अंतिम यात्रा में भाग लेने के कारण उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया गया। अब वे पूर्व विदेशमंत्री सुषमा स्वराज की अंतिम यात्रा में शामिल हुईं तो उन्हें खुद को मिला दंड याद आ गया। गौहर इकबाल ने कहा कि सुषमा स्वराज देश की अच्छी नेता थीं और उन्हें उनकी अंतिम यात्रा में जाना भी चाहिए था। लेकिन भाजपा विधायक की अंतिम यात्रा में शामिल होकर उन्होंने कौन सा गुनाह किया था। गौहर ने लिखा है कि उन्होंने बाबू मुनकाद अली को प्रदेश अध्यक्ष बनाकर केवल अपना दोहरा चरित्र छिपाने की कोशिश की है। मुस्लिम समाज से धन उगाही के लिए उन्होंने बाबू मुनकाद अली और शमशुद्दीन राईन को निकाला है। लेकिन अब मुस्लिम समाज उन्हें पैसे देने वाला नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

पत्र में कहा है कि वे मुस्लिमों को भाजपा का डर दिखाकर वोट लेती हैं और आज हर मुद्दे पर भाजपा के साथ खड़ी हैं। गौहर इकबाल का कहना है कि हो सकता है आने वाले समय में मुस्लिम समाज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ही अपना नेता मान ले। उन्होंने मुस्लिम व अनुसूचित समाज पर मायावती को अपना नेता न मानने व भविष्य में वोट न देने की उम्मीद जताई है। गौहर इकबाल ने कहा कि वे बसपा से इस्तीफा देकर किसी राजनीतिक पार्टी में नहीं जाएंगे। वे अपने देश की एकता व भाईचारे के लिए जल्दी ही कोई कदम उठाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed