{"_id":"5fc684948ebc3e9bc104aa32","slug":"bijendra-iit-roorkee-topper-of-mandaura-in-biotechnology-bijnor-news-mrt5135997173","type":"story","status":"publish","title_hn":"बायो टेक्नोलॉजी में मंडौरा के बिजेंद्र आईआईटी रुड़की टॉपर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बायो टेक्नोलॉजी में मंडौरा के बिजेंद्र आईआईटी रुड़की टॉपर
विज्ञापन
आईआईटी रुड़की में बायोटेक्नोलॉजी में गोल्ड मेडल प्राप्त करने वाले बिजनौर के बिजेंद्र कुमार।
- फोटो : BIJNOR
बायो टेक्नोलॉजी में मंडौरा के बिजेंद्र आईआईटी रुड़की टॉपर
बिजनौर। गांव मंडौरा निवासी बिजेंद्र ने आईआईटी रुड़की में बायो टेक्नोलॉजी में सर्वाधिक 09.06 रैंक प्राप्त करने पर विभाग की ओर से गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया।
नूरपुर क्षेत्र के गांव मंडौरा निवासी बिजेंद्र कुमार बीटेक बायो टेक्नोलॉजी में 09.06 रैंक प्राप्त कर आईआईटी रुड़की का टॉपर रहा। बिजेंद्र के अनुसार कक्षा छह से लेकर इंटरमीडिएट तक की शिक्षा जवाहर नवोदय विद्यालय सैंद्धार में संपन्न हुई, जबकि पांचवीं तक की पढ़ाई गांव मंडौर में ही स्थित प्राथमिक विद्यालय से की। आईआईटी की ओर से वर्ष 2019 में उन्हें इंटर्नशिप हेतु दो माह के लिए ताईवान भेजा गया।
बिजेंद्र के मुुताबिक जिस वर्ष बीटेक में प्रवेश पाया उसी साल पिता की मौत हो गई थी, विपरीत परिस्थितियों में भी उसने धैर्य से काम लेते हुए परिवार की जिम्मेदारी के साथ साथ अपनी पढ़ाई को मन लगाकर पूरा करते हुए मंजिल तक पहुंचा। आईआईटी रुड़की में बायो टेक्नोलॉजी विभाग की ओर से 29 नवंबर को हुए दीक्षांत समारोह में कम्युलेटिव ग्रेड प्वाइंट एवरेज (सीजीपीए) में दस में से 09.06 रैंक प्राप्त करने पर गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया। वर्तमान में वह एक निजी स्वास्थ्य बीमा कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर कार्यरत है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। गांव मंडौरा निवासी बिजेंद्र ने आईआईटी रुड़की में बायो टेक्नोलॉजी में सर्वाधिक 09.06 रैंक प्राप्त करने पर विभाग की ओर से गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया।
नूरपुर क्षेत्र के गांव मंडौरा निवासी बिजेंद्र कुमार बीटेक बायो टेक्नोलॉजी में 09.06 रैंक प्राप्त कर आईआईटी रुड़की का टॉपर रहा। बिजेंद्र के अनुसार कक्षा छह से लेकर इंटरमीडिएट तक की शिक्षा जवाहर नवोदय विद्यालय सैंद्धार में संपन्न हुई, जबकि पांचवीं तक की पढ़ाई गांव मंडौर में ही स्थित प्राथमिक विद्यालय से की। आईआईटी की ओर से वर्ष 2019 में उन्हें इंटर्नशिप हेतु दो माह के लिए ताईवान भेजा गया।
विज्ञापन
बिजेंद्र के मुुताबिक जिस वर्ष बीटेक में प्रवेश पाया उसी साल पिता की मौत हो गई थी, विपरीत परिस्थितियों में भी उसने धैर्य से काम लेते हुए परिवार की जिम्मेदारी के साथ साथ अपनी पढ़ाई को मन लगाकर पूरा करते हुए मंजिल तक पहुंचा। आईआईटी रुड़की में बायो टेक्नोलॉजी विभाग की ओर से 29 नवंबर को हुए दीक्षांत समारोह में कम्युलेटिव ग्रेड प्वाइंट एवरेज (सीजीपीए) में दस में से 09.06 रैंक प्राप्त करने पर गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया। वर्तमान में वह एक निजी स्वास्थ्य बीमा कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर कार्यरत है।
विज्ञापन