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Bijnor News: बिजनौर - जिले में दो दिन में हुई 64.2 एमएम बारिश
Wed, 03 May 2023 12:41 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिजनौर
Updated Wed, 03 May 2023 12:41 AM IST
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नूरपुर क्षेत्र के गांव अस्करीपुर में गेंहू की फसल में भरा बारिश का पानी।
- तीन दिन में अधिकतम तापमान में हुई 7.8 डिग्री सेल्सियस गिरावट
- बारिश से गन्ने की बुवाई प्रभावित, गेहूं की फसल को भी भारी नुकसान
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिले में पिछले तीन दिनों से रुक-रुककर बारिश पड़ रही है। जिले में दो दिन और 21 घंटे में 64.2 एमएम बारिश पड़ी है। जिससे मौसम का मिजाज बदल गया है। लोगों को फिर से ठंड का अहसास होने लगा है। दो दिन में अधिकतम तापमान में 7.8 डिग्री सेल्सियस गिरावट दर्ज हुई है। लगातार हो रही बारिश से जनजीवन भी पूरी तरह अस्तव्यस्त रहा। बारिश के कारण गन्ने की बुवाई प्रभावित हुई है। खेतों में खड़ी गेहूं की पिछेती फसल को बारिश से भारी नुकसान हुआ है।
जिले में मंगलवार रात 12 बजे से लेकर बुधवार दोपहर तीन बजे तक रुक-रुककर बारिश होती रही। बारिश होने से राहगीरों को परेशानी हुई। रविवार और सोमवार को भी बारिश हुई थी। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को 24.6 एमएम और मंगलवार को 39.6 एमएम वर्षा हुई। कुल मिलाकर दो दिन में 64.2 एमएम वर्षा हुई। मंगलवार को अधिकतम तापमान 20.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रविवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। नगीना स्थित कृषि वेधशाला के प्रेषक सतीश कुमार का कहना है कि अभी बारिश की संभावना है। बारिश होने से तापमान में भी गिरावट दर्ज होगी।
13 सालों में नहीं हुई मई के पहले सप्ताह में इतनी बारिश
नगीना स्थित कृषि वेधशाला से मिले आंकड़ों के अनुसार साल 2010 में मई के पहले सप्ताह में 32.4 एमएम बारिश हुई थी। इसके बाद साल 2023 में 64.2 एमएम वर्षा हुई है। जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है पिछले 13 सालों में मई के पहले सप्ताह में इस बार सबसे ज्यादा बारिश हुई है।
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बारिश से काला पड़ सकता है गेहूं : अवधेश मिश्रा
जिला कृषि अधिकारी अवधेश मिश्रा ने बताया कि बेमौसम हुई बारिश से गन्ने की बुवाई और गेहूं की फसल प्रभावित हुई है। गेहूं वाले खेत में किसान पानी भरा नहीं रहने दें। इससे गेहूं काला पड़ सकता है। जिससे बाजार में गेंहू के दाम कम होंगे।
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- बारिश से गन्ने की बुवाई प्रभावित, गेहूं की फसल को भी भारी नुकसान
फोटो समाचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिले में पिछले तीन दिनों से रुक-रुककर बारिश पड़ रही है। जिले में दो दिन और 21 घंटे में 64.2 एमएम बारिश पड़ी है। जिससे मौसम का मिजाज बदल गया है। लोगों को फिर से ठंड का अहसास होने लगा है। दो दिन में अधिकतम तापमान में 7.8 डिग्री सेल्सियस गिरावट दर्ज हुई है। लगातार हो रही बारिश से जनजीवन भी पूरी तरह अस्तव्यस्त रहा। बारिश के कारण गन्ने की बुवाई प्रभावित हुई है। खेतों में खड़ी गेहूं की पिछेती फसल को बारिश से भारी नुकसान हुआ है।
जिले में मंगलवार रात 12 बजे से लेकर बुधवार दोपहर तीन बजे तक रुक-रुककर बारिश होती रही। बारिश होने से राहगीरों को परेशानी हुई। रविवार और सोमवार को भी बारिश हुई थी। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को 24.6 एमएम और मंगलवार को 39.6 एमएम वर्षा हुई। कुल मिलाकर दो दिन में 64.2 एमएम वर्षा हुई। मंगलवार को अधिकतम तापमान 20.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रविवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। नगीना स्थित कृषि वेधशाला के प्रेषक सतीश कुमार का कहना है कि अभी बारिश की संभावना है। बारिश होने से तापमान में भी गिरावट दर्ज होगी।
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13 सालों में नहीं हुई मई के पहले सप्ताह में इतनी बारिश
नगीना स्थित कृषि वेधशाला से मिले आंकड़ों के अनुसार साल 2010 में मई के पहले सप्ताह में 32.4 एमएम बारिश हुई थी। इसके बाद साल 2023 में 64.2 एमएम वर्षा हुई है। जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है पिछले 13 सालों में मई के पहले सप्ताह में इस बार सबसे ज्यादा बारिश हुई है।
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बारिश से काला पड़ सकता है गेहूं : अवधेश मिश्रा
जिला कृषि अधिकारी अवधेश मिश्रा ने बताया कि बेमौसम हुई बारिश से गन्ने की बुवाई और गेहूं की फसल प्रभावित हुई है। गेहूं वाले खेत में किसान पानी भरा नहीं रहने दें। इससे गेहूं काला पड़ सकता है। जिससे बाजार में गेंहू के दाम कम होंगे।