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Bijnor News: राष्ट्रीय लोक अदालत में 45 हजार 394 वादों का हुआ निस्तारण
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- लोक अदालत में दिलाई 25 करोड़ से अधिक समझौता धनराशि
- वसूला पांच लाख 75 हजार 315 रुपये जुर्माना
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन हुआ। इसमें 45 हजार 394 वादों का निस्तारण करते हुए पांच लाख 75 हजार 315 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली गई। 25 करोड़ दो लाख 67 हजार 455 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई गई।
लोक अदालत की अध्यक्षता करते हुए जिला जज एमपी सिंह ने तीन वादों का निस्तारण किया। प्राधिकरण की सचिव नीलू मेनवाल के अनुसार परिवार न्यायालय के न्यायाधीश विनोद कुमार सिंह ने 22 वादों का निस्तारण करते हुए पांच लाख छह हजार रुपये की समझौता धनराशि एवं अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश राजेश्वरी टोलिया ने 30 वादों का निस्तारण करते हुए दो लाख 93 हजार 65 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा 29 वादों का निस्तारण करते हुए एक करोड़ 94 लाख 965 रुपये मुआवजा धनराशि दुर्घटना पीड़िता परिवारों को दिलाई। एडीजे एससी एसटी अवधेश कुमार ने नौ वादों में पांच हजार, एडीजे पॉक्सो पारुल जैन ने 11 वादों में 5500 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली।
प्रभारी अधिकारी स्पेशल जज ईसी एक्ट ने 663 वादों का निस्तारण किया। एडीजे प्रकाशचंद्र शुक्ला ने दो वादों में 24 लाख 15 हजार रुपये समझौता धनराशि दिलाई। लघुवाद न्यायाधीश शिवानंद गुप्ता ने 17 वादों का निस्तारण किया। सीजेएम अभिनव यादव ने 1610 वादों का निस्तारण करते हुए तीन लाख 11 हजार 210 रुपये की जुर्माना धनराशि, एसीजेएम अशुमन धुन्ना ने 11 हजार 550 रुपये जुर्माना वसूला।
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अपर सिविल जज (सीडी) नीलम सरोज ने 248 वादो में 34 लाख 81 हजार 750 रुपये समझौता धनराशि दिलाई। एसीजेएम शोभा भाटी ने 256 वादों में 5150 रुपये की जुर्माना धनराशि, एसीजेएम दीक्षा यादव ने 431 वादों में 13 हजार 340 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली। अपर सिविल जज दीप्ती सिंह ने 468 वादों में एक लाख 92 हजार 675 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई।
सिविल जज जेडी प्रतीक त्रिपाठी ने 135 वादों का निस्तारण करते हुए 10300 रुपये की जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज जेडी ईशा त्रिपाठी ने 283 वादों में 67 लाख 92 हजार 778 रुपये की धनराशि दिलाई। अपर सिविल जज पूजा शर्मा ने 122 वादों का निस्तारण करते हुए 600 रुपये जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज शिशिर श्रीवास्तव ने 166 वादों का निस्तारण करते हुए 10260 रुपये की जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज मोनिका मिश्रा ने 120 वादो का निस्तारण करते हुए 24 हजार रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली।
सिविल जज नगीना विपुल कुमार यादव ने 352 वादों का, सिविल जज नजीबाबाद एकलव्य सरोज ने 628 वादों का, ग्रामीण न्यायालय धामपुर के जज प्रदुमन कुमार मिश्रा ने 30 वादों का, सिविल जज चांदपुर बुशरा खुर्शीद ने 423 वादो का, अपर सिविल जज नजीबाबाद शालिनी ने 342 वादों का, अपर सिविल जज नगीना अन्नु ने 230 वादों का निस्तारण किया।
राजस्व न्यायालयों की ओर से 35,676 वादों का निस्तारण
डीएम अंकित कुमार अग्रवाल के निर्देशन में राजस्व न्यायालयों की ओर से 35,676 वादों का निस्तारण किया गया। बैंकों द्वारा बैंक रिकवरी 1279 वादों का निस्तारण करते हुए 22 करोड़ 39 लाख 75 हजार रुपये की समझौता धनराशि वसूल की गई। लोक अदालत में जिला कारागार बिजनौर एवं प्रेमाधाम आश्रम के सहयोग से प्रदर्शनी का भी आयोजन हुआ। इसमें बंदियों द्वारा निर्मित उत्पाद और प्रेमाधाम द्वारा निर्मित वस्तुओं की बिक्री के स्टॉल लगाए गए।
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- वसूला पांच लाख 75 हजार 315 रुपये जुर्माना
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन हुआ। इसमें 45 हजार 394 वादों का निस्तारण करते हुए पांच लाख 75 हजार 315 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली गई। 25 करोड़ दो लाख 67 हजार 455 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई गई।
लोक अदालत की अध्यक्षता करते हुए जिला जज एमपी सिंह ने तीन वादों का निस्तारण किया। प्राधिकरण की सचिव नीलू मेनवाल के अनुसार परिवार न्यायालय के न्यायाधीश विनोद कुमार सिंह ने 22 वादों का निस्तारण करते हुए पांच लाख छह हजार रुपये की समझौता धनराशि एवं अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश राजेश्वरी टोलिया ने 30 वादों का निस्तारण करते हुए दो लाख 93 हजार 65 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा 29 वादों का निस्तारण करते हुए एक करोड़ 94 लाख 965 रुपये मुआवजा धनराशि दुर्घटना पीड़िता परिवारों को दिलाई। एडीजे एससी एसटी अवधेश कुमार ने नौ वादों में पांच हजार, एडीजे पॉक्सो पारुल जैन ने 11 वादों में 5500 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली।
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प्रभारी अधिकारी स्पेशल जज ईसी एक्ट ने 663 वादों का निस्तारण किया। एडीजे प्रकाशचंद्र शुक्ला ने दो वादों में 24 लाख 15 हजार रुपये समझौता धनराशि दिलाई। लघुवाद न्यायाधीश शिवानंद गुप्ता ने 17 वादों का निस्तारण किया। सीजेएम अभिनव यादव ने 1610 वादों का निस्तारण करते हुए तीन लाख 11 हजार 210 रुपये की जुर्माना धनराशि, एसीजेएम अशुमन धुन्ना ने 11 हजार 550 रुपये जुर्माना वसूला।
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अपर सिविल जज (सीडी) नीलम सरोज ने 248 वादो में 34 लाख 81 हजार 750 रुपये समझौता धनराशि दिलाई। एसीजेएम शोभा भाटी ने 256 वादों में 5150 रुपये की जुर्माना धनराशि, एसीजेएम दीक्षा यादव ने 431 वादों में 13 हजार 340 रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली। अपर सिविल जज दीप्ती सिंह ने 468 वादों में एक लाख 92 हजार 675 रुपये की समझौता धनराशि दिलाई।
सिविल जज जेडी प्रतीक त्रिपाठी ने 135 वादों का निस्तारण करते हुए 10300 रुपये की जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज जेडी ईशा त्रिपाठी ने 283 वादों में 67 लाख 92 हजार 778 रुपये की धनराशि दिलाई। अपर सिविल जज पूजा शर्मा ने 122 वादों का निस्तारण करते हुए 600 रुपये जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज शिशिर श्रीवास्तव ने 166 वादों का निस्तारण करते हुए 10260 रुपये की जुर्माना धनराशि, अपर सिविल जज मोनिका मिश्रा ने 120 वादो का निस्तारण करते हुए 24 हजार रुपये की जुर्माना धनराशि वसूली।
सिविल जज नगीना विपुल कुमार यादव ने 352 वादों का, सिविल जज नजीबाबाद एकलव्य सरोज ने 628 वादों का, ग्रामीण न्यायालय धामपुर के जज प्रदुमन कुमार मिश्रा ने 30 वादों का, सिविल जज चांदपुर बुशरा खुर्शीद ने 423 वादो का, अपर सिविल जज नजीबाबाद शालिनी ने 342 वादों का, अपर सिविल जज नगीना अन्नु ने 230 वादों का निस्तारण किया।
राजस्व न्यायालयों की ओर से 35,676 वादों का निस्तारण
डीएम अंकित कुमार अग्रवाल के निर्देशन में राजस्व न्यायालयों की ओर से 35,676 वादों का निस्तारण किया गया। बैंकों द्वारा बैंक रिकवरी 1279 वादों का निस्तारण करते हुए 22 करोड़ 39 लाख 75 हजार रुपये की समझौता धनराशि वसूल की गई। लोक अदालत में जिला कारागार बिजनौर एवं प्रेमाधाम आश्रम के सहयोग से प्रदर्शनी का भी आयोजन हुआ। इसमें बंदियों द्वारा निर्मित उत्पाद और प्रेमाधाम द्वारा निर्मित वस्तुओं की बिक्री के स्टॉल लगाए गए।