फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bijnor News ›   30 students of high school could not take the exam

परीक्षा नहीं दे सके हाईस्कूल के 30 छात्र

Tue, 06 Feb 2018 11:44 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/ बिजनौर
ब्यूरो, अमर उजाला/ बिजनौर Updated Tue, 06 Feb 2018 11:44 PM IST
विज्ञापन
30 students of high school could not take the exam
धामपुर क्षेत्र के विद्यालय के बाहर प्रदर्शन करते छात्र। - फोटो : अमर उजाला
बिजनौर के धामपुर क्षेत्र के एक स्कूल प्रबंधन की लापरवाही से हाईस्कूल के 30 छात्र-छात्रा प्रवेश पत्र न मिलने के कारण परीक्षा नहीं दे सके। आरोप है कि इस स्कूल की केवल आठवीं तक की मान्यता है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से स्कूल में बिना मान्यता के हाईस्कूल की कक्षा चलाई जा रही थी। परीक्षा से वंचित रहे छात्र-छात्राओं ने प्रबंधन पर धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की।
विज्ञापन
नगीना मार्ग स्थित इस विद्यालय में हाईस्कूल में पढ़ने वाले छात्र अभिषेक कुमार, आयुष गुप्ता, स्वाति, मीनाक्षी, शुभम, सुहेल आदि छात्रों ने बताया कि वे सभी विद्यालय में हाईस्कूल के विद्यार्थी हैं। वह परीक्षा से पहले अपने प्रवेश पत्र लेने के लिए कई बार विद्यालय में आए, लेेकिन उन्हें प्रवेश पत्र नहीं दिए गए। सोमवार तक उन्हें प्रवेशपत्र नहीं मिला तो वह अभिभावकों को साथ लेकर प्रधानाचार्य और प्रबंधक पर धोखाधड़ी का केस करने कोतवाली पहुंचे। लेकिन पुलिस ने मामला शिक्षा विभाग का बताकर उनकी एक नहीं सुनी। मंगलवार को हाईस्कूल का प्रथम पारी में गृह विज्ञान का पेपर था, लेकिन विद्यालय प्रबंधन की लापरवाही से वह परीक्षा नहीं दे सके। इस संबंध में विद्यालय प्रबंध से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन विद्यालय के गेट पर ताला लटका मिला और फोन स्विच आफ मिला।
विज्ञापन
डीआईओएस के माध्यम से कराई जाएगी कार्रवाई : एसडीएम एसडीएम आजाद भगत सिंह का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में आ गया है। डीआईओएस राजेश कुमार को अवगत करा कार्रवाई कराई जाएगी। उधर, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उनके पास कोई नहीं आया। यदि आते तो तत्काल कार्रवाई की जाती।
विज्ञापन
विज्ञापन
जांच के लिए कमेटी गठित, मान्यता खत्म होगी : डीआईओएस डीआईओएस राजेश कुमार का कहना है कि पूरे प्रकरण की जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया है। आरोप सही पाए जाने पर विद्यालय के प्रधानाचार्य और प्रबंधक पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। विद्यालय की मान्यता निरस्त की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed