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मुख्यमंत्री की घोषण के बाद भी नहीं बढ़ाई जा रही हसनपुर मिल की छमता
Updated Thu, 19 Jul 2018 01:01 AM IST
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अमरोहा। किसान दिवस में भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने कहा कि जनपद गन्ना उत्पादन का हब बन चुका है। इसलिए पैदावार को देखते हुए जनपद चीनी मिल की पेराई क्षमता काफी कम है, जो आगामी पराई सत्र में गन्ना किसान, गन्ना विभाग और जिला प्रशासन के लिए बहुत बड़ी चुनौती होगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की घोषणा के बाद भी हसनपुर चीनी मिल की पेराई क्षमता बढ़ाने का काम शुरू नहीं किया गया है। कहा कि चीनी मिलों के अलावा गन्ना पेराई का साधन कोलू है, जो बिजली विभाग की नीतियों घाटे का सौदा बना दिया है। सरकार द्वारा दूध निर्यात पर लगी रोक के कारण दूध के मूल्यों में गिरावट चिंता का विषय है। किसानों का खेती के बाद दूसरा मुख्य उत्पादन दूध का है। किसान हित को देखते हुए दूध और इससे बनी वस्तुओं के निर्यात से लगी रोक को तुरंत हटाया जाए। गन्ना भुगतान न होने के कारण बिजली विभाग द्वारा चलाई गई एकमुश्त समाधान योजना का लाभ किसानों को नहीं मिला पा रहा है। किसानों की मांग है योजना की अवधि को बढ़ाकर इसका लाभ दिया जाए। इस दौरान बृजेश सिंह, चौधरी सुरेंद्र सिंह, चौधरी जयकीरत सिंह डूंगर सिंह, उमेश सिंह, काले सिंह, भगवान सिंह, राजीव सिंह, समरपाल सिंह, हरपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की घोषणा के बाद भी हसनपुर चीनी मिल की पेराई क्षमता बढ़ाने का काम शुरू नहीं किया गया है। कहा कि चीनी मिलों के अलावा गन्ना पेराई का साधन कोलू है, जो बिजली विभाग की नीतियों घाटे का सौदा बना दिया है। सरकार द्वारा दूध निर्यात पर लगी रोक के कारण दूध के मूल्यों में गिरावट चिंता का विषय है। किसानों का खेती के बाद दूसरा मुख्य उत्पादन दूध का है। किसान हित को देखते हुए दूध और इससे बनी वस्तुओं के निर्यात से लगी रोक को तुरंत हटाया जाए। गन्ना भुगतान न होने के कारण बिजली विभाग द्वारा चलाई गई एकमुश्त समाधान योजना का लाभ किसानों को नहीं मिला पा रहा है। किसानों की मांग है योजना की अवधि को बढ़ाकर इसका लाभ दिया जाए। इस दौरान बृजेश सिंह, चौधरी सुरेंद्र सिंह, चौधरी जयकीरत सिंह डूंगर सिंह, उमेश सिंह, काले सिंह, भगवान सिंह, राजीव सिंह, समरपाल सिंह, हरपाल सिंह आदि मौजूद रहे।
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