फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   The workers had decorated the ground, now they have become miserable

मजदूरों ने संवारा था मैदान, अब हो गए बदहाल

Thu, 17 Feb 2022 12:41 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 17 Feb 2022 12:41 AM IST
विज्ञापन
The workers had decorated the ground, now they have become miserable
वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण जब बढ़ा तो कई लोगों का रोजी, रोजगार भी चौपट हो गया। दिल्ली, महाराष्ट्र, गुजरात सहित विभिन्न राज्यों में काम करने वालों की नौकरी चली गई। सबसे ज्यादा समस्या मजदूरों को हुई थी, वहां काम छूटा तो मजदूर घर की तरफ लौटे। यहां उन्हें मनरेगा के तहत काम दिया गया। उन्हीं मजदूरों ने मनरेगा के तहत काम करते हुए सभी ब्लॉकों में एक-एक खेल मैदान को संवारा, लेकिन देखरेख के अभाव में अब वे खेल मैदान बदहाल स्थिति में पहुंच गए हैं। कहीं मैदान में गड्ढे हो गए हैं तो कहीं सुरक्षा की दृष्टि से लगाए गए खंभेही टूट गए हैं।
विज्ञापन

अभोली ब्लॉक के अमिलहरा गांव में मनरेगा के तहत खेल का मैदान बनाया गया था। उद्देश्य था कि यहां खेल कर इलाके के युवा आगे बढ़ेंगे। कुछ दिन पहले ही मनरेगा के तहत यहां कुछ धनराशि खर्च करके सुरक्षा के लिए खंभा लगवाया गया था, लेकिन अब वह भी टूटने लगा है। क्षेत्र के युवा कहते हैं कि यहां यदि देखरेख की गई होती तो आज यह स्थिति पैदा नहीं होती। परमेंद्र कुमार ने कहा कि यहां खेल की कोई सुविधा नहीं है। सुविधाओं का विस्तार करके व्यवस्था मुकम्मल करने की जरूरत है। श्रमिकों ने अपने हाथों से जो काम किया था, उस पर बाद में ध्यान नहीं दिया गया। खेल को बढ़ावा देने के लिए हर ब्लॉक में एक-एक खेल मैदान है। प्रभारी जिला युवा कल्याण अधिकारी दिनेश त्रिपाठी ने बताया कि करीब एक खेल मैदान निर्माण करने में एक हजार से बारह सौ मानव दिवस (मनरेगा कर्मी) लगे थे। सभी ब्लॉकों में 7200 मनरेगा श्रमिकों की मदद से खेल मैदान बनाया गया था। वहां समतलीकरण और मेड़बंदी आदि के कार्य कराए गए थे। आगे भी इन्हें व्यवस्थित करने की योजना है। खेल मैदान बनाने के पीछे उद्देश्य युवाओं को खेलकूद में पारंगत करने और बुजुर्गों केे टहलने के लिए इंतजाम करना था। यहां कबड्डी, वॉलीबॉल सहित अन्य खेलों की व्यवस्था की जानी थी। साथ ही वहां ट्रैक आदि बनाकर सुबह-शाम लोगों के लिए टहलने लायक बनाना था।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed