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होली के रंग में बच्चे से बूढ़े हुए सराबोर
ब्यूरो, भदोही, अमर उजाला
Updated Sun, 08 Mar 2015 01:44 AM IST
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कई इलाकों में युवाओं ने कुर्ताफाड़ होली खेली। ठंडई पीकर लोग फाग गीतों पर झूमते नजर आए। गुझिया और पकवान खाकर लोगों ने एक दूसरे को बधाई दी।
शुक्रवार की सुबह से ही शहर से लेकर गांव का नजारा बदला हुआ दिखा। चट्टी चौराहे से लेकर गांव की पगडंडियो पर लोग चेहरे पर गुलाल लगाते दिखे।
हर वर्ग की अलग-अलग टोली हाथों में अबीर और रंग बिरंगे कलर लेकर गांव-गांव फाग गीत गाते हुए निकली, जो मिला उसी को अबीर लगाकर आशीर्वाद लिया।
सभी के हाथों से उड़ते अबीर और रंग से सड़के भी रंगीन हो गईं। सुबह से लेकर दोपहर तक युवाओं ने जमकर होली खेली। होली खेलने के दौरान लोग एक दूसरे के घर पहुंचकर गुझिया संग अन्य पकवान का आनंद लिया।
होली के रंग में बच्चे से लेकर बूढ़े सब सराबोर रहे। कहीं ढोलक की थाप पर खईके पान बनारस वाला तो कहीं कबीरा सरारा... की गूंज सुनाई दी।
गांव-गांव डीजे के धुन पर युवा थिरकते नजर आए। हुड़दंग और मस्ती के पर्व में लोगों ने ठंडई का जमकर आनंद उठाया। गांव और शहर में कुछ चुनिंदा लोगों के यहां ठंडई का बंदोबस्त भी किया गया था। होलियारों की टोली जब उधर से गुजरती तो एक- एक गिलास ठंडई पीकर जाते।
होली के मौके पर जिले में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी धूम रही। होली के दिन वीरमपुर गांव में सांस्कृतिक कार्यक्रम में कलाकारों ने एक से बढ़कर एक होली गीत प्रस्तुत कर समा बांध दिया।
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भोजपुरी गायक राजेश परदेशी, जिला द्विवेदी एवं गायिका पूजा ने कार्यक्रम के दौरान होली गीत प्रस्तुत कर लोगों को झूमने पर विवश कर दिया। इस दौरान सत्यनारायण पांडेय, राजनारायण शुक्ल, सुभाष शुक्ला, डा. सुरेश, कविता, श्रीकांत शुक्ला, योगेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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शुक्रवार की सुबह से ही शहर से लेकर गांव का नजारा बदला हुआ दिखा। चट्टी चौराहे से लेकर गांव की पगडंडियो पर लोग चेहरे पर गुलाल लगाते दिखे।
हर वर्ग की अलग-अलग टोली हाथों में अबीर और रंग बिरंगे कलर लेकर गांव-गांव फाग गीत गाते हुए निकली, जो मिला उसी को अबीर लगाकर आशीर्वाद लिया।
सभी के हाथों से उड़ते अबीर और रंग से सड़के भी रंगीन हो गईं। सुबह से लेकर दोपहर तक युवाओं ने जमकर होली खेली। होली खेलने के दौरान लोग एक दूसरे के घर पहुंचकर गुझिया संग अन्य पकवान का आनंद लिया।
होली के रंग में बच्चे से लेकर बूढ़े सब सराबोर रहे। कहीं ढोलक की थाप पर खईके पान बनारस वाला तो कहीं कबीरा सरारा... की गूंज सुनाई दी।
गांव-गांव डीजे के धुन पर युवा थिरकते नजर आए। हुड़दंग और मस्ती के पर्व में लोगों ने ठंडई का जमकर आनंद उठाया। गांव और शहर में कुछ चुनिंदा लोगों के यहां ठंडई का बंदोबस्त भी किया गया था। होलियारों की टोली जब उधर से गुजरती तो एक- एक गिलास ठंडई पीकर जाते।
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होली के मौके पर जिले में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी धूम रही। होली के दिन वीरमपुर गांव में सांस्कृतिक कार्यक्रम में कलाकारों ने एक से बढ़कर एक होली गीत प्रस्तुत कर समा बांध दिया।
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भोजपुरी गायक राजेश परदेशी, जिला द्विवेदी एवं गायिका पूजा ने कार्यक्रम के दौरान होली गीत प्रस्तुत कर लोगों को झूमने पर विवश कर दिया। इस दौरान सत्यनारायण पांडेय, राजनारायण शुक्ल, सुभाष शुक्ला, डा. सुरेश, कविता, श्रीकांत शुक्ला, योगेश कुमार आदि मौजूद रहे।