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Bhadohi News: मॉडल गांव के विकास में लापरवाही, 18 सचिवों को अल्टीमेटम
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ज्ञानपुर। गांव को आदर्श बनाना शासन की प्राथमिकता में शामिल है, लेकिन जिले के कुछ सचिव इसे लेकर लापरवाह बने हुए हैं। कई बार चेतावनी के बाद भी सुधार न होने पर सीडीओ डॉ. शिवाकांत द्विवेदी ने हर ब्लॉक से तीन-तीन सचिवों की कुल 18 सचिवों की सूची तलब की है, इनकी स्टेटस रिपोर्ट बहुत खराब है। पंचायत राज विभाग ने उन्हें तीन दिनों का समय दिया। सुधार न होने पर सभी का वेतन रोकने के साथ ही इंक्रीमेंट बाधित करने का अल्टीमेटम दिया।
जिले की 546 ग्राम पंचायतों में 50 गांव कचरा मुक्त हो चुके हैं। इन ग्राम पंचायतों में रिसोर्स रिकवरी सेंटर समेत अन्य व्यवस्थाएं शुरू कर दी गई हैं, लेकिन 300 से अधिक गांव में अभी आरआरसी के निर्माण के साथ अन्य कार्य कराए जा रहे हैं। माॅडल गांव बनाने का काम तेज गति से हो और समय से पूरा हो। इसे लेकर हर सप्ताह शासन के स्तर पर वीडियो कांफ्रेसिंग भी की जा रही है, लेकिन सचिव और प्रधानों की उदासीनता से कई गांव में अब भी विकास कार्य में तेजी नहीं आ पा रही है। पिछले दिनों मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठक में जिले की स्थिति काफी खराब मिली। इसमें स्वच्छ भारत मिशन से लेकर अन्य काम की प्रगति ठीक नहीं मिली। शासन से सख्ती के बाद अब जिला प्रशासन भी लापरवाह अफसरों से लेकर कर्मचारियों पर सख्ती शुरू कर दी गई है। सीडीओ के निर्देश पर पंचायत राज विभाग ने ज्ञानपुर, भदोही, डीघ, अभोली, सुरियावां और औराई ब्लॉक के तीन-तीन खराब प्रगति वाले सचिवों की सूची मांगी है। साथ ही उन्हें तीन दिनों का समय दिया गया है। मॉडल गांव के कार्य में यह सचिव रूचि नहीं ले रहे हैं।
कोट
सचिवों को तीन दिन का समय दिया गया है। अगर वह काम नहीं कराएंगे तो उनका वेतन रोकते हुए इंक्रीमेंट भी रोक दी जाएगी।
संजय मिश्रा, डीपीआरओ
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जिले की 546 ग्राम पंचायतों में 50 गांव कचरा मुक्त हो चुके हैं। इन ग्राम पंचायतों में रिसोर्स रिकवरी सेंटर समेत अन्य व्यवस्थाएं शुरू कर दी गई हैं, लेकिन 300 से अधिक गांव में अभी आरआरसी के निर्माण के साथ अन्य कार्य कराए जा रहे हैं। माॅडल गांव बनाने का काम तेज गति से हो और समय से पूरा हो। इसे लेकर हर सप्ताह शासन के स्तर पर वीडियो कांफ्रेसिंग भी की जा रही है, लेकिन सचिव और प्रधानों की उदासीनता से कई गांव में अब भी विकास कार्य में तेजी नहीं आ पा रही है। पिछले दिनों मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठक में जिले की स्थिति काफी खराब मिली। इसमें स्वच्छ भारत मिशन से लेकर अन्य काम की प्रगति ठीक नहीं मिली। शासन से सख्ती के बाद अब जिला प्रशासन भी लापरवाह अफसरों से लेकर कर्मचारियों पर सख्ती शुरू कर दी गई है। सीडीओ के निर्देश पर पंचायत राज विभाग ने ज्ञानपुर, भदोही, डीघ, अभोली, सुरियावां और औराई ब्लॉक के तीन-तीन खराब प्रगति वाले सचिवों की सूची मांगी है। साथ ही उन्हें तीन दिनों का समय दिया गया है। मॉडल गांव के कार्य में यह सचिव रूचि नहीं ले रहे हैं।
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सचिवों को तीन दिन का समय दिया गया है। अगर वह काम नहीं कराएंगे तो उनका वेतन रोकते हुए इंक्रीमेंट भी रोक दी जाएगी।
संजय मिश्रा, डीपीआरओ