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Bhadohi News: महादेव ने भक्तों के साथ खेली होली, खूब उड़ा अबीर-गुलाल
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ज्ञानपुर/गोपीगंज। फाल्गुन माह शुक्ल पक्ष सोमवार को रंगभरी एकादशी का पर्व परंपरागत तरीके से हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जिले के प्रमुख शिवालय में श्रद्धालुओं ने देवादिधेव महादेव के साथ फूलों की होली खेली। भक्तों ने उन्हें अबीर गुलाल अर्पित किया। हरिहर नाथ, बड़े शिव मंदिर को काशी के फूलों से सजाया गया। मंदिर पर रंग बिरंगें सुगंधित पुष्पों, विद्युत झालरों से आकर्षक सजावट की गई।
रंग-बिरंगी लाइट के रोशनी के बीचों बीच मंदिर पर आने वाला हर श्रद्धालु महादेव की भक्ति में डूबा रहा। मां पार्वती, महादेव को अबीर गुलाल अर्पित करके रंगोत्सव का त्योहार होली खेलने की अनुमति ली।
मंदिर पर पहुंचने वाला हर श्रद्धालु शिव जी रंग गुलाल अर्पित करके मंदिर में होली खेली। महिलाओं ने मंगलगीत गाया। रंग भरी एकादशी के मौके पर सुबह से ही मंदिर पर साज धाज का क्रम शुरु हो गया था।
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शाम चार बजे तक रंब बिरंगे पुष्पों से मंदिर को सजाया गया। भिदिऊरा निवासी आचार्य गणेश पांडेय ने बताया कि ऐसी मान्यता है कि रंग भरी एकादशी मां पार्वती और शिव जी गौना के संस्कार से जुड़ा है। इसी दिन शिव जी मां पार्वती को काशी लेकर आये थे, तभी से यह परंपरा मनाई जाती है।
बाबा बड़े शिव, हनुमान गढ़ी, गोपेश्वरनाथ, सिद्धेश्वरनाथ,मनकामेश्वर नाथ, जोगीबीर, जागेश्वर महादेव, कबूतर नाथ, तिलेश्वरनाथ, पांडवानाथ स्वामी बड़ा देव, धनेश्वर महादेव, कमलेश्वर नाथ धाम सहित जिले के विभिन्न शिवालय में रंग बिरंगे सुगंधित पुष्पों, विद्युत झालरों से आकर्षक सजावट की गई।
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रंग-बिरंगी लाइट के रोशनी के बीचों बीच मंदिर पर आने वाला हर श्रद्धालु महादेव की भक्ति में डूबा रहा। मां पार्वती, महादेव को अबीर गुलाल अर्पित करके रंगोत्सव का त्योहार होली खेलने की अनुमति ली।
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मंदिर पर पहुंचने वाला हर श्रद्धालु शिव जी रंग गुलाल अर्पित करके मंदिर में होली खेली। महिलाओं ने मंगलगीत गाया। रंग भरी एकादशी के मौके पर सुबह से ही मंदिर पर साज धाज का क्रम शुरु हो गया था।
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शाम चार बजे तक रंब बिरंगे पुष्पों से मंदिर को सजाया गया। भिदिऊरा निवासी आचार्य गणेश पांडेय ने बताया कि ऐसी मान्यता है कि रंग भरी एकादशी मां पार्वती और शिव जी गौना के संस्कार से जुड़ा है। इसी दिन शिव जी मां पार्वती को काशी लेकर आये थे, तभी से यह परंपरा मनाई जाती है।
बाबा बड़े शिव, हनुमान गढ़ी, गोपेश्वरनाथ, सिद्धेश्वरनाथ,मनकामेश्वर नाथ, जोगीबीर, जागेश्वर महादेव, कबूतर नाथ, तिलेश्वरनाथ, पांडवानाथ स्वामी बड़ा देव, धनेश्वर महादेव, कमलेश्वर नाथ धाम सहित जिले के विभिन्न शिवालय में रंग बिरंगे सुगंधित पुष्पों, विद्युत झालरों से आकर्षक सजावट की गई।