फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   Consumers' troubles increased due to lack of home delivery

होमडिलेवरी न होने से उपभोक्ताओं की बढ़ी परेशानी

Sun, 14 Nov 2021 12:09 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 14 Nov 2021 12:09 AM IST
विज्ञापन
Consumers' troubles increased due to lack of home delivery
जिले में एलपीजी गैस की कालाबाजारी, घटतौली, होमडिलवरी बंद होने, रिसावयुक्त सिलिंडर देने का मामला तूल पकड़ने लगा है। न एजेंसी संचालकों पर आपूर्ति विभाग का शिकंजा कस पा रहा है और न ही संबंधित पेट्रो कंपनियों के क्षेत्रीय नोडल अधिकारियों का। उपभोक्ताओं ने मामले में की जा रही मनमानी पर रोक लगाने की मांग डीएम से की है।
विज्ञापन

उपभोक्ता राधा देवी ने आरोप लगाया है कि आपूर्ति विभाग के आंकड़े में जिले में कुल 55 एलपीजी गैस एजेंसियां कार्यरत हैं। जो उज्जवला योजना के साथ सामान्य उपभोक्ता को घरेलू, कामर्शियल सिलेंडर देने की जिम्मेदारी संभाली हैं। उर्मिला देवी का आरोप है कि कहने के लिए एजेंसियां हैं लेकिन सुरियावां ब्लाक में खोजने पर नहीं मिलेंगी। पड़ोसी जिला जौनपुर, प्रयागराज, वाराणसी, मिर्जापुर के साथ ब्लाक अभोली, भदोही अंतर्गत कार्यरत एजेंसियों के लोग मजबूरी का लाभ उठाकर मनमानी कर रहे हैं। मीरा देवी, लालती देवी सीधा आरोप लगाया है कि उपभोक्ताओं तक होमडिलवरी के शर्त पर पासबुक बनवाया है, लेकिन कभी होमडिलवरी नहीं हो रही है। एक-दो किलोमीटर दूर स्थित बाजार, तिराहा-चौराहा पर पहुंच कर ही लेना पड़ता है। समस्या उस समय जटिल हो जाती है जब एक-दो किलोग्राम गैस कम और रिसावयुक्त सिलेंडर मिलता है। राजेश कुमार, अशोक कुमार आदि ने आरोप लगाया कि वर्तमान में एलपीजी हर वर्ग की जरुरत बन चुकी है। किसी परिवार में पुरुष वर्ग के न रहने पर अगल-बगल के लोगों से मनुहार कर सिलिंडर मंगाया जाना विवशता रहती है जिसका लाभ एजेंसी संचालक उठाते हैं। एक सप्ताह में समस्या का समाधान न होने पर उपभोक्ता विरोध-प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे।
विज्ञापन

आईओसीएल के क्षेत्रीय नोडल अधिकारी प्रयागराज मो.गुफरान हसीब ने कहा कि भदोही जिले में इण्डेन के कुल तीन लाख उपभोक्ता और 27 एजेंसिया हैं। ऐसे में उपभोक्ता लिकेज के लिए हेल्पलाइन नंबर 1906, अन्य शिकायतों के लिए 9718804395 दर्ज करा सकते हैं। रिसाव से होने वाली घटनाओं के सवाल पर उन्होंने बताया कि 24 घंटे के अंदर नोडल अधिकारी को सूचना मिल जानी चाहिए। तभी उपभोक्ता के हित में मुआवजा मिलना संभव होता है। सेफ्टी क्लीनिक शिविर में उपभोक्ताओं को एलपीजी को चलाने, रखरखाव के लिए जागरुक किया जाता है जो अनलॉक में शीघ्र ही शुरू की जाएगी। यदि एजेंसी संचालक शिकायत का निवारण करने में मनमानी कर रहे हैं तो यह चिंता का विषय है। दो दिन में निरीक्षण कर स्थिति देखी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed