नगर के डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी राजकीय महाविद्यालय में बुधवार को पुरातन छात्र-छात्रा समिति की बैठक हुई। अध्यक्षता करते हुए प्राचार्या प्रो. माया ने कहा कि पुरातन विद्यार्थियों को एक मंच पर लाने और संघ के सुचारु संचालन के लिए उनका पंजीकरण कराया जाएगा। इसके साथ ही उनके संपर्क विवरण संकलित कर महाविद्यालय में सुरक्षित रखे जाएंगे। प्राचार्या ने कहा कि पुरातन छात्र-छात्राएं किसी भी विद्यालय या महाविद्यालय की धरोहर होते हैं। वे जीवन में किसी भी मुकाम पर पहुंचें, अपने शिक्षण संस्थान से उनका जुड़ाव बना रहता है। महाविद्यालय के विकास और विभिन्न कार्यक्रमों में उनकी सहभागिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
बैठक में वर्तमान विद्यार्थियों को शैक्षणिक, करियर और प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित मार्गदर्शन दिलाने पर भी चर्चा हुई। इसके अलावा आगामी समय में पुरातन छात्र-छात्रा सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया गया। इस दौरान संयोजक डॉ. शिखा तिवारी, सह-संयोजक डॉ. रुस्तम अली, सदस्य डॉ. सुजीत कुमार सिंह, डॉ. अनीश कुमार मिश्र, डॉ. ऋत्विक रंजन सिंह, विश्वेश्वर गुप्ता, दिव्यांशु सिंह, ताबिंदा अंसारी, जगत कुमार यादव, आशीष कुमार आदि मौजूद रहे।