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विद्यापीठ की लापरवाही पड़ रही भारी
Updated Wed, 24 Oct 2018 12:49 AM IST
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ज्ञानपुर। काशी विद्यापीठ वाराणसी की लापरवाही एक छात्र के भविष्य पर भारी पड़ने लगी है। केएन पीजी कॉलेज में एमए राजनीति शास्त्र के एक छात्र को एक प्रश्नपत्र में केवल छह अंक देकर फेल दिखा दिया गया, जबकि उत्तरपुस्तिका पर उसे 60 नंबर मिले थे। अब छात्र संशोधित अंकपत्र के लिए विश्वविद्यालय के चक्कर लगा रहा है। रंजीत ठाकुर पुत्र सीता राम केएन पीजी कॉलेज में एमए राजनीति शास्त्र के चतुर्थ सेमेस्टर का छात्र है। उसने बताया कि मई में हुई सेमेस्टर परीक्षा में ‘इंटरनेशनल ऑर्गनाइजेश: चैलेंजेस एंड इश्यूज’ प्रश्नपत्र में उसकी मार्क्सशीट पर केवल छह अंक दिए गए। इसके बाद उसने आरटीआई से अपनी उत्तर पुस्तिका निकलवाई तो उस पर उसे 60 नंबर मिले थे। मामले का खुलासा होने के बाद छात्र ने कुलसचिव से हस्ताक्षर कराकर आवेदन के साथ अंकपत्र गोपनीय कार्यालय में जमा कर दिया। इसके बाद भी कई प्रार्थना पत्र देकर उसने नई मार्क्सशीट निर्गत करने की मांग की लेकिन सुनवाई नहीं हुई। अब छात्र विश्वविद्यालय के चक्कर लगा रहा है। छात्र ने कहा कि वह मानसिक रूप से परेशान हो रहा है, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है। इस संबंध में कॉलेज के प्राचार्य डॉ. पीएन डोंगरे ने कहा कि छात्र का प्रार्थनापत्र विद्यापीठ को अग्रसारित कर दिया गया था। नई मार्क्सशीट बनाने का काम विश्वविद्यालय का है। हो सकता है कंप्यूटर पर डाटा फीड करते समय गलती हो गई हो।
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