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डेंगू से बालिका की मौत, सीएचसी डाक्टरों पर लापरवाही का आरोप
Updated Sun, 21 Oct 2018 12:57 AM IST
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गोपीगंज। डेंगू का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। गोपीगंज में एक और युवती की जान डेंगू से चली गई। नगर की नोनियान गली निवासी युवती के हफ्तेभर तक बुखार से पीड़ित रहने के बाद भी जब सेहत में सुधार नहीं हुआ तो परिजनों ने जांच कराई तो डेंगू के लक्षण मिले। इसके बाद उसे बीएचयू ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया। वहां भी हालत में सुधार न होने पर चिकित्सकों ने जवाब दे दिया। बृहस्पतिवार की देर रात उसने दम तोड़ दिया। नगर के नोनियान गली निवासी अंजनी (18) एक हफ्ते से बुखार से पीड़ित चल रही थी। युवती के पिता मिठाई लाल चौहान ने बताया कि एक हफ्ते पूर्व सीएचसी से दवा ली गई थी। तबीयत में सुधार न होने पर उसे सीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां तीन दिन तक बिना जांच के चिकित्सक उसका उपचार करते रहे। इसके बाद भी हालत बिगड़ती गई तो परिजन उसे बीएचयू लेकर चले गए। परिजनों ने बताया कि बीएचयू में उसकी जांच हुई तो डेेंगू की पुष्टि हुई। हालांकि चिकित्सकों ने जांच में देरी की बात कहकर केस को नियंत्रण से बाहर बताया और उसे घर ले जाने की सलाह दे दी। चिकित्सक की सलाह पर परिजन पीड़ित बालिका को लेकर घर लौट आए। बृहस्पतिवार की देर रात उसकी मौत हो गई। मिठाई लाल का आरोप है कि अगर सीएचसी में ठीक से जांच और उपचार हुआ होता तो उसकी जान बचाई जा सकती थी। सीएचसी अधीक्षक डॉ. आशुतोष पांडेय ने कहा कि मामले की जांच कराएंगे। अगर इसमें चिकित्सकों की लापरवाही सामने आएगी तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि जिले में डेंगू का प्रकोप गहराता जा रहा है। अब तक सीएचसी के एक चिकित्सक समेत पांच लोगों की मौत हो चुकी है।
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