{"_id":"5be87deabdec22233165e5f9","slug":"151541963242-bhadohi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जयंती पर मौलाना अबुल कलाम को खिराजे अकीद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जयंती पर मौलाना अबुल कलाम को खिराजे अकीद
Updated Mon, 12 Nov 2018 12:41 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भदोही। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी तथा देश के प्रथम शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आजाद की जयंती पर शहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उन्हें याद किया। मशाल रोड स्थित पार्टी के कैंप कार्यालय पर जुटे कार्यकर्ताओं ने उन्हें खिराजे अकीदत पेश करते हुए उनकी नीतियों को अपनाने का संकल्प लिया गया। इस दौरान उनके चित्र पर अकीदत के फूल का नजराना पेश किया गया।कांग्रेस नेता मुशीर इकबाल ने कहा कि प्रथम शिक्षा मंत्री के रूप में मौलाना अबुल कलाम आजाद ने राष्ट्र को दिशा दी। वे आज हमारे बीच नही रहे लेकिन उनकी नीतियां और उनके संकल्प हमेशा याद रहेंगे। उनकी नीतियां अपनाने पर जोर दिया गया। पीसीसी सदस्य मसूद आलम ने कहा कि मौलाना ने राष्ट्र के सांप्रदायिक सौहार्द को कायम रखने में महान कार्य किए। वे सभी संप्रदायों को साथ लेकर चले। जिला काग्रेस उपाध्यक्ष कमर मलिक ने कहा कि मौलाना आजाद देश के बंटवारे के खिलाफ थे। बंटवारे के समय नई दिल्ली के जामा मस्जिद से मुसलमानों से भारत में ही रहने की अपील की थी।
बैठक में उनकी जीवनी पर प्रकाश डाला गया। बताया गया कि मौलाना का जन्म अरब मुल्क के मक्का शहर मे 11 नवंबर 1888 को हुआ था और निधन 22 फरवरी 1958 को नई दिल्ली मे हुआ। करम चंद बिंद, निजामुद्दीन मंसूरी, स्वालेह अंसारी, अरशद मलिक, उपेंद्रनाथ, मो.मोहसिन, शमशाद अहमद, दिनेश चौरसिया, शेख मो.असलम, मो.शाह आलम (एडवोकेट), अब्दुल अलीम, मो. शमीम हाशमी, अफजल हसन, तौफीक अहमद, बद्री प्रसाद पटवा, शफीक अंसारी आदि रहे।
विज्ञापन
बैठक में उनकी जीवनी पर प्रकाश डाला गया। बताया गया कि मौलाना का जन्म अरब मुल्क के मक्का शहर मे 11 नवंबर 1888 को हुआ था और निधन 22 फरवरी 1958 को नई दिल्ली मे हुआ। करम चंद बिंद, निजामुद्दीन मंसूरी, स्वालेह अंसारी, अरशद मलिक, उपेंद्रनाथ, मो.मोहसिन, शमशाद अहमद, दिनेश चौरसिया, शेख मो.असलम, मो.शाह आलम (एडवोकेट), अब्दुल अलीम, मो. शमीम हाशमी, अफजल हसन, तौफीक अहमद, बद्री प्रसाद पटवा, शफीक अंसारी आदि रहे।
विज्ञापन