{"_id":"5c51e941bdec22739950bff3","slug":"101548872001-bhadohi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मान्यवर के सपनों पर किराए की चादर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मान्यवर के सपनों पर किराए की चादर
विज्ञापन
विज्ञापन
ज्ञानपुर। सूबे की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती के गुरु कांशीराम की स्मृति में कंसापुर में 2008 में बने कांशीराम शहरी आवासों की हालत बिगड़ चुकी है। लालच में कुछ लाभार्थियों ने कमरे किराए पर दे रखे हैं तो कुछ अराजक किस्म के लोगों ने भी वहां अपना ठिकाना बना लिया है। इससे वहां रहने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पूर्व में कुछ आवंटियों ने इसकी शिकायत भी की, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
बसपा सरकार में शहरी गरीबों को आवास मुहैया कराने के लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती ने अपने राजनीतिक गुरु स्व. कांशीराम की स्मृति में मान्यवर कांशीराम शहरी निर्बल आवास योजना लागू की थी। उस दौरान ज्ञानपुर नगर के कंसापुर क्षेत्र में करीब 29 करोड़ की लागत से 1500 आवास बनाए गए। जनपद के घोसिया, खमरिया, भदोही, सुरियावां नगर पंचायत से शहरी गरीबों का चयन कर आवास आवंटन किया गया। 24 से अधिक आवास घूमंतू किस्म के वनवासियों को आवंटित किया गया। कुछ दिन आवासों में रहने के बाद वनवासी अपने आवासों को छोड़कर चले गए। खाली पड़े आवासों को कुछ लोगों ने किराए पर दे दिया। आवास के ब्लाक नंबर 33, 54, 45, 87 के कुछ कमरों को किराया पर दिया गया है। सबसे खास बात यह है कि जिन लोगों को किराए पर आवास दिए गए हैं, वह गैर जनपद के रहने वाले हैं। इनकी गतिविधियों के बारे में कालोनी के लोगों को संदेह है। उनका कहना है कि यह कभी भी किसी घटना को अंजाम दे सकते हैं। उधर, एएसपी डा. संजय कुमार का कहना है कि आवास में किसी संदिग्ध के रहने की शिकायत उनके पास नहीं आई है, हालांकि इसे दिखवाया जाएगा। कोइ भी संदिग्ध मिलेगा तो कार्रवाई की जाएगी।
ब्लॉकों में भरा पानी, कूड़ों का लगा ढेर
ज्ञानपुर। कांशीराम आवास के आसपास साफ-सफाई नहीं होने से गंदगी का अंबार लग गया है। प्रधानमंत्री के स्वच्छता मिशन को आवास की कालोनियां आइना दिखा रही है। नगर पंचायत की ओर से सफाई के नाम पर खानापूर्ति की जाती है। इससे कालोनी वासियों में गहरी नाराजगी है। बनाए गए 1500 कांशीराम आवास में कई ब्लॉकों में एक से दो फीट पानी भर गया है। इसके अलावा जगह-जगह कूड़ा का ढेर भी लगा है। यहां से उठने वाली दुर्गंध से आवंटियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कालोनी के रामजीत, संतोष, रजनीश ने इसको लेकर नगर पंचायत को कई बार प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन उस पर कुछ नहीं हो सका। अधिशासी अधिकारी ज्ञानपुर राजेंद्र दूबे ने कहा कि आवास परिसर में गदंगी का मामला संज्ञान में है। कर्मचारी भेजकर उसे साफ कराया जाएगा।
बसपा सरकार में शहरी गरीबों को आवास मुहैया कराने के लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती ने अपने राजनीतिक गुरु स्व. कांशीराम की स्मृति में मान्यवर कांशीराम शहरी निर्बल आवास योजना लागू की थी। उस दौरान ज्ञानपुर नगर के कंसापुर क्षेत्र में करीब 29 करोड़ की लागत से 1500 आवास बनाए गए। जनपद के घोसिया, खमरिया, भदोही, सुरियावां नगर पंचायत से शहरी गरीबों का चयन कर आवास आवंटन किया गया। 24 से अधिक आवास घूमंतू किस्म के वनवासियों को आवंटित किया गया। कुछ दिन आवासों में रहने के बाद वनवासी अपने आवासों को छोड़कर चले गए। खाली पड़े आवासों को कुछ लोगों ने किराए पर दे दिया। आवास के ब्लाक नंबर 33, 54, 45, 87 के कुछ कमरों को किराया पर दिया गया है। सबसे खास बात यह है कि जिन लोगों को किराए पर आवास दिए गए हैं, वह गैर जनपद के रहने वाले हैं। इनकी गतिविधियों के बारे में कालोनी के लोगों को संदेह है। उनका कहना है कि यह कभी भी किसी घटना को अंजाम दे सकते हैं। उधर, एएसपी डा. संजय कुमार का कहना है कि आवास में किसी संदिग्ध के रहने की शिकायत उनके पास नहीं आई है, हालांकि इसे दिखवाया जाएगा। कोइ भी संदिग्ध मिलेगा तो कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
ब्लॉकों में भरा पानी, कूड़ों का लगा ढेर
ज्ञानपुर। कांशीराम आवास के आसपास साफ-सफाई नहीं होने से गंदगी का अंबार लग गया है। प्रधानमंत्री के स्वच्छता मिशन को आवास की कालोनियां आइना दिखा रही है। नगर पंचायत की ओर से सफाई के नाम पर खानापूर्ति की जाती है। इससे कालोनी वासियों में गहरी नाराजगी है। बनाए गए 1500 कांशीराम आवास में कई ब्लॉकों में एक से दो फीट पानी भर गया है। इसके अलावा जगह-जगह कूड़ा का ढेर भी लगा है। यहां से उठने वाली दुर्गंध से आवंटियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कालोनी के रामजीत, संतोष, रजनीश ने इसको लेकर नगर पंचायत को कई बार प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन उस पर कुछ नहीं हो सका। अधिशासी अधिकारी ज्ञानपुर राजेंद्र दूबे ने कहा कि आवास परिसर में गदंगी का मामला संज्ञान में है। कर्मचारी भेजकर उसे साफ कराया जाएगा।
विज्ञापन